नई दिल्ली: यमुना नदी के जलस्तर में लगातार हो रही वृद्धि को देखते हुए दिल्ली नगर निगम (MCD) के सभी स्कूल 16 जुलाई तक बंद रहेंगे। राष्ट्रीय राजधानी में बाढ़ की स्थिति अभी भी बनी हुई है. राष्ट्रीय राजधानी में यमुना में बढ़े जल स्तर के कारण यमुना बाजार इलाके में गंभीर बाढ़ आई हुई है। लोगों को नाव का सहारा लेना पड़ रहा है। भारी मानसून और बारिश के मद्देनजर लाल किला 14 जुलाई तक सार्वजनिक और सामान्य के लिए बंद रहेगा। यमुना नदी के बढ़ते जलस्तर के कारण दिल्ली सरकार ने सिंघु बॉर्डर, बदरपुर बॉर्डर, लोनी बॉर्डर और चिल्ला बॉर्डर से भारी मालवाहक वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया है।
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि,''DDMA की बैठक हुई थी जिसमें कई अहम निर्णय लिए गए हैं। स्कूल, विश्वविद्यालय को रविवार तक के लिए बंद करने का निर्णय लिया गया है। सरकारी दफ्तर जो अत्यावश्यक सेवाएं देतें हैं उनको छोड़कर सभी अन्य सरकारी दफ्तरों को घर से काम करने के लिए कहा गया है। नीजि दफ्तरों से भी इसकी अपील की गई है। अगले एक-दो दिन दिल्ली के लोगों को पानी की दिक़्कत होने वाली है.
एक पीड़ित महिला ने कहा कि,''बाढ़ की वजह से काफी दिक़्कत आई है जिसकी वजह से हमारे कमरों में पानी भर चुका है। हमें उम्मीद नहीं थी कि इतना पानी भर जाएगा। हमें सरकार की तरफ से कोई सुविदा नहीं दी गई है। यहां खाने, पीने की सुविधा है और न ही बिजली है.
दिल्ली सरकार में मंत्री सौरभ भारद्वाज ने कहा कि,'' वज़ीराबाद वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में पानी भरने से पंप बंद करने पड़े हैं। वहीं से ओखला और चंद्रावल वाटर ट्रीटमेंट प्लांट (WTP) में स्पलाई होता है। यह 3 WTP मिलकर करीब दिल्ली का 1/3 पानी बनाता है और यह तीनों ही काम नहीं कर रहे। इसलिए दिल्ली में पानी राशनिंग करनी पड़ेगी.
सौरभ भारद्वाज ने कहा कि,''पुराने रेलवे पुल पर यमुना का जलस्तर 208.62 है और जो खतरे का निशान 205.33 है। यानी यमुना अपने खतरे के निशान से करीब 2 मंजील ऊपर बह रही है। ITO ब्रिज के पास इस बैराज में 32 गेट हैं जिसमें से 5 गेट नहीं खुल रहे। अगर यह गेट नहीं खुलते तो इनको गैस कटर की मदद से काट कर खोलेंगे.
दिल्ली में बाढ़ जैसी स्थिति पर कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने कहा कि,''जब साथ मिलकर समन्वय बनाने की जरूरत थी तब वे नीचा दिखाते रहे। आज से 3 दिन पहले मुख्यमंत्री कह रहे थे कि दिल्ली में बाढ़ की कोई आशंका नहीं है। क्या उनको मौसम वैज्ञानिक जो बता रहे थे वह नहीं पता था। क्या उनको नहीं पता था कि पहाड़ों में बारिश हो रही है.