मुंबई: मुंबई 26/11 आतंकी हमले को आज 14 साल हो गए हैं| आज शनिवार को कामा अस्पताल के कर्मचारियों और नर्सों ने 26/11 हमले में जान गंवाने वाले अस्पताल के 2 गार्ड को श्रद्धांजलि दी। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. तुषार ने बताया, "आतंकियों को रोकते हुए उन पर गोलियां चली थीं। उन दोनों के पास कोई बंदूक या अन्य हथियार नहीं थे फिर भी वह आतंकियों से लडे।
चिकित्सा अधीक्षक डॉ. तुषार पाल्वे ने बताया,''यह गर्व की बात है। हम हर साल उनको वहीं श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं जहां उनकी मृत्यु हुई। उनके द्वारा मनोनीत व्यक्तियों को हमने नौकरी भी दी है|
मैं इसको याद नहीं करना चाहती लेकिन....: दिव्या सालस्कर
मुंबई 26/11 आतंकी हमले में वीर गति को प्राप्त विजय सालस्कर की बेटी दिव्या सालस्कर ने कहा कि ,''मैं इसको याद नहीं करना चाहती लेकिन यह हर जगह है इसलिए ऐसा नहीं हो पाता। शहर के लोगों ने करुणा दिखाई है जिसकी वजह से मेरी मां और मुझ को जीने की शक्ति मिली|
14 साल हो गए लेकिन फिर भी वह याद भुलाई नहीं जाती : अदिति वारखाडे
26/11 आतंकी हमले में वीरगति को प्राप्त जयवंत पाटिल की भतीजी अदिति वारखाडे ने कहा कि,''उस समय मैं बहुत छोटी थी लेकिन मेरे मां-पापा पूरी रात जागे थे। इतने साल हो गए लेकिन फिर भी वह (याद) भुलाई नहीं जाती। उस समय उनके बेटे-बेटी भी बहुत छोटे थे। हमारी सरकार ने इतनी बातें याद रखी जो अच्छी बात है|
अब भी आप लोग उन्हें याद रख रहे हैं...: वीर गति को प्राप्त विजय खांडेकर की मां निर्मला खांडेकर
मुंबई 26/11 आतंकी हमले में वीर गति को प्राप्त विजय खांडेकर की मां निर्मला खांडेकर ने कहा कि,''अब इस बात को 14 साल हो गए हैं। अब भी आप लोग उन्हें याद रख रहे हैं, उनके लिए यहां आ रहे हैं, सरकार उन्हें याद रख रही है, यह हमारे लिए बड़ी बात है। इससे ज़्यादा मैं क्या कहूं|"