भोपाल: मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने राज्य में बने बाढ़ के हालात पर चिंता जताई है। साथ ही प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से प्रभावितों के लिए बेहतर प्रबंध किए जाने का आग्रह किया है| पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि,प्रदेश में अतिवर्षा का दौर जारी है। 12 से अधिक जिले व 400 से अधिक गाँव बाढ़ की चपेट में है। नदियाँ उफान पर हैं। बाढ़ ने प्रदेश के कई हिस्सों को प्रभावित किया है। लोगों का भारी नुकसान हुआ है।
मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने रविवार को कहा कि प्रदेश में अतिवर्षा का दौर जारी है। प्रदेश के 12 से अधिक ज़िले व 400 से अधिक गाँव बाढ़ की चपेट में है। नदियाँ उफान पर है। बाढ़ ने प्रदेश के कई हिस्सों को प्रभावित किया है। लोगों का भारी नुक़सान हुआ है। मेने प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह से इस पर चर्चा कर चिंता व्यक्त की है।
कमलनाथ ने कहा कि,''प्रभावित लोगों के रहने , खाने- पीने की समुचित व्यवस्था की जावे। पूरा प्रदेश , हम सभी , संकट की इस घड़ी में प्रभावित लोगों के साथ खड़े है। जिन इलाक़ों में अभी भी ख़तरा बना हुआ है , वहाँ विशेष चौकसी बरती जावे। पानी वाले पर्यटन स्थलों पर आवाजाही पर रोक लगायी जावे।वहाँ भी सुरक्षा के समुचित इंतज़ाम किये जावे। कमलनाथ ने कहा कि मै प्रदेश भर के समस्त कांग्रेसजनो से भी अपील करता हूँ कि संकट की इस घड़ी में वे प्रभावित इलाक़ों में मुस्तैदी से जुट जावे।प्रशासन की टीम के साथ मिलकर राहत व बचाव कार्यों में मदद करे। प्रभावित लोगों के रहने , खाने- पीने की मदद करे।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि, "मध्यप्रदेश में पिछले दो दिनों से जारी भारी बारिश के कारण कई ज़िलों में बाढ़ के हालात बन गये हैं। मै सभी कांग्रेस कार्यकर्ताओं से अनुरोध करता हूँ कि बाढ़ पीड़ितों/प्रभावितों को हर संभव मदद पहुँचाने का कार्य करें। प्रदेशवासी अपनी एवं अपनों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें।