मुरादाबाद : मुरादाबाद के थाना छजैलट क्षेत्रान्तर्गत ग्राम मथाना में हुए डबल हत्याकांड (दम्पत्ति हत्या) के राज से पुलिस ने पर्दा उठा दिया है। मृतक के बेटे और बहू ने ही जमीन के लालच में हत्या कराई थी| थाना छजैलट क्षेत्रान्तर्गत ग्राम मथाना निवासी खानचन्द और उनकी पत्नी बब्ली (वृद्ध दंपती) की हत्या का खुलासा कर पुलिस ने घटना कारित करने वाले 6 हत्यारोपियों को गिरफ्तार कर लिया है|
4 मार्च को थाना छजलैट क्षेत्रान्तर्गत ग्राम मथाना में ईख के खेत में दम्पत्ति (पति-पत्नी) के शव बरामद हुये थे। जिनकी शिनाख्त खानचन्द पुत्र कल्लू सिंह व बब्ली उर्फ बल्लो पत्नी खानचन्द निवासी ग्राम मथाना थाना छजैलट, मुरादाबाद के रुप में हुयी । जिसके सम्बन्ध में 5 मार्च को पीड़ित जयपाल सिंह पुत्र खानचन्द ने अज्ञात लोगों द्वारा पिता खानचन्द पुत्र कल्लू सिंह व मां बब्ली उर्फ बल्लो देवी की हत्या कर देने के सम्बन्ध में थाना छजलैट पर दी गयी तहरीर के आधार पर मामला दर्ज किया गया था।
डबल हत्याकांड का शीघ्र खुलासा कर संलिप्त अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, मुरादाबाद के निर्देशन में, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण एवं क्षेत्राधिकारी कांठ, मुरादाबाद के नेतृत्व एवं पर्यवेक्षण में थाना छलजैट पुलिस एवं एसओजी की संयुक्त टीम गठित की गयी।
उक्त के क्रम में थाना छजलैट पुलिस एवं एसओजी की संयुक्त टीम द्वारा प्रभावी विवेचनात्मक कार्रवाई करते हुये उक्त घटना का अनावरण कर आज घटना कारित करने वाले अभियुक्तगण ,बृजपाल चौहान पुत्र खानचन्द्र, माया चौहान पत्नी बृजपाल , राजेन्द्र सिंह गुर्जर पुत्र रामचन्द्र , वीरू उर्फ वीरभान पुत्र भूरे सिंह गुर्जर , सचिन गुर्जर पुत्र ओमवीर सिंह और गोलू उर्फ तुषार यादव पुत्र सत्यपाल ग्राम मथाना छजलैट, मुरादाबाद को गिरफ्तार किया गया है तथा हत्या में प्रयुक्त गमछा बरामद किया गया।
बहू ने सास- ससुर को मारने के लिए 4 लाख में दी थी सुपारी
गिरफ्तार अभियुक्तगण ने पूछताछ पर बताया है कि अभियुक्त गोल उर्फ तुषार यादव व वीरु उर्फ वीरभान का अभियुक्त बजपाल चौहान पत्र खानचन्द के घर पर खूब आना जाना व खाना पीना था तभी एक दिन वीरु उर्फ वीरभान व गोलू उर्फ तुषार उपरोक्त से बृजपाल और उसकी पत्नी माया ने कहा कि उसके ससुर खानचन्द पर जो जमीन है उसमें से 06 बीघे जमीन माया व बृजपाल के हिस्से में आती है, जिसकी कीमत लगभग 90 लाख रुपये है, लेकिन अभी सारी जमीन उसके ससुर खानचन्द के नाम है। जब तक ससुर खानचन्द व सास जीवित रहेंगे तब तक यह जमीन इनके नाम रहेगी| इसलिए तुम दोनो अन्य लोगो को साथ लेकर ससुर और सास की हत्या करा दो। तुमको दोनो सास, ससुर को मारने के लिए 04 लाख रुपये दे देंगे और फिलहाल 50,000/- रुपये दिये देते हैं। बाकी का पैसा हत्या होने के बाद आपको दे देंगे।
4 मार्च को खानचन्द व बब्ली उर्फ बल्लो की कर दी थी हत्या
इसी योजना के तहत वीरभान उर्फ वीरु ने राजेन्द्र पुत्र रामचन्द्र से सम्पर्क किया, फिर राजेन्द्र ने सचिन से सम्पर्क किया और बृजपाल के घर पर उक्त सभी अभियुक्तों ने बृजपाल के पिता खानचन्द व माता बब्ली उर्फ बल्लो की खेत पर हत्या करने की योजना बनायी। इसी षडयन्त्र के द्वारा 1-राजेन्द्र सिंह गुर्जर, 2-वीरू उर्फ वीरभान, 3-सचिन गुर्जर, 4-गोलू उर्फ तुषार यादव ने मिलकर 4 मार्च को लगभग समय 09.00 बजे सुबह को खानचन्द पुत्र कल्लू सिंह का गमछा से गला घोटकर व बब्ली उर्फ बल्लो का उसकी साड़ी के पल्लू से गला घोटकर हत्या कर दी थी।
गिरफ्तार अभियुक्त:
1-राजेन्द्र सिंह गुर्जर पुत्र रामचन्द्र निवासी ग्राम लाडलाबाद थाना कांठ, मुरादाबाद
2-वीरू उर्फ वीरभान पुत्र भूरे सिंह गुर्जर निवासी बेगमपुर थाना कांठ, मुरादाबाद
3-सचिन गुर्जर पुत्र ओमवीर सिंह निवासी ग्राम सिरसा ठाठ थाना कांठ, मुरादाबाद
4-गोलू उर्फ तुषार यादव पुत्र सत्यपाल निवासी ग्राम मथाना थाना छजलैट, मुरादाबाद
5-बृजपाल चौहान पुत्र खानचन्द्र निवासी ग्राम मथाना थाना छजलैट, मुरादाबाद
6-श्रीमती माया चौहान पत्नी बृजपाल निवासी ग्राम मथाना छजलैट, मुरादाबाद
ममला?
छजलैट थाना क्षेत्र के मथाना गांव निवासी खानचंद किसान थे। परिवार में पत्नी बबली के साथ ही दो बेटे और दो बेटियां हैं। दंपति सभी बच्चों की शादी कर चुके थे। खानचंद और उनकी पत्नी बबली छोटे बेटे जयपाल के साथ रहते थे। छोटे बेटे ने पुलिस को बताया था कि शुक्रवार को सुबह करीब साढ़े आठ बजे माता-पिता बैलगाड़ी से पशुओं के लिए चारा लेने के लिए गन्ने के खेत में गए थे। वह प्रतिदिन दोपहर में आ जाते थे,लेकिन शाम तक जब दोनों नहीं आए तो उन्हें चिंता हुई।
जयपाल ने बताया था कि वह मुरादाबाद स्थित एक निजी स्कूल में गार्ड की नौकरी करता है। पत्नी का फोन आने पर ड्यूटी पूरी करने के बाद वह घर पहुंच गया। इसके बाद पिता को खोजने के लिए खेत पर गया। इस दौरान देखा कि गन्ने के खेत के पास बैलगाड़ी खड़ी थी,और उसमें दोनो बैल बंधे हुए थे। आस-पास देखने पर जब दोनों नहीं दिखाई दिए,तो वह खेत के अंदर चला गया। वहां पर उसने माता-पिता के शव पड़े हुए देखे। घबरा कर वह मौके से गांव में पहुंचा और प्रधान के साथ ही पुलिस को जानकारी दी।
सूचना मिलने के बाद छजलैट थाना प्रभारी रामप्रताप सिंह पुलिस बल व फारेंसिक टीम के साथ घटना स्थल पर पहुंचे। फारेंसिक टीम ने आस-पास के क्षेत्र से साक्ष्य संकलन की कार्रवाई की। अफसरों ने स्वजन को बुलाकर मामले की जानकारी ली थी। लेकिन स्वजन ने किसी से दुश्मनी होने से इन्कार कर दिया था। एसएसपी ने बताया था कि पोस्टमार्टम के लिए दोनों शवों को भेजा गया। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
परिवार ने रंजिश से किया इन्कार,बड़े बेटे से नहीं होती थी बातचीत
गन्ने के खेत में वृद्ध दंपती का शव मिलने से पूरे गांव में मातम छा गया था। ग्रामिणों ने बताया था कि परिवार में कोई विवाद नहीं था। दोनोंं बेटे अलग-अलग रहते हैं। जबकि दो बेटियां सुनीता और राखी की शादी हो चुकी है। मृतक के दोनों पुत्र बृजपाल और जयपाल निजी सुरक्षा गार्ड हैं। दोनों अलग-अलग स्थानों में मुरादाबाद में नौकरी करते हैं। परिवार के लोगों ने किसी से रंजिश होने से इन्कार किया था। हालांकि पुलिस की पूछताछ में स्वजन ने स्वीकार किया कि माता-पिता की बड़े बेटे बृजपाल से बातचीत नहीं होती थी। दोनों छोटे बेटे जयपाल पर भरोसा करते थे और उसी के साथ रहते थे।
खेत में अलग-अलग पड़े मिले शव,नाक से निकल रहा था खून
दोनों के शरीर में चोट के कोई निशान नहीं मिले थे। लेकिन खेत में शव एक ही स्थिति में 50-50 मीटर की दूरी पर पड़े हुए मिले थे। पुलिस के अनुसार दोनों की नाक से खून निकल रहा था। तलाशी के दौरान खानचंद की जेब से सात हजार रुपये की नकदी भी बरामद हुई थी। वहीं घास काटने का हसिया भी कुछ दूरी पर पड़ा मिला था। जिस तरह से शव मिले और चोट के निशान भी नहीं मिले|