मुंबई: शिवसेना नेता संजय राउत ने दावा किया कि उन्हें भी गुवाहाटी जाने का ऑफर मिला था| संजय राउत ने कहा,'''मुझे भी गुवाहाटी जाने का प्रस्ताव मिला था लेकिन मैं बालासाहेब ठाकरे का अनुसरण करता हूं इसलिए मैं वहां नहीं गया। जब सच्चाई आपके पक्ष में है, तो डर क्यों है?
संजय राउत ने कहा,'इस देश का एक ज़िम्मेदार नागरिक, सांसद होने के नाते मेरा ये कर्तव्य है कि जब देश की कोई भी जांच एजेंसी मुझे बुलाती है तो मैं उनके समक्ष जाकर बयान दूं। मुझे बुलाया गया, लोगों के मन में कुछ शंका है कि ये राजनीतिक दबाव में हुआ है, ऐसी कोई बात नहीं है|
राउत ने कहा,'उनके मन में शंका थी, टाइमिंग की थोड़ी समस्या है कि यही टाइमिंग क्यों रखी। 10 घंटे तक मैं उनके साथ रहा, अधिकारी बहुत अच्छे से मेरे साथ पेश आए। मैंने सभी प्रश्नों का उत्तर दिया। मैंने उन्हें कहा कि अगर आपको लगता है कि मुझे वापस आना चाहिए तो मैं फिर आ जाऊंगा|
जिन्हें सब कुछ दिया 'वो' साथ छोड़ गए, जिन्हें कुछ नहीं दिया 'वो' साथ: बोले उद्धव ठाकरे
गौरतलब है कि शिवसेना विधायकों द्वारा बगावत किए जाने से राज्य में राजनीतिक अस्थिरता निर्माण हो गई थी। महाराष्ट्र एमएलसी चुनाव के दिन 20 जून, 2022 को शिवसेना के नेता एकनाथ शिंदे अपने पार्टी यानी शिवसेना विधायकों को लेकर सूरत (गुजरात) चले गए थे| मंगलवार तक सूरत के एक पांच सितारा होटल में रहे| बुधवार ,22 जून, 2022 को सुबह एकनाथ शिंदे विधायकों के साथ गुवाहाटी पहुंच गए थे|
अमित शाह ने अपना वादा निभाया होता तो:शिवसेना