मुख्य सामग्री पर जाएँ
25 अगस्त 2026

केजरीवाल ने शराब घोटाले में 100 करोड़ की घूस ली, इन पैसों का इस्तेमाल गोवा चुनाव में कांग्रेस को हराने के लिए किया: ED की चार्जशीट के बाद अजय माकन का हमला

नई दिल्ली: दिल्ली शराब घोटाले को लेकर कांग्रेस ने दिल्ली के CM अरविंद केजरीवाल और डिप्टी CM मनीष सिसोदिया पर हमला बोला है| कांग्रेस ने कहा कि ,“दिल्ली शराब घोटाले में 100 करोड़ की घूस ली गई है। घूस क…

केजरीवाल ने शराब घोटाले में 100 करोड़ की घूस ली, इन पैसों का इस्तेमाल गोवा चुनाव में कांग्रेस को हराने के लिए किया: ED की चार्जशीट के बाद अजय माकन का हमला
केजरीवाल ने शराब घोटाले में 100 करोड़ की घूस ली, इन पैसों का इस्तेमाल गोवा चुनाव में कांग्रेस को हराने के लिए किया: ED की चार्जशीट के बाद अजय माकन का हमला | फ़ोटो: TVL News

नई दिल्ली:  दिल्ली शराब घोटाले को लेकर कांग्रेस ने दिल्ली के CM अरविंद केजरीवाल और डिप्टी CM मनीष सिसोदिया पर हमला बोला है| कांग्रेस ने कहा कि ,“दिल्ली शराब घोटाले में 100 करोड़ की घूस ली गई है। घूस के पैसों का इस्तेमाल केजरीवाल ने गोवा चुनाव में कांग्रेस को हराने के लिए किया|केजरीवाल को कोई नैतिक अधिकार नहीं है कि वह CM पद पर बने रहें। दरअसल,“शराब घोटाला मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 02 फरवरी को अपने नए दावे में कहा कि,“ AAP ने दिल्ली शराब घोटाले के पैसों का इस्तेमाल गोवा में चुनाव प्रचार के लिए किया। शराब घोटाले में कोर्ट में दाखिल चार्जशीट में ED ने आरोप लगाया कि दिल्ली शराब घोटाले के एक आरोपी विजय नायर ने शराब कंपनी इंडोस्पिरिट्स के MD समीर महेंद्रू की दिल्ली के CM अरविंद केजरीवाल से बात कराई थी। यह बातचीत विजय के फोन से किए गए फेसटाइम वीडियो कॉल से की गई थी।



ED ने चार्जशीट में दावा किया कि केजरीवाल ने समीर महेंद्रू से कहा ‘विजय मेरा लड़का है, आपको उस पर भरोसा करना चाहिए और उसके साथ काम करना चाहिए।’ ED के अनुसार शराब घोटाले की अब तक की जांच से पता चला है कि इस फंड का कुछ हिस्सा AAP ने गोवा विधानसभा चुनाव के दौरान प्रचार में भी इस्तेमाल किया था। जांच एजेंसी ने कहा कि AAP के कम्यूनिकेशन इंचार्ज विजय नायर ने कैंपेन से जुड़े कुछ लोगों को कैश पेमेंट लेने को कहा था।



ED के आरोप पत्र दाखिल करने के बाद वरिष्ठ कांग्रेस नेता अजय माकन ने शनिवार को AICC HQ में प्रेस कांफ्रेंस करते हुए कहा कि ,“ अरविंद केजरीवाल जी और आम आदमी पार्टी 'आप' दोनों का गठन जो हुआ था, वो भ्रष्टाचार को दूर करने के लिए और लोकपाल को स्थापित करने के नाम पर हुआ था। तो आज कांग्रेस पार्टी केजरीवाल जी से पूछना चाहती है- Mr. Kejriwal, where is Lokpal और आज केजरीवाल जी के ऊपर, उनके मंत्रियों के ऊपर भ्रष्टाचार के ना केवल ईडी चार्ज लगा रहा है, बल्कि सबूत भी दे रहा है। तो ऐसे समय में दिल्ली की जनता ये पूछना चाहती है कि इसकी जांच करने के लिए हम किसका दरवाज़ा खटखटाएं और Mr. Kejriwal, where is Lokpal ?



वरिष्ठ कांग्रेस नेता अजय माकन ने कहा कि ,“ईडी की चार्जशीट / रिपोर्ट, जो सार्वजनिक रूप से सामने आई हैं, स्पष्ट रूप से शराब घोटाले में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को दोषी ठहराती हैं। कम से कम 100 करोड़ का लेन-देन सिद्ध हुआ है।


➤एक पीएमएलए अदालत ने गुरुवार को चार्जशीट का संज्ञान लेते हुए सभी आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने की अनुमति दे दी है।

➤भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस मुख्यमंत्री श्री अरविंद केजरीवाल तथा उनके मंत्रियों मनीष सिसोदिया और सत्येंद्र जैन के तत्काल इस्तीफे की मांग करती है। 

➤चार्जशीट में मनी ट्रेल का भी उल्लेख किया गया है, जिससे गोवा चुनाव में विज्ञापन और सर्वेक्षण करने के लिए स्वयंसेवकों को नकद भुगतान किया गया।

➤DANICS अधिकारी ने दावा किया है कि शराब के थोक विक्रेताओं के लिए 12% मार्जिन संबंधी जीओएम रिपोर्ट उन्हें सीएम आवास पर सौंपी गई थी, जहां मनीष सिसोदिया और सत्येंद्र जैन भी उपस्थिति थे। यह भी आरोप है कि बिना किसी चर्चा के यह रिपोर्ट उन्हें सौंप दी गई।


- थोक विक्रेताओं द्वारा इस 12% मार्जिन में से 6% रिश्वत के रूप में वापस भुगतान करने का आरोप है।

-शराब नीति में बदलाव का सुझाव देने के लिए केजरीवाल सरकार द्वारा 4 सितंबर को विशेषज्ञ समिति का गठन किया गया था। इस समिति ने 13 अक्टूबर 2020 को अपनी रिपोर्ट सौंपी।


इस समिति द्वारा दो प्रमुख सिफारिशें की गईं थीं: 

● थोक व्यवस्था
“1.1.1 आईएमएफएल थोक व्यापार संचालन को एक सरकारी इकाई के तहत लाकर एक नया रूप दिया जाना चाहिए । अनुसरण किया जाने वाला मॉडल कर्नाटक राज्य में लागू मॉडल के समान होना चाहिए । “ 

● खुदरा व्यवस्था

1.3.1 शराब के व्यापार में किसी भी एकाधिकारवादी प्रवृत्ति को रोकने पर ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए, और इसलिए, न केवल
लाइसेंसधारियों का नियमित फेर-बदल होना चाहिए, बल्कि केवल पात्र व्यक्तियों को ही लाइसेंस दिया जाना चाहिए, जो एक निश्चित मानदंड को पूरा करते हों । छद्म निदेशकों / भागीदारों वाली कंपनियों और फर्मों के माध्यम से प्राप्त होने वाले छद्म स्वामित्व / नियंत्रण की बहुत कम गुंजाइश रहे।....हालांकि, किसी भी स्थिति में, एक आवेदक जो मानदंडों को पूरा करता है, उसके पास दो से अधिक ठेकों का लाइसेंस नहीं हो सकता है।


- केजरीवाल सरकार द्वारा शराब कारोबारियों को दी जा रही रियायतों से सरकारी खजाने को बहुत भारी नुकसान हुआ है।

● कोविड-19 के कारण शराब लाइसेंस शुल्क 144.36 करोड़ रुपये माफ किए 

● हवाई अड्डे पर एल-1 के लिए 30 करोड़ रुपये की ईएमडी वापस लौटाई गई;

● लाभ का मार्जिन 5 से बढ़ाकर 12% किया गया;

● लाइसेंसधारी से 10% वृद्धि शुल्क नहीं लिया गया;

● नई शराब नीति को बंद करने से पूर्व पहली तिमाही ( 2022-23 ) में 1870 करोड़ रुपये के राजस्व की कमी देखी गई थी, जबकि व्हिस्की की बिक्री में 59.6% और शराब की बिक्री में 87.25% की वृद्धि हुई थी.




लोकपाल के लापता होने का अजीबोगरीब मामला

दिल्ली केजरीवाल से पूछती है.. लोकपाल कहां है?

अजय माकन ने कहा कि ,“दिल्ली विधान सभा के विशेष सत्र में, अदालतों में, सड़कों पर, और छोटे-मोटे मुद्दों पर हम दिन-प्रतिदिन केजरीवाल बनाम एलजी द्वंद देखते हैं। । लेकिन क्या हमने कभी केजरीवाल या आप को लोकपाल के लिए विरोध करते देखा है?

➤2014 में, केजरीवाल ने लोकपाल विधेयक पारित करने के पक्ष में दिल्ली विधानसभा को भंग करने की मांग की थी। वह विधेयक अब कहां है?
केजरीवाल सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि एक कमजोर लोकायुक्त भी दिल्ली में काम न कर पाए । 


निम्नलिखित आवश्यक बिंदु ध्यान देने योग्य हैं:-

क ) एलजी द्वारा अनुमोदित होने के बावजूद, लोकायुक्त की वार्षिक रिपोर्ट 2017-18 से विधान सभा में पेश नहीं की गई है।

ख) एलजी द्वारा अनुमोदित होने के बावजूद, लोकायुक्त को कर्मचारियों और पदाधिकारियों की भारी कमी का सामना करना पड़ रहा है। लोकायुक्त कार्यालय में डायरेक्टर इन्वेस्टिगेशन जैसा महत्वपूर्ण पद भी नहीं भरा गया है।

ग) केजरीवाल के सत्ता में आने के बाद से लोकायुक्त अपनी रिपोर्ट में लोकायुक्त की 'स्वतंत्रता', 'शक्तियों की न्यूनता', 'वित्तीय स्वायत्तता में समझौता',

'जांच करने के लिए किसी तंत्र की अनुपलब्धता' के मुद्दों को लगातार उठाता रहा है, लेकिन इसका कोई भी परिणाम नहीं निकला।


एक प्रश्न पर कि इसमें (शराब घोटाला मामले में) तीन मंत्री कौन हैं, श्री माकन ने कहा कि जीओएम बना था, DANICS के ऑफिसर ने इसके अंदर ये कहा है कि मुख्यमंत्री आवास के ऊपर उनको जीओएम के मिनट्स दे दिए गए और वहाँ पर मनीष सिसोदिया, सत्येन्द्र जैन और अरविंद केजरीवाल, मुख्यमंत्री आवास पर तीनों के तीनों मौजूद थे और जीओएम के मिनट्स जो उनको दिए गए, वो बगैर डिस्कशन के दिए गए, जो 5 प्रतिशत से बढ़ा कर 12 प्रतिशत जो होलसेल के लिए प्रतिशत डाला गया और उसी 12 प्रतिशत का अब ईडी ने कहा है कि उसी 12 प्रतिशत में से 6 प्रतिशत किक बैक के रूप में इनको वापस मिला है, जो कि अब एस्टेब्लिश हो गया है। 



तो इसलिए जो तीन मंत्री जो जीओएम के थे, जो बगैर किसी डिस्कशन के, क्योंकि जो बातचीत वो नायर साहब जो हैं, कहीं और से बात करके कहीं और फ़ाइनल हो रहा था। तो जीओएम में डिस्कशन तक नहीं हुआ तो और 12 प्रतिशत होलसेल के रेट तय हो गए, जिसमें 6 प्रतिशत किक बैक में आना था और इसी वजह से जीओएम बने थे, इसमें तीनों के तीनों थे और मुख्यमंत्री आवास पर ये उनको दिया गया, जीओएम के मिनट्स की कॉपी, तो इसलिए ये तीनों के तीनों ??़िम्मेदार हैं।





tvlnews

TVL News (TheViralLines) के संवाददाता। यह रिपोर्ट स्थानीय स्रोतों और उपलब्ध आधिकारिक जानकारी की पुष्टि के बाद प्रकाशित की गई है। किसी तथ्य में सुधार के लिए संपर्क करें या +91 99996 56869 पर WhatsApp करें।

मुफ़्त अलर्ट

ऐसी हर खबर सबसे पहले पाएँ

बस्ती, गोंडा, अयोध्या, गोरखपुर और लखनऊ के अपडेट सीधे आपके WhatsApp पर।

इन्हें भी पढ़ें

टॉप न्यूज़ की सभी खबरें

इस खबर से जुड़े सवाल

यह खबर कब प्रकाशित हुई और आखिरी बार कब अपडेट की गई?

यह रिपोर्ट 4 फ़रवरी 2023 को TVL News पर प्रकाशित हुई और 25 अगस्त 2026 को अपडेट की गई। नई जानकारी मिलने पर खबर को अपडेट किया जाता है।

इस क्षेत्र की और खबरें कहाँ पढ़ें?

इस क्षेत्र की ताज़ा खबरें TVL News के ज़िला सेक्शन में पढ़ी जा सकती हैं। thevirallines.net पर बस्ती, गोंडा, अयोध्या, गोरखपुर और लखनऊ के अलग-अलग पेज हर दिन अपडेट होते हैं।

इस खबर में कोई तथ्य ग़लत लगे तो क्या करें?

TVL News हर सुधार को गंभीरता से लेता है। +91 99996 56869 पर WhatsApp करें या thevirallines@gmail.com पर लिखें — पुष्टि के बाद खबर तुरंत सुधारी जाती है।