अहमदाबाद: Morbi Bridge Collapses: गुजरात के अहमदाबाद में कांग्रेस सांसद पी. चिदंबरम ने कहा,'' मोरबी ब्रिज गिरने की घटना ने गुजरात के नाम को शर्मसार कर दिया है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि सरकार की ओर से किसी ने भी इस घटना के लिए माफी नहीं मांगी है। किसी ने इसकी जिम्मेदारी लेकर इस्तीफा नहीं दिया|
पूर्व केंद्रीय गृह मंत्री पी. चिदंबरम ने कहा,''दुख की बात है कि मोरबी में इतना बड़ा हादसा हुआ और निर्दोष लोग मारे गए, लेकिन इस क्रूर सरकार ने न तो माफी मांगी और न ही जिम्मेदारी ली। चिदंबरम ने कहा,''मुझे मोरबी त्रासदी से गहरा दुख हुआ है, सरकार इस मामले में जिम्मेदार कंपनी के मालिक को जेल भेजकर मृतकों को न्याय दिलाए.
पी. चिदंबरम ने कहा,''विकास के नाम पर बीजेपी ने गुजरात को कर्जदार बना दिया है| चिदंबरम ने कहा,'गुजरात की गिरती विकास दर गुजरात की अर्थव्यवस्था के लिए खतरे का संकेत है।
बता दें कि, मोरबी शहर में स्थिति ऐतिहासिक केबल ब्रिज रविवार, 30 अक्टूबर की शाम को टूट गया था। हादसे में माच्छू नदी में डूबकर 141 लोगों की मौत हो गई थी|। कुछ दिन पहले ही इसकी मरम्मत की गई थी। हादसे से 4 दिन पहले 26 अक्टूबर को यह ब्रिज आम लोगों के लिए खोला गया था।
गुजरात हाईकोर्ट ने मोरबी ब्रिज हादसे का स्वत: संज्ञान लिया
गुजरात हाईकोर्ट ने मोरबी ब्रिज हादसे का स्वत: संज्ञान लिया। गृह विभाग, शहरी आवास, मोरबी नगर पालिका, राज्य मानवाधिकार आयोग सहित राज्य सरकार के अधिकारियों को नोटिस जारी किया। कोर्ट ने राज्य से एक सप्ताह के भीतर पूरी घटना की रिपोर्ट मांगी है। अगली सुनवाई 14 नवंबर को होगी।
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मोरबी के माच्छू नदी पर बना केबल ब्रिज 'टूटा'; 4 दिन पहले ही जनता के लिए खोला गया था पुल