कई लोग कहते हैं कि कलयुग में कुछ भी हो सकता है. लेकिन जिस तरह की खबरें इन दिनों आ रही है
उससे कहा जा सकता है . देश में लोगों को ठगने के लिए ठग कई तरह के तरीके इजात कर रहे हैं.
ऐसी ही कहानी गुजरात के सूरत से सामने आई है.
सूरत पुलिस ने गुरुवार को एक ऐसे रैकेट का भंडाफोड़ किया है, जिसमें फर्जी मेडिकल डिग्री बेची जा रही थी.
प्राप्त जानकारी के अनुसार इस मामले में कुल 13 लोगों को गिरफ्तार किया गया है,
जिसमें मास्टरमाइंड और फर्जी सर्टिफिकेट के आधार पर ‘डॉक्टर’ के तौर पर काम करने वाले लोग शामिल हैं.
अलीगढ़ के आलमबाग में फोनेक्स इंस्टीट्यूट ऑफ वोकेशनल ट्रेनिंग के जरिए फर्जी डॉक्टर बनाने का खेल उजागर हुआ है।
स्वास्थ्य विभाग ने संस्थान को सील कर दिया और संचालक को नोटिस जारी किया है।
यहां से 40 लोग बिना मान्यता के डॉक्टर बनने का दावा कर प्रैक्टिस कर रहे थे।
छात्रा निशा द्वारा की गई शिकायत के बाद यह मामला सामने आया,
जब उसने संस्थान से कोर्स और पंजीकरण के बारे में सवाल किए।
वे बैचलर ऑफ इलेक्ट्रो होम्योपैथी मेडिकल साइंस (बीईएमएस) सर्टिफिकेट की फर्जी डिग्री के आधार पर प्रैक्टिस कर रहे थे,
जहां से क्लीनिक चलाने वाले कई आरोपियों को पकड़ा गया.