भोपाल: मध्य प्रदेश के भोपाल में कोविड-19 वैक्सीनेशन का एक अचंभित करने वाला मामला सामने आया है| यहां के 22 वर्षीय एक युवक को बिना वैक्सीन लगे ही वैक्सीन सर्टिफिकेट मिल गई। जब उन्हें वैक्सीन का प्रमाण पत्र मिला तो वह चौक गए| युवक को बिना वैक्सीन लगे वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट मिलने पर मध्य प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री विश्वास सारंग ने कहा कि,''अगर किसी ने कुछ गलत किया होगा तो उसे सजा मिलेगी|
भोपाल के गांधीनगर निवासी युवक दिव्यांश जलवार का 28 मई को वैक्सीनेशन होना था लेकिन इलाज के चलते उसे टीका नहीं लग पाया| टीका न लगने के बावजूद उन्हें वैक्सीन की पहली डोज का प्रमाण पत्र भेज दिया गया| जब उन्हें पहली डोज की वैक्सीन का प्रमाण पत्र मिला तो वह चौक गए|
गांधीनगर के एक निवासी का आरोप है कि उसके बेटे (दिव्यांश जलवार) को बिना वैक्सीन लगे वैक्सीन सर्टिफिकेट मिल गई। उस व्यक्ति ने बताया, ''27 मई को बेटे और पत्नी का स्लॉट बुक किया था जो 28 को मिला। बेटे का इलाज चल रहा है इसलिए मैं उसे नहीं ले गया। बेटे का भी सर्टिफिकेट आ गया।''
मध्य प्रदेश के भोपाल में एक व्यक्ति को बिना वैक्सीन लगे वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट मिलने पर राज्य के मंत्री विश्वास सारंग ने कहा कि ,'इसकी जांच होगी और उसके बाद ही कुछ कहा जा सकता है। अगर किसी ने कुछ गलत किया होगा तो उसे सजा मिलेगी|