वैकुंठपुर/पटना: बिहार में विधानसभा चुनाव के लिए पहले चरण का मतदान हो चुका है। दूसरे चरण के मतदान कल यानि मंगलवार को होगा| वहीँ अब तीसरे हुए अंतिम चरण के मतदान को लेकर चुनाव अभियान अपने जोरों पर है।इस बीच बिहार में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि, पाकिस्तान अब गिलगित-बाल्टिस्तान को राज्य बनाने जा रहा है| PAK से कहा है कि गिलगित-बाल्टिस्तान समेत पूरा PoK भारत का अभिन्न अंग|
दरअसल,''जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 के हटाए जाने और राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजित किए जाने के बाद से बौखलाए पाकिस्तान ने अब विवादित क्षेत्र गिलगिट-बाल्टिस्तान को अस्थाई प्रांतीय दर्जा दे दिया है| पाकिस्ता पीएम ने गिलगित-बाल्टिस्तान को अस्थायी प्रांतीय दर्जा देने की घोषणा की|
पाकिस्ता पीएम के गिलगित-बाल्टिस्तान को अस्थायी प्रांतीय दर्जा देने की घोषणा की पर राजनाथ सिंह ने कहा कि,''गिलगित-बाल्टिस्तान पर पाकिस्तान ने अवैध क़ब्ज़ा किया हुआ है। पाकिस्तान अब गिलगित-बाल्टिस्तान को राज्य बनाने जा रहा है। हमारी सरकार ने दो टूक शब्दों में कहा है कि गिलगित-बाल्टिस्तान समेत पूरा PoK भारत का अभिन्न अंग है।
राजनाथ सिंह ने कहा कि,''पुलवामा हमले पर कांग्रेस द्वारा भद्दी बात कही जाती थी। प्रधानमंत्री मोदीजी पर शक किया जाता था। तीन दिन पहले पाकिस्तान के असेम्ब्ली में खुद पाकिस्तान के मंत्री ने खुलासा किया कि पुलवामा में क्या हुआ था। अब कांग्रेस के लोग क्यूँ चुप है?
राजनाथ सिंह ने कहा कि,आज बिहार की जनसभाओं में उत्साह देख कर मेरा यह विश्वास पक्का हो गया है कि बिहार में फिर से NDA की सरकार बनने जा रही है। कांग्रेस- राजद के पास विकास का कोई ऐजेंडा नहीं है। बिहार के विकास के बिना भारत का विकास संभव नहीं होगा। आज बिहार में engineering-पॉलीटेक्निक कॉलेज खुल रहे है पहलें क्या होता था ? पहले प्रतिभा पलायन होता था। आज बिहार में engineering-पॉलीटेक्निक कॉलेज खुल रहे है। क़रीब ग्यारह ज़िलों में मेडिकल कॉलेज खोले गए हैं।
राजनीति में नेता के पास दूरदृष्टि होनी चाहिए।मोदीजी ने पहला काम किया कि सबका बैंकों में खाता खोला गया। किसी ने नहीं सोचा कि घर घर में शौचालय होना चाहिए लेकिन मोदीजी ने ऐसा सोचा और गाँव-गाँव में हमारे माता-बहनों को दिक़्क़त नहीं हो उसके लिए घर-घर में शौचालय बनवाया।
हम लोग नहीं चाहते थे भारत का विभाजन हो लेकिन हो गया। जो हिंदू-सिख-बौद्ध पाकिस्तान में रह गए और उनके साथ कैसा सुलूक होता रहा है, इसकी जानकारी आपको भी है। हमने वहाँ पर मज़हबी उत्पीड़न झेल रहे अल्पसंख्यकों के लिए नागरिकता क़ानून बनाया।