हाथरस: हाथरस गैंग रेप पीड़िता का अंतिम संस्कार यूपी पुलिस ने मंगलवार की रात अंधेरे में करीब 2.30 बजे कर दिया| हाथरस गैंग रेप मामले में पुलिस पर उठ रहे सवालों के बीच पुलिस ने मंगलवार देर रात पीड़िता के शव का अंतिम संस्कार कर दिया| परिवार वाले मना करते रहे लेकिन पीड़िता का देर रात क़रीब 2 बजे अंतिम संस्कार कर दिया गया|
साथ ही घरवालों को भी शव के पास भी नहीं आने दिया गया| हाथरस में गैंगरेप के बाद पीड़िता की मौत और पुलिस की भूमिका को संदेह में रखते हुए विपक्ष सवाल उठा रहा है| परिवार का कहना है कि वह अपनी बेटी को आखिरी बार घर तक नहीं लेकर जा पाए|मृतक युवती के भाई का आरोप है कि पुलिस ने उन्हें बताए बिना शव को घर से दूर ले गई और चुपचाप उसका अंतिम संस्कार कर दिया|
अपने घर में बंद होने के सवाल पर हाथरस सामूहिक बलात्कार पीड़िता के भाई ने कहा है,''हम उत्तर प्रदेश सरकार से कहेंगे कि न्यायिक जांच होनी चाहिए और दोषियों को फांसी होनी चाहिए। डर की वजह से हम अंदर(घर के) हैं, प्रशासन ने बहुत दबाव डाला हुआ है|
हाथरस गैंगरेप पीड़िता का भाई ने कहा है,''हमने पुलिस को कहा कि हम सुबह अंतिम संस्कार करेंगे, ताकि और भी रिश्तेदार आ जाए लेकिन वे नहीं माने और हमें तुरंत अंतिम संस्कार करने के लिए दबाव डाल रहे थे। उन्होंने कहा कि 24 घंटे हो गए है और उसकी बॉडी खराब हो रही है आपको तुरंत करना चाहिए|
पीड़िता का अंतिम संस्कार (हाथरस गैंगरेप का) किया गया है। पुलिस और प्रशासन यह सुनिश्चित करेगा कि अपराध के अपराधियों को न्याय दिलाया जाए: प्रेम प्रकाश मीणा, हाथरस ज्वाइंट मजिस्ट्रेट
हाथरस के डीएम का कहना है,''परिवार की सहमति के बिना अंतिम संस्कार किए जाने का आरोप गलत है। पिता और भाई ने रात में अंतिम संस्कार करने के लिए अपनी सहमति दी। अंतिम संस्कार के समय परिवार के सदस्य भी मौजूद थे। पीड़ित का शव ले जाने वाला वाहन सुबह 12:45 से 2:30 बजे तक गांव में मौजूद था|