नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संसद का मानसून सत्र शुरू होने से पहले संसद में सर्वदलीय बैठक की। कल से शुरू हो रहे संसद के मानसून सत्र में 2 वित्तीय विधेयक सहित 31 विधेयक पेश किए जा सकते हैं। संसद का मानसून सत्र 19 जुलाई से शुरू होकर 13 अगस्त तक चलेगा|इस दौरान संसद में 19 दिन कामकाज चलेगा|कोरोना की दूसरी लहर के बाद यह संसद का पहला सत्र होने जा रहा है|
सर्वदलीय बैठक पर केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री प्रहलाद जोशी ने बताया कि,''क़रीब 33 पार्टी के 40 से ज़्यादा नेताओं ने चर्चा में भाग लिया और किस विषय पर चर्चा होनी चाहिए उन्होंने इसका सुझाव भी दिया। प्रधानमंत्री ने बैठक में कहा कि शांतिपूर्ण ढंग से स्वस्थ और सार्थक चर्चा होनी चाहिए|
इस बैठक में सरकार विपक्षी दलों से मानसून सत्र को सुचारूपूर्ण ढंग से चलाने पर सहयोग मांगा. केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने सभी दलों को इस बैठक के लिए आमंत्रित किया था. बैठक के लिए अभी तक राजनाथ सिंह, पीयूष गोयल, प्रह्लाद जोशी, मल्लिकार्जुन खड़गे, अधीर रंजन चौधरी, आनंद शर्मा, संजय राउत, पशुपति पारस, अनुप्रिया पटेल, रामगोपाल यादव, त्रुची शिवा, टीआर बालू, हरसिमरत कौर बादल, डेरेक ओ ब्रायन, सुदीप बंधोपाध्याय, संजय सिंह पहुंच चुके हैं|
मानसून सत्र शुरू होने से पहले सभी मंत्रियों को कल सुबह 11 बजे से पहले संसद पहुंचने को कहा गया है| पीएम नरेंद्र मोदी कल लोकसभा में 11 से 12 बजे और राज्यसभा में दोपहर 12 से 1 बजे तक अपने मंत्रिपरिषद को सदन में पेश करेंगे|
संसद सत्र से पहले सर्वदलीय बैठक बुलाने की परंपरा है| संसद का मानसून सत्र 19 जुलाई से शुरू होकर 13 अगस्त तक चलेगा| इस दौरान संसद में 19 दिन कामकाज चलेगा|कोरोना की दूसरी लहर के बाद यह संसद का पहला सत्र होने जा रहा है| मानसून सत्र के इस बार हंगामेदार होने की आशंका है| विपक्षी पार्टियां भाजपा सरकार को पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दाम, कोविड कुप्रबंधन और वैक्सीन की किल्लत, विदेश नीति, राफेल डील समेत जैसे कई मुद्दों पर घेरने की तैयारी की है|