गोंडा: आज गोंडा में समाजवादी पार्टी करेगी हर तहसील मुख्यालय पर प्रदर्शन| सपा कार्यकर्ता 16 सूत्रीय मांगों पर करेंगे प्रदर्शन| बढ़ती महंगाई, कानून व्यवस्था, रोजगार की मांग|
गन्ना बकाया मूल्य भुगतान को लेकर प्रदर्शन,प्रदेश में महिला अपराध पर रोक लगाने की मांग| पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के आदेश के बाद बड़ा प्रदर्शन| सपा कार्यकर्ता, बड़े नेता प्रदर्शन में होंगे शामिल।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने क्षेत्र पंचायत एवं जिला पंचायत के अध्यक्षों के चुनाव में भाजपा सरकार द्वारा की गई धांधली और लोकतंत्र की हत्या के विरोध में 15 जुलाई 2021 को तहसील स्तर पर आयोजित विरोध प्रदर्शन को सफल बनाने की अपील की है।
अखिलेश यादव ने कहा कि त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों में समाजवादी पार्टी के सदस्य बहुमत में जीते थे। लेकिन भाजपा सरकार ने सरकारी मशीनरी का दुरूपयोग करते हुए अध्यक्ष के पदों पर अपना कब्जा जमा लिया। भाजपा सरकार ने कई जनपदों में समाजवादी पार्टी के प्रत्याशियों के नामांकन पत्र नहीं दाखिल होने दिए, कई क्षेत्र पंचायत सदस्यों का अपहरण कर लिया गया और कईयों का पुलिस द्वारा उत्पीड़न कराया गया है।
यादव ने कहा भाजपा जनादेश के अपहरण की साजिशें करने की तैयारियां कर रही है। भाजपा से लोकतंत्र को बड़ा खतरा है। महामहिम राष्ट्रपति महोदय जी को सम्बोधित 16 सूत्रीय ज्ञापन में भाजपा सरकार की विफलताओं का भी ब्यौरा है।
मांगे :
1. किसानों को उनकी फसलों का लाभकारी मूल्य दिया जाए एवं न्यूनतम समर्थन मूल्य (एम.एस.पी.) की गारंटी दी जाए।
2. प्रदेश में किसानों का गन्ने का बकाया भुगतान 15 हजार करोड़ रूपये तत्काल दिये जाए।
3. किसानों के ऊपर जो काला कृषि कानून थोपा जा रहा है उसे तत्काल वापस लिया जाए।
4. बढ़ती मंहगाई (डीजल-पेट्रोल, रसोईं गैस, खाद, बीज, कीट नाशक दवाएं, कृषि यंत्र इत्यादि) पर रोक लगाई जाए।
5. बेरोजगार नौजवानों को रोजगार दिया जाए।
6. उत्तर प्रदेश में ध्वस्त कानून व्यवस्था को दुरूस्त किया जाए।
7. महिलाओं के साथ हो रहे अपराध पर रोक लगाई जाए।
8. समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता मोहम्मद आजम खां सांसद जी और उनके परिवार व पार्टी के नेताओं व कार्यकर्ताओं का उत्पीड़न बन्द हो तथा उनके ऊपर फर्जी मुकदमें दर्ज करना तत्काल बंद किया जाए।
9. उत्तर प्रदेश भाजपा सरकार द्वारा किए जा रहे संगठित अपराध को अविलम्ब बंद किया जाए।
10. उत्तर प्रदेश की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था को तत्काल दुरुस्त किया किया जाए।
11. बढ़ते भ्रष्टाचार पर रोक लगाई जाए।
12. कोरोना काल में सरकार द्वारा किए गए भ्रष्टाचार की जांच कराई जाए और मृतकों के परिजनों को मुआवजा दिया जाए।
13. जिला पंचायत व क्षेत्र पंचायत अध्यक्षों के चुनाव में हुई धांधली एवं हिंसा की जांच कराई जाए। जांच में पाए गए दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्यवाई की जाए और पुनः मतदान कराया जाए।
14. पत्रकारों के ऊपर लगातार हो रहे हमले और हत्याओं पर रोक लगाई जाए।
15. दलित वर्ग तथा अल्पसंख्यक वर्ग पर हो रहे अत्याचार बन्द हों।
16. पिछड़े वर्ग को अनुमन्य 27 प्रतिशत आरक्षण में कटौती बन्द हो