पटना: राष्ट्रीय जनता दल नेता तेजस्वी यादव ने बिहार की एनडीए सरकार पर जोरदार हमला बोला है| उन्होंने कहा कि बिहार में कानून व्यवस्था और सरकार संचालन की स्थिति बद से बदतर हो गई है। राज्य के भाजपा नेताओं को डबल इंजन सरकार पर भरोसा नहीं रहा इसलिए केन्द्र सरकार उन्हें 'Y श्रेणी' की सुरक्षा प्रदान की है| भाजपा के अधिकांश नेताओं को अपनी ही डबल इंजन सरकार, गृहमंत्री, गृह विभाग और बिहार पुलिस पर भरोसा नहीं है।
तेजस्वी यादव ने अपने बयान में कहा कि,'' बिहार में कानून व्यवस्था और सरकार संचालन की स्थिति बद से बदतर हो गई है। सरकार के अंदर ही जब स्थिति इस सीमा तक अविश्वासपूर्ण, अराजक और विस्फोटक हो गई हो कि भाजपा के उपमुख्यमंत्री, मंत्रियों, विधायकों व सांसदो को अपनी ही राज्य सरकार की पुलिस, विधि व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था पर यक़ीन नहीं रहा तो कहा ही क्या जाए? भाजपा के अधिकांश नेताओं को केंद्र सरकार ने Y श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की है क्योंकि उन्हें अपनी ही डबल इंजन सरकार, गृहमंत्री, गृह विभाग और बिहार पुलिस पर भरोसा नहीं है।
तेजस्वी ने कहा कि,जो उपमुख्यमंत्री, भाजपाई मंत्री, विधायक और सांसद स्वयं की सरकार में सुरक्षित नहीं महसूस करता है वह जनता को क्या खाक सुरक्षा का अहसास कराएगा? जनता की गाढ़ी कमाई के दम पर केंद्रीय सुरक्षा बलों से स्वयं की सुरक्षा करवाना ही इन बुज़दिल डरपोक भाजपाईयों का संस्कार और इतिहास है?
उन्होंने कहा कि,''NDA के नेता चुनावों में सुशासन की सरकार बताते हैं, वही चुनाव बाद आरोप-प्रत्यारोप, सिरफुटौव्वल, मान-मनव्वल, गाली-गलौज, छुरा-भोंक, दोषारोपण और छींटाकशी का माहौल बनाए रहते हैं।
पर अब हद तो यह हो गई है कि भाजपा के विधायक अपनी शानो-शौकत व सुरक्षा के लिए राजकीय सुरक्षा बलों के बजाय केंद्रीय सुरक्षा बलों की शरण में जा छुपे हैं। केंद्र सरकार बताए कि उसने बिहार में भाजपा के ही जंगलराज से प्रताड़ित बिहार के दर्जनों भर छुटभैये भाजपाई नेताओं को केंद्रीय सुरक्षा प्रदान क्यों की है?
क्या करदाताओं की खून-पसीने की कमाई इन भाजपाई नेताओं का शौक़ पूरा करने के लिए है? क्या प्रधानमंत्री चुनाव में इसी मंगलराज की बात करते थे कि बिहार के सैकड़ों नेताओं को केंद्रीय सुरक्षा दी जाएगी? बिहार के स्थानीय नेताओं को केंद्रीय सुरक्षा देने का सीधा अर्थ यह है कि बिहार में भाजपा प्रायोजित संरक्षित व संपोषित गुंडाराज, जंगलराज और राक्षसराज अब भाजपा के ही हाथ से बेक़ाबू है एवं इन्हें अब अपनी ही बिहार सरकार पर भरोसा नहीं। जंगलराज का झूठा राग अलापते-अलापते इन्होंने स्वयं ही महाजंगलराज ला दिया है।