नई दिल्ली: दिल्ली में फिक्की की 94वीं वार्षिक सम्मेलन में गृह मंत्री अमित शाह ने कहा, ''2014 में महंगाई दर आसमान छु रही थी| ईज ऑफ डूइंग में हमारा स्थान पीछे था, बैंकिंग प्रणाली पूरी तरह से चरमराई हुई थी, साथ ही 12 लाख करोड़ के घोटाले और भ्रष्टाचार से देश की पूरी व्यवस्था चरमराई गई थी। देश की जनता को सरकार पर भरोसा नहीं था|
अमित शाह ने कहा,''जब सरकार लोगों का भरोसा खो देती है तब सरकार की आत्मा नहीं रहती है और जिस सरकार की आत्म नहीं होती वो सरकार फैसले नहीं ले सकती और देश का परिवर्तन नहीं कर सकती|
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा,'',''1927 से लेकर आज तक देश के विकास में फिक्की का जो योगदान है, अब मौका है कि उसको कईं गुना बढ़ाकर सार्थक तरीके से देश के विकास को बढ़ाने के लिए आप लोग आगे आएं और नए नए क्षेत्रों को आप भी छुएं|