नई दिल्ली: चित्रकूट जिला जेल में गैरकानूनी मुलाकातों को लेकर गिरफ्तार की गई अब्बास अंसारी की पत्नी निखत बानो अंसारी (Nikha tBano) को आज सुप्रीम कोर्ट (SupremeCourt) ने जमानत दे दी। उत्तर प्रदेश पुलिस ने सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के विधायक के साथ कथित गैरकानूनी मुलाकातों को लेकर इनकी गिरफ्तारी की थी।
न्यायमूर्ति ए.एस. बोपन्ना और एम.एम. सुंदरेश की पीठ ने यह कहकर जमानत दे दी कि वह एक महिला है और साथ ही एक साल के बच्चे की स्तनपान कराने वाली मां भी है।
अब्बास अंसारी की पत्नी निखत अंसारी ने इलाहाबाद उच्च न्यायालय के उस आदेश को चुनौती देते हुए शीर्ष अदालत का रुख किया था जिसने उसकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी। इलाहाबाद उच्च न्यायालय की लखनऊ पीठ ने बानो की 29 मई को जमानत याचिका खारिज कर दी थी।
बताते चलें कि, मुख्तार अंसारी के विधायक पुत्र अब्बास अंसारी की पत्नी निखत अंसारी को चित्रकूट जेल में अनुचित तरीके से मिलने के बाद 11 फरवरी को गिरफ्तार कर लिया गया था| जेल परिसर में निखतके पास से एक मोबाइल फोन और खाने का सामान भी बरामद किया गया। निखत शुक्रवार ,10 फरवरी को बंदी मुलाकाती रजिस्टर में नाम दर्ज कराए बिना अपने पति अब्बास से मिलने जेल पहुंची थीं। मामले में जेल अधीक्षक अशोक सागर, जेलर, डिप्टी जेलर सहित आठ लोगों को निलंबित कर दिया गया था।
10 फरवरी को निखत अंसारी अवैध तरीके से चित्रकूट जिला जेल पहुंची थीं| जिसकी जानकारी प्रशासन को हुई तो जिलाधिकारी अभिषेक आनंद व पुलिस अधीक्षक वृंदा शुक्ला ने जेल में छापा मारा| तो वह (अब्बास अंसारी) अपने सेल में नहीं था| एक निजी कमरे में मिल रहे थे| पुलिस ने निकहत अंसारी को गिरफ्तार कर मोबाइल जब्त कर लिया|
11 फरवरी को एसपी चित्रकूट ने कहा था, “हमने तलाशी ली और पाया कि अब्बास अंसारी अपनी पत्नी से एक निजी कमरे में मिल रहे थे और मुलाकाती रजिस्टर में इसका उल्लेख नहीं था। हमने उनके पास से मोबाइल फोन भी बरामद किए जो कानून के खिलाफ है। जेल अधिकारियों और उनसे निजी तौर पर मिलने वालों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।