नई दिल्ली: किसान गणतंत्र दिवस परेड (Kisan Republic Day Parade) के दौरान दिल्ली में हिंसा और तोड़फोड़ हुई। इस संबंध में दिल्ली पुलिस ने सभी पुलिसकर्मियों और दिल्ली में मौजूद सभी जवानों को उपद्रवियों का पूरी शक्ति के साथ मुकाबला करने के लिए कहा है। दिल्ली पुलिस ने कहा आज दिल्ली में आंदोलनकारियों द्वारा हिंसा में 83 पुलिस कर्मी घायल हुए हैं|
दिल्ली पुलिस के संयुक्त पुलिस कमिश्नर आलोक कुमार ने कहा,''किसान नेताओं के साथ बातचीत में रूट निर्धारित किए गए थे परन्तु आज सुबह 9:30 बजे एक गुट ने बैरिकेड तोड़ने की कोशिश की और गाजीपुर बॉर्डर के पास पहली झड़प पुलिस के साथ हुई। पुलिस द्वारा उन्हें रोकने की कोशिश की गई|काफी उग्र तरीके से ट्रैक्टरों द्वारा पुलिसकर्मियों को कुचलने की कोशिश की गई। व्यापक पैमाने पर तोड़फोड और नुकसान किया गया। काफी उग्र तरीके से ये रैली की गई, इसपर कानूनी कार्रवाई की जाएगी|
दिल्ली पुलिस के प्रवक्ता ईश सिंघल ने कहा,''आज हुई किसान ट्रैक्टर रैली में हिंसक घटनाएं हुई जिसमें दिल्ली पुलिस के लोग घायल हुए, सरकारी संपत्ति को भी नुकसान हुआ। पुलिस ने संयम के साथ काम किया। मेरी किसान आंदोलनकारियों से अपील है कि जो पहले से तय रास्ते हैं वहां से वापस लोट जाएं|
वहीं संयुक्त किसान मोर्चा ने कहा,''संयुक्त किसान मोर्चा किसान गणतंत्र दिवस परेड को तत्काल प्रभाव से बंद करके सभी प्रतिभागियों से तुरंत अपने संबंधित प्रदर्शन स्थलों पर लौटने की अपील करता है। आंदोलन शांतिपूर्वक जारी रहेगा और आगे के कदमों पर चर्चा करके जल्द निर्णय लिया जाएगा|
संयुक्त किसान मोर्चा ने कहा,''किसान गणतंत्र दिवस परेड में अभूतपूर्व भागीदारी के लिए हम किसानों को धन्यवाद देते हैं। हम उन अवांछनीय और अस्वीकार्य घटनाओं की भी निंदा करते हैं, जो आज घटित हुई हैं। ऐसे कृत्यों में लिप्त होने वाले लोग हमारे सहयोगी नहीं हैं|हमारे सभी प्रयासों के बावजूद कुछ संगठनों और व्यक्तियों द्वारा रूट का उल्लंघन करने का निंदनीय कृत्य किया गया। असामाजिक तत्वों ने शांतिपूर्ण आंदोलन में घुसपैठ की। हमने हमेशा माना है कि शांति हमारी सबसे बड़ी ताकत है और किसी भी उल्लंघन से आंदोलन को नुकसान होगा|
ऑल इंडिया किसान सभा महासचिव ने कहा,''आज दिल्ली में जिन्होंने तोड़फोड़ की, वे किसान नहीं किसान के दुश्मन हैं, ये साजिश का अंग है। आज की गुंडागर्दी से, साजिश से हमने सबक लिया है। भविष्य में आंदोलन में ऐसे लोगों को घुसने का मौका न मिले, हम शांतिपूर्ण ढंग से आंदोलन चलाएंगे|