नई दिल्ली: मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले की ब्यावरा विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक गोवर्धन सिंह दांगी का दिल्ली के मेदांता अस्पताल में निधन हो गया है।दांगी का दिल्ली स्थित मेदांता अस्पताल में इलाज चल रहा था, जहां उनका देर रात निधन हो गया। दांगी कोरोना वायरस से भी संक्रमित थे।दांगी के निधन पर मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान, पूर्व सीएम कमल नाथ, पूर्व मंत्री जयवर्द्धन सिंह, जीतू पटवारी व राजेंद्र शुक्ला ने ट्वीट कर शोक संवेदना व्यक्त की है।
मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कांग्रेस विधायक गोवर्धन डांगी जी के निधन पर दुःख जताया। मध्य प्रदेश कांग्रेस ने ट्वीट कर कहा, मध्यप्रदेश की ब्यावरा विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक श्री गोवर्धन सिंह दांगी जी का दिल्ली के मेदांता अस्पताल में निधन हो गया है। ईश्वर उनकी आत्मा को शान्ति प्रदान करें और परिजनों को यह दुख सहने की शक्ति और साहस दें। “श्रद्धांजलि और नमन”
सीएम शिवराज सिंह चौहान ने ट्वीट कर कहा, 'मध्यप्रदेश की ब्यावरा विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक श्री गोवर्धन सिंह दांगी जी के निधन का समाचार मिला। ईश्वर से दिवंगत आत्मा को अपने श्री चरणों में स्थान देने की प्रार्थना करता हूं। श्रद्धांजलि!'
पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने दांगी के निधन पर मध्यप्रदेश में इलाज को लेकर लापरवाही का आरोप लगाया है। सोशल मीडिया पर चल रहे एक वीडियो में उन्होंने कहा कि भोपाल के अस्पताल में लापरवाहीपूर्वक इलाज किया जा रहा था। दिल्ली में भी उन्हें बताया कि भोपाल में गलत इलाज किया जा रहा था।
कांग्रेस विधायक गोवर्धन सिंह दांगी का एक सप्ताह से मेदांता अस्पताल में इलाज चल रहा था। इसके पूर्व सांस लेने में तकलीफ होने पर उन्हें भोपाल के चिरायु अस्पताल में भर्ती कराया था। 8 सिंतबर को यहां हालत बिगड़ने पर उन्हें एयर एंबुलेंस से दिल्ली भेजा गया था। मंगलवार शाम मोर्चाखेड़ी गांव में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
विधायक दांगी अगस्त माह में अपने बड़े भाई के ऑपरेशन के लिए मुंबई गए थे। यहां उन्हें बुखार और अन्य स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हुईं। इसके बाद ब्यावरा पहुंचने पर कोरोना की जांच कराई, जो पॉजिटिव आई। मुंबई यात्रा में उनके साथ गए उनके पुत्र, भतीजा व गनमैन भी कोरोना से पीड़ित हो गए थे, लेकिन ये सभी स्वस्थ होकर घर लौट आए।
दांगी कांग्रेस के जमीनी नेता थे। उन्होंने 1977 में ब्यावरा महाविद्यालय के सह सचिव के रूप में निर्वाचित होकर अपनी राजनीतिक पारी की शुरुआत की थी। इसके बाद वह कांग्रेस पार्टी में सक्रिय रहे और 1995 में जनपद सदस्य बने। 1999 में उन्हें ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष बनाया। 2010 से 2015 तक वह ब्यावरा मंडी के उपाध्यक्ष भी रहे। विधानसभा चुनाव 2018 के पहले पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने नर्मदा परिक्रमा की थी, जिसमें गोवर्धन दांगी पूरे 6 माह उनके साथ रहे।