पाश्चिम बंगाल के बालूरघाट में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ममता बनर्जी पर जमकर निशाना साधा| बंगाल के बालूरघाट में जनसभा को संबोधित करते हुए राजनाथ सिंह ने कहा,'''बंगाल में 34 साल CPM और 10 साल TMC की सरकार रहने के बावजूद बंगाल जो औद्योगिक राज्य के रूप में माना जाता था 44 साल में इन पार्टियों ने बंगाल को तबाह कर दिया|
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा,''हमने पश्चिम बंगाल में हाईवे बनाने के लिए बहुत पैसे दिए है। हमें डर है कि ममता बनर्जी इसे लटका न दे, अटका न दे, भटका न दे। लेकिन मैं जानता हूं कि हाईवे के लिए जो पैसा दिया है अब वह न लटकेगा, न भटकेगा, न अटकेगा और हाईवे बनेगा क्योंकि TMC जा रही है और BJP आ रही है|
राजनाथ सिंह ने कहा,'करीब 764 कि.मी. हाइवें को चौड़ा करने पर 1200 करोड़ रूपए पश्चिम बंगाल की TMC सरकार को दिए गए मगर मुझे पता चला है कि यहां की TMC सरकार ने ठीक से काम ही नहीं कराया है। मुझे पता चला कि बालूरघाट से कलत्ता के पास बाबूघाट तक जाने में 16 घंटे का समय लगता है| अब इस बार के बजट में भी मार्च 2022 तक पश्चिम बंगाल में 8500 कि.मी. Highways को बनाने का प्रस्ताव रखा गया है। इसके लिए 25000 करोड़ रूपए पश्चिम बंगाल के लिए Allocate भी हो गए है। मगर डर इस बात का है कि कहीं यह काम भी यहां की TMC सरकार लटका न दे, अटका न दे या भटका न दे: रक्षामंत्री
राजनाथ सिंह ने कहा,''पश्चिम बंगाल में आज न न मां सुरक्षित, न माटी सुरक्षित और मानुष सुरक्षित है| पश्चिम बंगाल में भ्रष्टाचार और राजनीतिक हिंसा एक महामारी की तरह है। इसकी वैक्सीन हमारे प्रधानमंत्री के पास है| करीब 150-200 भाजपा कार्यकर्ता पिछले 7-8 सालों में पश्चिम बंगाल में मार दिए गए है, करीब डेढ़ हजार लोग घायल हुए। मैं कार्यकर्ताओं का अभिनंदन करूँगा कि इतनी विपरीत परिस्थितियों में काम करना पड़ रहा है|
जब केंद्र में UPA की सरकार थी तो 13th Finance Commission के अंतर्गत केवल 1 लाख 32 हजार करोड़ रुपए पश्चिम बंगाल को मिले थे जबकि NDA के आने के बाद पश्चिम बंगाल को 14th Finance Commission के अंतर्गत 4 लाख 48 हजार करोड़ रुपए दिए गए| इसके बावजूद ममता दीदी दोष मोदी जी को ही देती हैं। अपनी बांग्ला में एक कहावत है ‘जोतो दोष, नंदो घोष’। ममता दी नरेंद्र मोदीजी को ‘नंदो घोष’ बनाने पर तुली हुई है। मगर ‘आर नोई उन्नाय’/अब और अन्याय नहीं|
राजनाथ सिंह ने कहा,''ममता दीदी कह रही है बंगाल में ‘खेला होबे’। ‘खेला होबे’.... निश्चोई होबे... अब तो पश्चिम बंगाल में " बोड़ो खेला होबे। ऐई खेला बिकास का खेला होबे। ऐई खेला शान्ति का खेला होबे| ममता दीदी ऐई ‘दादागिरी’ चोलबे न न ‘ऐई समय पोरिबोरतने समय आछे।’ इसलिए आने वाले विधानसभा चुनावों में परिवर्तन करिए और ‘शोनार बांगला’ का सपना साकार करके रहेंगे|