तोक्यो: जापान में हो रहे ओलंपिक खेलों (Tokyo Olympics) में भारत को कुश्ती में उसका दूसरा पदक मिल गया है। Tokyo Olympics में भारतीय पहलवान बजरंग पुनिया ने कांस्य पदक जीत लिया है। पहलवान बजरंग पुनिया ने पुरुषों के 65 किलोग्राम फ्रीस्टाइल कुश्ती में कांस्य पदक जीता। उन्होंने कजाकिस्तान के दौलेट नियाज़बेकोव को 8-0 से हराया।
ये भारत का कुश्ती में दूसरा और वर्तमान ओलंपिक में कुल छठा पदक है। भारत ने इस तरह से एक ओलंपिक में सबसे ज्यादा पदक जीतने के अपने पिछले रिकार्ड की बराबरी की।इससे पहले रवि दहिया ने कुश्ती में पुरुषों के 57 किलोग्राम भार वर्ग में रजत पदक जीता था। भारत ने इससे पहले लंदन ओलंपिक 2012 में छह पदक जीते थे, तब कुश्ती में सुशील कुमार ने सिल्वर और योगेश्वर दत्त ने ब्रॉन्ज हासिल किया था।
बजरंग पूनिया के पिता बलवान सिंह ने कहा कि ,' मैं खुशी बयान नहीं कर सकता, मेरे बेटे ने मेरा सपना पूरा कर दिया|
बजरंग की इस जीत पर हरियाणा सरकार ने उन्हें सरकारी नौकरी, 2.5 करोड़ रुपए नकद इनाम की घोषणा की है। हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि
बजरंग पुनिया ने बहुत अच्छे तरीके से खेला है और कांस्य पदक जीता है। भारत के 2 रजत और 4 कांस्य लेकर कुल 6 पदक हो चुके हैं। इसमे हरियाणा का योगदान सर्वाधिक है। हमें अभी और भी मेडल मिलने की उम्मीद है
मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि ,''बजरंग पुनिया को 2.5 करोड़ की राशि नकद दी जाएगी साथ ही सरकारी नौकरी मिलेगी और एक प्लाट भी उन्हें 50% के कंसेशनन पर मिलेगा। वे झज्जर के खुड्डन गांव के रहने वाले हैं। वहां एक इंडोर स्टेडियम बनाया जाएगा|