मुख्य सामग्री पर जाएँ
24 अगस्त 2026

बस्ती न्यूज़ :नर्सरी से महक रही नीलम उपाध्याय के जीवन की बगियां

कप्तानगंज क्षेत्र की बिस्नोहरपुर निवासी 42 वर्षीय नीलम उपाध्याय महिला सशक्तिकरण की मिसाल बनी हुई है। उन्होंने 6 वर्ष पूर्व पर्यावरण संरक्षण की दिशा में छोटी सी पहल से शुरुआत की है। पहले घर पर पौधों क…

बस्ती न्यूज़ :नर्सरी से महक रही नीलम उपाध्याय के जीवन की बगियां
बस्ती न्यूज़ :नर्सरी से महक रही नीलम उपाध्याय के जीवन की बगियां — बस्ती, उत्तर प्रदेश | फ़ोटो: TVL News


कप्तानगंज क्षेत्र की बिस्नोहरपुर निवासी 42 वर्षीय नीलम उपाध्याय महिला सशक्तिकरण की मिसाल बनी हुई है। उन्होंने 6 वर्ष पूर्व पर्यावरण संरक्षण की दिशा में छोटी सी पहल से शुरुआत की है। पहले घर पर पौधों की नर्सरी तैयार कर रही हैं। और फिर इसे व्यवसाय में शामिल कर लिया।   उनके इस प्रयास को गांव की अन्य महिलाओं ने भी अपनाना शुरू कर दिया है। उनकी नर्सरी में विभिन्न प्रकार के पौधे लहलहाते देखे जा सकते हैं। उनके पति दिल्ली में फ्लावर डेकोरेशन का कार्य करते थे। उनके कार्यों से ही उनके मन में प्रेरणा आई। उनकी नर्सरी में रैविश पाम व टेका पाम के अलावा तेजपत्ता, दालचीनी, चंदन, हर्रै, नाशपाती,चीकू, मौसमी, सेब, चेरी सहित विभिन्न तरह के सजावटी फूल व पौधे भी उपलब्ध हैं। श्री नर्सरी के पौधे अन्य प्रदेशों में भी जा रहे हैं।


राष्ट्रीय राजमार्ग पर गौरा गांव की सीमा में नर्सरी चला रहीं नीलम उपाध्याय का शौक अपने आप में अनूठा है। पति व बच्चों के सहयोग से उन्होंने ऐसी नर्सरी विकसित की है जिसमें विभिन्न प्रकार के पौधे हैं। कहती हैं कि पति को दिल्ली में फ्लावर डेकोरेशन का कार्य करते देख मन में यह भाव उठा कि क्यों न गांव पर चलकर खुद की नर्सरी तैयार की जाए। जिन फूलों को लोग महंगे दाम पर खरीद कर लाते हैं,उन्हें दूसरों को भी उगाने के लिए प्रेरित किया जाए। यही सोच कर 5  वर्ष पहले गांव आ गए। पति एक निजी विद्यालय में नौकरी करने लगे। सुबह-शाम नर्सरी में भी हाथ बंटाते हैं। कहती हैं कि यह पौधे न केवल बाहर की हवा शुद्ध करते हैं बल्कि अगर इन्हें गमले में लगा कर घर के अंदर रखा जाए तो वहां की भी वायु शुद्ध करने में सहायक होते हैं। नर्सरी में तेजपत्ता,दालचीनी,चंदन, हर्रैय नाशपाती,चीकू,मुसम्मी, सेब, चेरी जैसे दुर्लभ पौधों के अलावा सजावटी पौधे भी उपलब्ध हैं। जिन्हें बेचकर अच्छी आमदनी कर रही है।  नीलम की बेटियां व बेटा भी मदद करते हैं। इनकी इस कला से आस पड़ोस की महिलाएं भी काफी प्रभावित हैं। उन्होंने भी इस कार्य को स्वरोजगार से जोड़़ लिया है। नीलम अपनी नर्सरी मे महिलाओं के साथ खुद गमले का निर्माण कराती हैं। नीलम की नर्सरी के फल-फूल देखते ही बनते हैं।




tvlnews

TVL News (TheViralLines) के संवाददाता। यह रिपोर्ट स्थानीय स्रोतों और उपलब्ध आधिकारिक जानकारी की पुष्टि के बाद प्रकाशित की गई है। किसी तथ्य में सुधार के लिए संपर्क करें या +91 99996 56869 पर WhatsApp करें।

मुफ़्त अलर्ट

ऐसी हर खबर सबसे पहले पाएँ

बस्ती, गोंडा, अयोध्या, गोरखपुर और लखनऊ के अपडेट सीधे आपके WhatsApp पर।

इन्हें भी पढ़ें

टॉप न्यूज़ की सभी खबरें

इस खबर से जुड़े सवाल

यह खबर कब प्रकाशित हुई और आखिरी बार कब अपडेट की गई?

यह रिपोर्ट 8 मार्च 2025 को TVL News पर प्रकाशित हुई और 10 मई 2025 को अपडेट की गई। नई जानकारी मिलने पर खबर को अपडेट किया जाता है।

बस्ती की और खबरें कहाँ पढ़ें?

बस्ती की ताज़ा खबरें TVL News के ज़िला सेक्शन में पढ़ी जा सकती हैं। thevirallines.net पर बस्ती, गोंडा, अयोध्या, गोरखपुर और लखनऊ के अलग-अलग पेज हर दिन अपडेट होते हैं।

इस खबर में कोई तथ्य ग़लत लगे तो क्या करें?

TVL News हर सुधार को गंभीरता से लेता है। +91 99996 56869 पर WhatsApp करें या thevirallines@gmail.com पर लिखें — पुष्टि के बाद खबर तुरंत सुधारी जाती है।