लखनऊ: हाथरस गैंगरेप मामला तूल पकड़ता जा रहा है| एक ओर इस मामले को लेकर जहां देशभर में प्रदर्शन हो रहे हैं, वही दूसरी तरफ राजनीतिक दल भी अब योगी सरकार से सवाल पूछ रहे हैं| हाथरस कांड को लेकर को उठ रहे सवालों के बीच योगी सरकार ने कड़ा फैसला लिया | हाथरस मामले की जांच योगी सरकार ने सीबीआई से कराए जाने के आदेश दिए हैं।
उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री कार्यालय ने बताया,''मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने सम्पूर्ण हाथरस प्रकरण की जांच सीबीआई से कराए ??ाने के आदेश दिए हैं।
योगी आदित्यनाथ ने कहा,''हाथरस की दुर्भाग्यपूर्ण घटना और जुड़े सभी बिंदुओं की गहन पड़ताल के उद्देश्य से यूपी सरकार इस प्रकरण की विवेचना केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) के माध्यम से कराने की संस्तुति कर रही है। इस घटना के लिए जिम्मेदार सभी लोगों को कठोरतम सजा दिलाने के लिए हम संकल्पबद्ध हैं।
उधर,''कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी हाथरस मामले में पीड़िता के घर मिलने पहुंचे है| शाम 7.20 बजे राहुल गाधी और प्रियंका गांधी हाथरस पीड़िता के घर पहुंच, जहां उन्होंने,पीड़िता के परिवार से मुलाकात की| हाथरस में गैंगरेप पीड़िता के परिवार से मिलने के बाद कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा,',''परिवार आखिरी बार अपनी बेटी को नहीं देख सका। यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ को अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए। जब तक न्याय नहीं मिल जाता, हम यह लड़ाई जारी रखेंगे |
बता दें कि,''शनिवार को हाथरस कांड मामले को लेकर में बसपा सुप्रीमो मायावती ने भी सीबीआई जांच की मांग की थी|उन्होंने कहा था,''. हाथरस जघन्य गैंगरेप काण्ड को लेकर पूरे देश में ज़बरदस्त आक्रोश है| इस मामले की CBI से या फिर माननीय सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जाँच होनी चाहिये|
शनिवार को मायावती ने ट्वीट करते हुए कहा था,', हाथरस जघन्य गैंगरेप काण्ड को लेकर पूरे देश में ज़बरदस्त आक्रोश है। इसकी शुरूआती आई जाँच रिपोर्ट से जनता सन्तुष्ट नहीं लगती है। अतः इस मामले की CBI से या फिर माननीय सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जाँच होनी चाहिये| बी.एस.पी. की यह माँग |मायावती ने कहा,''साथ ही, देश के माननीय राष्ट्रपति यू.पी. से आते हैं व एक दलित होने के नाते भी इस प्रकरण में ख़ासकर सरकार के अमानवीय रवैये को ध्यान में रखकर पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिये दखल देने की भी उनसे पुरज़ोर अपील
हाथरस गैंगरेप पीड़िता का भाई भी इस पुरे मामले सवाल उठा चुका है| आज यानि शनिवार शाम को पीड़िता का भाई ने कहा,''जिस तरह से अस्पताल से डेड बॉडी को लाया गया, हमें नहीं बताया गया था। डीएम (जिला अधिकारी) ने हमारे साथ बदसलूखी की है, वो हमें दबा देते हैं। जांच को लेकर हम संतुष्ट नहीं हैं जब तक हमें हमारे सवालों के जवाब नहीं मिलते|