नई दिल्ली: सर्वोच्च न्यायालय (Suprem Court) ने मोदी सरनेम मामले में कांग्रेस (Congress) नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) को बड़ी राहत देते हुए सजा पर रोक लगा दी है। सुप्रीम कोर्ट (Suprem Court) द्वारा राहुल गांधी (Rahul Gandhi) की सजा पर रोक लगाने के बाद अब यह भी साफ हो गया है कि राहुल गांधी की लोकसभा (LokSabha) की सदस्यता फिर से बहाल हो सकती है। सर्वोच्च न्यायालय के फैसले का राष्ट्रीय जनता दल (RJD) और जनता दल (यूनाइटेड) ने स्वागत किया है।
राजद नेता और बिहार के उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) ने सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बाद ट्वीट कर कहा, "माननीय सर्वोच्च न्यायालय का राहुल गांधी जी के संदर्भ में लिया गया फैसला स्वागत योग्य है। अगर भाजपा के दुष्प्रचारी एवं कॉम्प्रोमाइज्ड तंत्र को ये झटका नहीं लगता तो कई और विपक्षी नेताओं को ये साजिशों व षड्यंत्रों के तहत विधायिका से बाहर रखने की जालसाजी जारी रखते। सत्यमेव जयते।"
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गेने 'मोदी सरनेम' टिप्पणी मानहानि मामले में राहुल गांधी की सजा पर रोक लगाने वाले सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत किया। खड़गे ने कहा कि सच्चाई की ही जीत होती है और राहुल गांधी के खिलाफ भाजपा (BJP) की साजिश पूरी तरह से विफल रही है।
उन्होंने यह भी कहा कि अब समय आ गया है कि भाजपा लोगों से मिले जनादेश का सम्मान करे और देश पर शासन करना शुरू करे। जिसमें भाजपा दस सालों में पूरी तरह विफल रही है।
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समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि,''मा. सर्वोच्च न्यायालय ने राहुल गांधी जी की सज़ा पर रोक लगाकर भारतीय लोकतंत्र और न्यायपालिका में लोगों की आस्था को बढ़ावा दिया है। भाजपा की नकारात्मक राजनीति का अहंकारी ध्वज आज उनके नैतिक अवसान के शोक में झुक जाना चाहिए।
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने 'मोदी सरनेम' मानहानि मामले में अपने भाई और पार्टी नेता राहुल गांधी की सजा पर रोक लगाने के लिए सुप्रीम कोर्ट (Suprem Court) को धन्यवाद दिया और गौतम बुद्ध की पंक्तियां उद्धृत करते हुए कहा कि 3 चीजें सूर्य, चंद्रमा और सत्य लंबे समय तक छिप नहीं सकते।
सुप्रीम कोर्ट द्वारा शुक्रवार को 'मोदी सरनेम' मानहानि मामले में कांग्रेस (Congress) नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) की सजा पर रोक लगाने के बाद, सबसे पुरानी पार्टी ने फैसले की सराहना करते हुए कहा, "कोई भी ताकत लोगों की आवाज को चुप नहीं करा सकती है।"
कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने एक ट्वीट में कहा, "सुप्रीम कोर्ट का फैसला सत्य और न्याय की एक मजबूत पुष्टि है। भाजपा की मशीनरी के अथक प्रयासों के बावजूद, राहुल गांधी ने टूटने या झुकने से इनकार कर दिया है, इसके बजाय उन्होंने न्यायिक प्रक्रिया में अपना विश्वास बनाए रखने का विकल्प चुना है।"