नई दिल्ली : समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री जी जिस तरह की भाषा बोल रहे हैं, उस पर चुनाव आयोग को नोटिस लेना चाहिए। एक संवैधानिक पद पर बैठा व्यक्ति इस तरह की भाषा नहीं बोल सकता है। श्री यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी जानते हैं कि वह भाजपा के सदस्य नहीं है भाजपा उन्हें पैदल करके पहले ही घर भेज चुकी है, आने वाले समय में उन्हें कुछ मिलने वाला नहीं है। जब से गठबंधन को भारी समर्थन मिल रहा है इनके तोते उड़े हुए हैं।
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि,''किसान, नौज़वान अपना भविष्य देख रहा है। उद्योग और कारखाने नहीं लग रहे हैं। जनता नकारात्मक राजनीति को ख़त्म करना चाहती है। उत्तर प्रदेश आगे बढ़े इसलिए यह चुनाव भाजपा बनाम भाईचारे का है|
शामली में अखिलेश यादव ने कहा, "ये गन्ने का क्षेत्र है और यहां किसान उम्मीद करता है कि जो सरकार बने वो गन्ने की कीमत बढ़ाए और समय पर भुगतान करे, इन्हें सपा और RLD पर भरोसा है।" अखिलेश यादव ने कहा कि,''ये भाईचारा बनाम भारतीय जनता पार्टी का चुनाव है, आज उत्तर प्रदेश के नौजवान, किसान, व्यापारी नकारात्मक राजनीति को हटाना चाहते हैं।
यादव ने कहा कि इस बार किसान महसूस कर रहा है कि यह उसके मान सम्मान का चुनाव है। भाजपा के लोगों ने किसानों पर जीप चढ़ा कर मार दिया, उनकी हत्या कर दी, लेकिन आज तक बीजेपी इसका जवाब नहीं दे पाई। एक सवाल के जवाब में यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री ने अपने मुकदमे वापस ले लिए हैं अगर किसी ने इसके खिलाफ दरखास्त दी तो मुकदमों की समीक्षा होगी।