जयपुर : कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद के इस्तीफा देने पर राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि,''जो टिप्पणियां की गई हैं वो उचित नहीं है। मैं खुद सदमे में हूं कि जिस व्यक्ति (आजाद) को पार्टी ने 42 वर्षों तक कभी बगैर पद के नहीं रखा, वह कांग्रेस के बारे में ऐसी बातें कहेंगे| एक ऐसा नेता जिन्हें 42 वर्षों में सब कुछ मिला वो आज ऐसे संदेश दे रहें जो मेरे समझ के परे हैं|
अशोक गहलोत ने कहा कि,'गुलाम नबी आजाद को अवसर देने में कांग्रेस ने कमी नहीं रखी, 42 साल तक जिनको हमेशा पदों पर रखा हो, केंद्रीय मंत्री, एआईसीसी के महामंत्री, चीफ मिनिस्टर जम्मू-कश्मीर के, सबकुछ मिला हो, उनसे कोई देश में उम्मीद ही नहीं करता था कि आजाद साहब इस प्रकार का पत्र लिख देंगे।
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि,'पहले सोनिया गांधी जी बीमार थीं तब पत्र लिखा, तो लोगों ने अन्यथा लिया कि जब हमारी नेता बीमार हैं, भर्ती हैं अस्पताल के अंदर, उस वक्त पत्र क्यों लिखा गया, अब वो जब चेकअप के लिए गई हैं अमेरिका तो उस वक्त पत्र लिखकर आप क्या संदेश देना चाहते हो..?
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि,आजाद साहब जैसे व्यक्ति को जिनको कांग्रेस ने सबकुछ दिया है, आज उनकी पहचान देश में है तो कांग्रेस के कारण से है, इंदिरा गांधी जी, राजीव गांधी जी, नरसिम्हा राव जी और सोनिया गांधी जी के कारण से है... उन्होंने जिस प्रकार से भावना प्रकट की है, मैं समझता हूं कि उचित नहीं कही जा सकती है।