प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम में इंडियन ऑयल की बोंगाईगांव रिफाइनरी में इंडमैक्स इकाई, डिब्रूगढ़ के मधुबन में ऑयल इंडिया लिमिटेड के सेकेंडरी टैंक फार्म औरतिनसुकिया के मकुम के हेबड़ा गांव में एक गैस कंप्रेशर स्टेशन को राष्ट्र को समर्पित किया।इसी के साथ प्रधानमंत्री ने धेमाजी इंजीनियरिंग कॉलेज का उद्घाटन किया और सुआलकुची इंजीनियरिंग कॉलेज का शिलान्यास किया।
जब मैं यहां गोगामुख में इंडियन एग्रीकल्चर रिसर्च इंस्टीट्यूट का शिलान्यास करने आया था, तो मैने कहा था कि नार्थ ईस्ट भारत की ग्रोथ का नया इंजन बनेगा। आज हम इस विश्वास को हमारी आंखों के सामने धरती पर उतरता देख रहे हैं| जिन लोगों ने दशकों तक देश में राज किया उन्होंने दिसपुर को दिल्ली से दूर मान लिया। इस सोच की वजह से असम का बहुत नुकसान हुआ। लेकिन अब दिल्ली दूर नहीं है, दिल्ली आपके दरवाजे पर खड़ा है: प्रधानमंत्री
आत्मनिर्भर बनते भारत के लिए लगातार अपने सामर्थ्य में भी वृद्धि आवश्यक है। बीते वर्षों में हमने भारत में ही, रिफाइनिंग व इमरजेंसी के लिए ऑयल स्टोरेज कैपेसिटी को काफी ज्यादा बढ़ाया है। बोंगइगांव रिफाइनरी में भी रिफाइनिंग कैपेसिटी बढ़ाई गई है: प्रधानमंत्री
इन सारे प्रोजेक्टस से नॉर्थ ईस्ट और असम में लोगों का जीवन आसान होगा और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। मूलभूत सुविधाएं मिलने से लोगों का आत्मविश्वास बढ़ता है। यह क्षेत्र का भी विकास करता है और देश का भी विकास करता है: प्रधानमंत्री
गरीब बहनों-बेटियों का रसोई के धुएं और बीमारियों के जाल में रहना, उनके जीवन की बहुत बड़ी मजबूरी थी। हमने उज्जवला योजना के माध्यम से इस स्थित??? को बदल दिया है। असम में आज गैस कनेक्शन का दायरा तकरीबन शत-प्रतिशत हो रहा है: प्रधानमंत्री
नीति सही हो, नीयत साफ हो तो नियति भी बदलती है। आज देश में जो गैस पाइपलाइन का नेटवर्क तैयार हो रहा है, देश के हर गांव तक ऑप्टिकल फाइबर बिछाया जा रहा है, हर घर जल पहुंचाने के लिए पाइप लगाया जा रहा है, वो भारत मां की नई भाग्य रेखाएं हैं: प्रधानमंत्री
आज पूरी दुनिया भारत के इंजीनियर्स का लोहा मान रही है। असम के युवाओं में तो अद्भुत क्षमता है। इस क्षमता को बढ़ाने के लिए राज्य सरकार जी जान से जुटी है। असम सरकार के प्रयासों के कारण ही आज यहां 20 से ज्यादा इंजीनियरिंग कॉलेज हो चुके हैं: प्रधानमंत्री
बेटियों के लिए विशेष कॉलेज हों, पॉलिटेक्निक हो या दूसरे संस्थान, असम की सरकार इसके लिए बड़े स्तर पर काम कर रही है। असम सरकार यहां नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति को जल्द से जल्द लागू करने की कोशिश कर रही है।: प्रधानमंत्री
ब्रह्मपुत्र के आशीर्वाद से, इस क्षेत्र की जमीन बहुत ही उपजाऊ रही है। यहां के किसान अपने सामर्थ्य को बढ़ा सकें, उन्हें खेती की आधुनिक सुविधाएं मिल सकें, उनकी आय बढ़े, इसके लिए राज्य और केंद्र सरकार मिलकर काम कर रही हैं: प्रधानमंत्री
असम की अर्थव्यवस्था में नॉर्थ बैंक के टी-गार्डन्स की भी बहुत बड़ी भूमिका है। इन टी गार्डन्स में काम करने वाले हमारे भाई-बहनों का जीवन आसान बने, ये भी हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है| मछली व्यवसाय से जुड़े किसानों के लिए 20,000 करोड़ रुपये की एक नई योजना बनाई गई है, जिसका लाभ असम के मत्स्य उद्योग से जुड़े भाईयों को भी मिलेगा: प्रधानमंत्री
इतनी सारी विकास योजनाओं के लिए, आत्मनिर्भर असम बनाने के लिए, भारत के निर्माण में असम के योगदान के लिए, हरेक असमवासी के कल्याण के लिए आज जो अनेक योजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण हुआ है, उसके लिए मैं एक बार फिर आप सबको बधाई देता हूं| प्रधानमंत्री
नॉर्थ बैंक में भरपूर सामर्थ्य होने के बावजूद पहले की सरकारों ने इस क्षेत्र के साथ सौतेला व्यवहार किया। यहां की कनेक्टिविटी हो, अस्पताल हों, शिक्षा के संस्थान हों, उद्योग हों, पहले की सरकारो की प्राथमिकता में नहीं रहे| सबका साथ-सबका विकास और सबका विश्वास के मंत्र पर काम कर रही हमारी सरकार ने इस भेदभाव को दूर किया है: PM