चेन्नई: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई पहुंच गए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अर्जुन मेन बैटल टैंक (एमके-1ए) को भारतीय सेना को समर्पित किया। युद्ध टैंक को स्वदेशी रूप से डिजाइन, विकसित और निर्मित किया गया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चेन्नई में सेना प्रमुख जनरल एम.एम. नरवणे को अर्जुन मेन बैटल टैंक(एमके-1ए) सौंपा। उन्होंने यहां सेनाध्यक्ष जनरल एमएम नरवणे को युद्धक टेंक अर्जुन (एमके-1ए) की चाबी सौंप दी है।
इसके अलावा मोदी ने ₹3,770 करोड़ की लागत से बने चेन्नई मेट्रो रेल फेज-1 एक्सटेंशन का उद्घाटन किया। उन्होंने वाशरमेनपेट से विम्को नगर तक यात्री सेवा को भी हरी झंडी दिखाई। यह एक्सटेंशन नॉर्थ चेन्नई को एयरपोर्ट और सेंट्रल रेलवे स्टेशन से जोड़ेगा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चेन्नई बीच और अट्टिपट्टु’ के मध्य चौथी रेलवे लाइन का उद्घाटन किया। ₹293.40 करोड़ की लागत से तैयार 22.1 किलोमीटर का यह खंड चेन्नई और तिरुवल्लूर ज़िलों से होकर गुजरता है और चेन्नई बंदरगाह और इसके आसपास ट्रैफिक को सुगम बनाएगा।
प्रधानमंत्री ने विल्लुपुरम- कुड्डालोर- मयिलादुथुरई- थंजावुर और मयिलादुथुरई- थिरुवरुर में सिंगल लाइन रेलवे खंड के विद्युतीकरण का उद्घाटन किया। ₹423 करोड़ की लागत से बने 228 कि.मी लंबे मार्ग के विद्युतीकरण से प्रतिदिन करीब ₹14.61 लाख के ईंधन की बचत होगी।
प्रधानमंत्री ने ग्रैंड एनीकट नहर प्रणाली के विस्तार और आधुनिकीकरण का शिलान्यास किया। इस नहर का आधुनिकीकरण ₹2,640 करोड़ की लागत से होगा, जिससे नहरों में जल वहन की क्षमता बढ़ेगी। प्रधानमंत्री ने आईआईटी मद्रास के डिस्कवरी कैंपस का शिलान्यास किया। पहले चरण में 2 लाख वर्ग मीटर से अधिक एरिया में बनने वाले इस कैंपस के निर्माण में ₹1000 करोड़ की लागत आएगी
चेन्नई शहर उत्साह, र्जा और क्रियेटिविटी से भरपूर है। आज कई इन्फ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं का शुभारंभ किया गया है। ये परियोजनाएं इनोवेशन और स्वदेशी के उदाहरण हैं, जो विकास को बढ़ावा देगा : प्रधानमंत्री
मैं रिकॉर्ड खाद्यान्न उत्पादन और जल संसाधन के समुचित इस्तेमाल के लिए तमिलनाडु के किसानों की सराहना करता हूँ। ग्रैंड एनीकट नहर प्रणाली आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्यों का प्रेरणा स्रोत है: प्रधानमंत्री
चेन्नई मेट्रो चरण- I परियोजना वैश्विक महामारी के बावजूद निर्धारित समय पर पूरी हुई है। इसका सिविल निर्माण गतिविधियों को भारतीय ठेकेदारों द्वारा पूरा किया गया था, जो आत्मनिर्भर भारत का प्रतीक है: प्रधानमंत्री
कई परियोजनाओं का विद्युतीकरण डेल्टा जिलों के लिए वरदान साबित होगा। बेहतर कनेक्टिविटी से सुविधा और व्यापार बढ़ता है। 228 किलोमीटर लंबी इस लाइन से खाद्यान्नों की तेजी से आवाजाही सुनिश्चित होगी: प्रधानमंत्री