नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'Maitri Setu' का उद्घाटन किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को भारत-बांग्लादेश के बीच के संबंधों को और करीब लाते हुए दोनों देशों के बीच मैत्री सेतु का उद्घाटन किया है| 133 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 1.9 किमी लंबा का यह पुल भारत के सबरूम को बांग्लादेश के रामगढ़ से जोड़ता है। इस उद्घाटन के साथ, त्रिपुरा बांग्लादेश के चटगांव बंदरगाह तक पहुंच के साथ 'पूर्वोत्तर का गेटवे' बनने के लिए तैयार है।
यह सेतु भारत के त्रिपुरा राज्य और बांग्लादेश के बीच में बहने वाली फेनी नदी के ऊपर बना हुआ है|इस सेतु के जरिए सरकार का फोकस बांग्लादेश के चिटगॉन्ग को रास्ता देकर त्रिपुरा को पूर्वोत्तर राज्यों का गेटवे बनाना है|यह सेतु त्रिपुरा के सबरूम को बांग्लादेश के रामगढ़ से जोड़ेगा| इस कार्यक्रम में बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना भी मौजूद थीं|
बांग्लादेश की प्रधानमंत्री ने कहा कि ''2010 में उस समय में त्रिपुरा के मुख्यमंत्री ने मेरे सामने फेनी नदी पर ब्रिज बनाने का प्रस्ताव रखा था। हमने उस पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी और तब से बांग्लादेश की सरकार ने ब्रिज बनाने के लिए भारत को सभी जरूरी सहायता दी। 10 साल बाद आज ब्रिज वास्तविकता है|
पीएम ने कहा कि ''अपने बांग्लादेश दौरे के दौरान मैंने और प्रधानमंत्री शेख हसीना जी ने मिलकर त्रिपुरा को बांग्लादेश से सीधे जोड़ने वाले ब्रिज का शिलान्यास किया था और आज इसका लोकार्पण किया गया है| पीएम ने कहा कि ',''फेनी ब्रिज के खुल जाने से अगरतला, इंटरनेशनल सी पोर्ट से भारत का सबसे नज़दीक का शहर बन जाएगा। NH-08 और NH-208 के चौड़ीकरण से जुड़े जिन प्रोजेक्ट्स का आज लोकार्पण और शिलान्यास किया गया ???ै, उनसे नॉर्थ ईस्ट की पोर्ट से कनेक्टिविटी और सशक्त होगी|
प्रधानमंत्री ने कहा कि '''त्रिपुरा के ब्रू शरणार्थियों की समस्याओं को दूर करने के लिए दशकों बाद समाधान हमारी ही सरकार के प्रयासों से मिला। हज़ारों ब्रू साथियों के विकास के लिए दिए गए 600 करोड़ रुपए के विशेष पैकेज से उनके जीवन में बहुत सकारात्मक परिवर्तन आएगा|जब हर घर जल, बिजली, स्वास्थ की सुविधाएं पहुंचती हैं तो हमारे जनजातीय क्षेत्रों को इसका विशेष लाभ होता है। यही काम केंद्र और त्रिपुरा की सरकार मिलकर कर रही है|
प्रधानमंत्री ने कहा कि 'आज त्रिपुरा पुरानी सरकार के 30 साल और डबल इंजन की 3 साल की सरकार में आए बदलाव को स्पष्ट अनुभव कर रहा है। जहां कमीशन और करप्शन के बिना काम होने मुश्किल थे, वहां आज सरकारी लाभ लोगों के बैंक खाते में, डायरेक्ट पहुंच रहा है|जहां किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए अनेक मुश्किलें उठानी पड़तीं थीं, वहीं पहली बार त्रिपुरा में किसानों से MSP पर खरीद सुनिश्चित हुई|
प्रधानमंत्री ने कहा कि '''जिस त्रिपुरा को हड़ताल कल्चर ने बरसों पीछे कर दिया था, आज वो ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के लिए काम कर रहा है। जहां कभी उद्योगों में ताले लगने की नौबत आ गई थी, वहां अब नए उद्योगों, नए निवेश के लिए जगह बन रही है|त्रिपुरा को केंद्र सरकार से मिलने वाली राशि में बड़ी वृद्धि की गई है। वर्ष 2009-2014 के बीच केंद्र से त्रिपुरा को केंद्रीय विकास परियोजनाओं के लिए ₹3500 करोड़ की मदद मिली थी। जबकि साल 2014-19 के बीच ₹12000 करोड़ से अधिक की मदद दी गई है|
प्रधानमंत्री ने कहा कि 'सौभाग्य योजना के तहत त्रिपुरा में शत प्रतिशत बिजलीकरण हो, उज्जवला योजना के तहत 2.5 लाख से ज्यादा मुफ्त गैस कनेक्शन हो या फिर 50 हजार से ज्यादा गर्भवतियों को मातृ वंदना योजना का लाभ हो, डबल इंजन की सरकार के काम यहां की महिलाओं को सशक्त कर रहे हैं|त्रिपुरा में पीएम किसान सम्मान निधि और आयुष्मान भारत योजना का भी लाभ किसानों और गरीब परिवारों को मिल रहा है|
प्रधानमंत्री ने कहा कि 'त्रिपुरा की कनेक्टिविटी के इंफ्रास्ट्रक्चर में बीते 3 साल में तेजी से सुधार हुआ है। एयरपोर्ट का काम हो या फिर समंदर के रास्ते त्रिपुरा को इंटरनेट से जोड़ने का काम हो, रेल लिंक हो, इनमें तेज़ी से काम हो रहा है|नया घर आपके सपनों को और आपके बच्चों की आकांक्षाओं को नयी उड़ान देने वाला सिद्ध होगा, यह डबल इंजन की सरकार की ही ताकत है कि प्रधानमंत्री आवास योजना चाहे वो ग्रामीण हो या शहरी, इसमें त्रिपुरा बहुत तेजी से काम कर रहा है|