नई दिल्ली:प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (AMU) के शताब्दी समारोह में हिस्सा लिया। अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (AMU) के शताब्दी समारोह में पीएम नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए डाक टिकट जारी किया।इस अवसर पर एएमयू के चांसलर सैयदना मुफदालल सैफुद्दीन और केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक भी उपस्थित थे।
इस दौरान पीएम मोदी ने कहा,''कोरोना के इस संकट के दौरान भी AMU ने जिस तरह समाज की मदद की, वो अभूतपूर्व है। हज़ारों लोगों का मुफ्त टेस्ट करवाना, आइसोलेशन वार्ड बनाना, प्लाज्मा बैंक बनाना और पीएम केयर फंड में बड़ी राशि का योगदान देना, समाज के प्रति आपके दायित्वों को पूरा करने की गंभीरता को दिखाता है
उन्होंने कहा,''बीते 100 वर्षों में AMU ने दुनिया के कई देशों से भारत के संबंधों को सशक्त करने का भी काम किया है। उर्दू, अरबी और फारसी भाषा पर यहाँ जो रिसर्च होती है, इस्लामिक साहित्य पर जो रिसर्च होती है, वो समूचे इस्लामिक वर्ल्ड के साथ भारत के सांस्कृतिक रिश्तों को नई ऊर्जा देती है|
पीएम मोदी ने कहा,आज एएमयू से तालीम लेकर निकले सारे लोग भारत के सर्वश्रेष्ठ स्थानों पर ही नहीं बल्कि दुनिया के सैकड़ों देशों में छाए हुए हैं। एएमयू के पढ़े लोग दुनिया में कहीं भी हों, भारत की संस्कृति का प्रतिनिधित्व करते हैं|
उन्होंने कहा,'पहले मुस्लिम बेटियों का स्कूल ड्रॉपआउट रेट 70% से ज़्यादा था वो अब घटकर करीब-करीब 30% रह गया है। पहले लाखों मुस्लिम बेटियां शौचायल की कमी की वजह से पढ़ाई छोड़ देती थीं, अब हालात बदल रहे हैं। मुस्लिम बेटियों का ड्रॉपआउट रेट कम से कम हो इसके लिए केंद्र सरकार प्रयास कर रही है: PM
पीएम मोदी ने कहा,''आज देश जो योजनाएँ बना रहा है वो बिना किसी मत मजहब के भेद के हर वर्ग तक पहुँच रही हैं। बिना किसी भेदभाव, 40 करोड़ से ज्यादा गरीबों के बैंक खाते खुले। बिना किसी भेदभाव, 2 करोड़ से ज्यादा गरीबों को पक्के घर दिए गए। बिना किसी भेदभाव 8 करोड़ से ज्यादा महिलाओं को गैस मिला|बिना किसी भेदभाव आयुष्मान योजना के तहत 50 करोड़ लोगों को 5 लाख रुपए तक का मुफ्त इलाज संभव हुआ। जो देश का है वो हर देशवासी का है और इसका लाभ हर देशवासी को मिलना ही चाहिए, हमारी सरकार इसी भावना के साथ काम कर रही है: PM
उन्होंने कहा,'सरकार higher education में number of enrollments बढ़ाने और सीटें बढ़ाने के लिए भी लगातार काम कर रही है। वर्ष 2014 में हमारे देश में 16 IITs थीं। ??ज 23 IITs हैं। वर्ष 2014 में हमारे देश में 9 IIITs थीं। आज 25 IIITs हैं। वर्ष 2014 में हमारे यहां 13 IIMs थे। आज 20 IIMs हैं| Medical education को लेकर भी बहुत काम किया गया है। 6 साल पहले तक देश में सिर्फ 7 एम्स थे। आज देश में 22 एम्स हैं। शिक्षा चाहे Online हो या फिर Offline, सभी तक पहुंचे, बराबरी से पहुंचे, सभी का जीवन बदले, हम इसी लक्ष्य के साथ काम कर रहे हैं|
पीएम मोदी ने कहा,समाज में वैचारिक मतभेद होते हैं, लेकिन जब बात राष्ट्रीय लक्ष्यों की प्राप्ति की हो, तो हर मतभेद किनारे रख देने चाहिए। जब आप सभी युवा साथी इस सोच के साथ आगे बढ़ेंगे तो ऐसी कोई मंजिल नहीं, जो हम हासिल न कर सकें| हमें समझना होगा कि सियासत सोसाइटी का अहम हिस्सा है। लेकिन सोसाइटी में सियासत के अलावा भी दूसरे मसले हैं। सियासत और सत्ता की सोच से बहुत बड़ा, बहुत व्यापक किसी देश का समाज होता है।