देहरादून: उत्तराखंड के नवनियुक्त मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत पिछले एक सप्ताह से विवादित बयान देकर अपनी ‘कीरत’ (कीर्ति) बढ़ा रहे हैं। उनके द्वारा फटी जींस पर दिए गए बयान का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ कि उनका दूसरा विवादित बयान आ गया। इस बार उन्होंने कहा कि अब गम क्यों कर रहे हो, जब दो ही बच्चे पैदा किए हो तो राशन कम ही मिलेगा। ज्यादा राशन चाहिए तो 20 बच्चे पैदा करना चाहिए था। गौरतलब हो कि फटी जींस पर बयान देकर कई दिन तक सुर्खियों में रहे उत्तराखंड के मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने रविवार को एक बार फिर ऐसा बयान दिया है, जिस पर विवाद खड़ा हो सकता है।
मुख्यमंत्री रावत ने कहा, कि लोगों में सरकार द्वारा बांटे गए चावल को लेकर जलन भी होने लगी कि दो सदस्यवालों को 10 किलो जबकि 20 सदस्यवालों को एक क्विंटल अनाज क्यों दिया गया? उन्होंने कहा कि ‘भैया इसमें दोष किसका है, उसने 20 पैदा किए, आपने दो पैदा किए, तो उसको एक क्विंटल मिल रहा है, इसमें जलन काहे का? जब समय था तब आपने दो ही पैदा किए, 20 क्यों नहीं किए?’
10 थे तो 50 किलो, 20 थे तो क्विंटल राशन दिया। फिर भी जलन होने लगी कि 2 वालों को 10 किलो और 20 वालों को क्विंटल मिला। इसमें जलन कैसी? जब समय था तो आपने 2 ही पैदा किए 20 क्यों नहीं पैदा किए| रामनगर में आयोजित कार्यक्रम में सीएम रावत ने लॉकडाउन के दौरान सरकार द्वारा बांटे गए अनाज को लेकर बयान दिया है।
नैनीताल जिले के रामनगर में एक कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री रावत ने कहा कि,'' हर घर में पर यूनिट 5 किलो राशन दिया गया। लोगों को प्रति यूनिट पांच किलोग्राम राशन दिया गया और जिसके 20 बच्चे थे, उसके पास एक क्विंटल राशन आया, जबकि जिसके दो बच्चे थे, उसके पास 10 किलोग्राम आया| उन्होंने कहा, ‘जिसके 10 थे तो 50 किलोग्राम आ गया, जिसके 20 थे तो एक क्विंटल आ गया|दो थे तो 10 किलोग्राम आ गया| लोगों ने स्टोर बना लिए और खरीदार सामने ढूंढ लिए|’ उन्होंने कहा कि इतना बढ़िया चावल पहले कभी नहीं खाया था और लोगों को जलन होने लगी कि दो हैं तो 10 किलोग्राम मिला और 20 वाले को एक क्विंटल मिला|
उन्होंने कहा, ‘भैया इसमें दोष किसका है? उसने 20 पैदा किए तो उसे एक क्विंटल मिला, अब इसमें जलन काहे का| जब समय था तब आपने दो ही पैदा किए, 20 क्यों नहीं किए?’ इसी कार्यक्रम में मुख्यमंत्री रावत ने कहा कि भारत 200 साल तक अमेरिका का गुलाम रहा। उन्होंने कहा, ‘‘जहां हम 200 वर्ष तक अमेरिका के गुलाम थे, पूरे विश्व के अंदर उसका राज था|| यह कहते थे कि उसके राज में कभी सूरज छिपता नहीं था, लेकिन आज के समय में वह भी डोल गया, बोल गया|
तीरथ सिंह रावत ने कहा कि कोविड महामारी से हमें 200 साल तक गुलाम बनाकर रखने वाला अमेरिका भी संघर्ष कर रहा है|उन्होंने कहा, 'जहां अमेरिका के हम 200 वर्ष तक गुलाम थे, पूरे विश्व के अंदर उसका राज था, कभी उसका सूरज छिपता ही नहीं था, ये कहते थे|लेकिन आज के समय में वो डोल गया, बोल गया, पौने तील लाख तक मृत्युदर चला गया|