लखनऊ: लखनऊ के हजरतगंज में एक होटल में भीषण आग लग गई। हजरतगंज इलाके के होटल लेवाना में सोमवार सुबह (5 सितंबर) को भीषण आग लग गई, जिसमें 4 लोगों की मौत हो गई, जबकि 10 घायल हो गए और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बचाव कार्य जारी रहने के साथ ही तीन एंबुलेंस और दमकल की गाड़ियां मौके पर मौजूद हैं।
अभी तक होटल के अंदर से 20 से ज्यादा लोगों को निकाला गया। हादसे के वक्त होटल में करीब 40-45 लोग मौजूद थे। दमकल की टीम मौके पर मौजूद है। रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही है। प्राथमिक अनुमान में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। हादसे में होटल में रुके अंश कौशिक, कामिनी, मोना चौधरी झुलस गए। होटल के कर्मचारी श्रवण और राजकुमार भी हादसे का शिकार हो गए। जबकि राहत व बचाव कार्य के दौरान चंद्रेश यादव व प्रदीप मौर्या की हालत बिगड़ गई।
वहीं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंडलायुक्त और पुलिस कमिश्नर की संयुक्त कमेटी को जांच का आदेश दिया है। प्रदेश के उपमुख्मंत्री ब्रजेश पाठक भी घायलों का हालचाल लेने सिविल अस्पताल पहुंचे और कहा कि मामले की जांच की जाएगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
जानकारी के अनुसार, सोमवार की सुबह करीब साढ़े सात बजे हजरतगंज के सुल्तानगंज इलाके में स्थित लिवाना होटल में भीषण आग लगी है।आग में झुलसे लोगों को सिविल अस्पताल भेजा गया है। अभी तक होटल के अंदर से 20 से ज्यादा लोगों को निकाला गया है। कुछ लोगों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है।
लखनऊ के DM सूर्यपाल गंगवार ने बताया,''आग लगने के कारणों का पता लगाया जा रहा है, इनके पास कुल 30 रूम थे जिसमें से 18 भरे हुए थे। उनमें 35-40 लोगों के रहने की संभावना है, कुछ लोग सुबह निकल गए थे और कुछ लोग सूचना मिलने के बाद निकले और कुछ लोग जो फंसे रह गए उन्हें बाहर निकाला गया है| गंगवार ने कहा,,'अगर किसी की भी लापरवाही या संलिप्तता संज्ञान में आती है तो उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। सर्च जारी है|
DG (फायर) अविनाश चंद्र ने बताया,'रूम में पूरा धुंआ है जिसकी वजह से अंदर जाने में दिक्कत हो रही है, खिड़कियों में पिन्स और छड़े लगे हुए हैं जिससे तोड़ने का काम चल रहा है। कुछ लोगों को बचाया गया है और अन्य लोगों को बचाने की कोशिश जारी है। किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है|
लखनऊ कमिश्नर एस बी शिरोड़कर ने बताया कि होटल प्रबंधन के रिकॉर्ड के अनुसार 38 से 40 लोग वहां पर रुके हुए थे जिसमें से पुलिस विभाग के अनुसार 10 लोगों को अस्पताल पहुंचाया गया है। जिसमें से दो लोगों की दुखद मौत हो गई जबकि सात लोग अभी अस्पताल में भर्ती हैं। एक व्यक्ति को डिस्चार्ज किया गया है। होटल के कमरों में धुआं ज्यादा होने के कारण अभी तक कितने लोग अंदर फंसे हैं। इसकी जानकारी नहीं हो पा रही है। पुलिस कमिश्नर व मंडला आयुक्त को जांच के निर्देश दिए गए हैं। जांच के उपरांत कार्रवाई की जाएगी।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी स्थिति की जानकारी ली और कहा कि उनका कार्यालय लगातार स्थानीय प्रशासन के संपर्क में है। राजनाथ सिंह ने कहा,''लखनऊ के एक होटल में आग लगने की दुखद घटना की मुझे जानकारी मिली। स्थानीय प्रशासन से मैंने स्थिति की जानकारी ली है। राहत-बचाव कार्य जारी है। मेरा कार्यालय लगातार स्थानीय प्रशासन के सम्पर्क में है। मैं घटना में घायल लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की ईश्वर से कामना करता हूं|
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा,'राजधानी लखनऊ के एक होटल में आग लगने की घटना अत्यंत दुःखद है। संबंधित अधिकारियों को तत्काल घटनास्थल पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्य तेजी से संचालित करने तथा प्रभावितों को हर संभव मदद उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। प्रभु श्री राम से घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना है।
वही, लखनऊ के होटल में आग लगने के बाद पुलिस कमिश्नरेट वाराणसी ने एडवाइजरी जारी की है| पुलिस आयुक्तालय वाराणसी के एक बयान में कहा गया है, “लखनऊ के होटल में आग लगने के बाद एडवाइजरी जारी की गई है। कमिश्नरेट के सभी होटलों, निजी अस्पतालों की जांच की जाएगी। इमरजेंसी एग्जिट, फायर एनओसी चेक की जाएगी। होटलों और अस्पतालों में अग्निशमन यंत्रों की जांच की जाएगी। अग्निशमन विभाग निजी अस्पतालों में अग्नि सुरक्षा ऑडिट करेगा।
“सीपी वाराणसी ने कहा,'अग्निशमन विभाग, जिला और पुलिस प्रशासन एक संयुक्त अभियान चलाएगा जिसमें होटलों और अस्पतालों की जाँच की जाएगी। इस आशय का एक विस्तृत पत्र जारी किया जा रहा है, ”|