रांची: Jharkhand Political Crisis: यूपीए विधायकों की बैठक संपन्न होने के बाद झारखंड के विधायकों को लेकर दो बसें रांची में सीएम हेमंत सोरेन के आवास से रवाना हुईं। बसों में झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो), कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल (राजद के 2 MLA) के विधायकों के साथ सुरक्षाकर्मी भी मौजूद हैं| कहा जा रहा है कि खरीद-फरोख्त की आशंका के बीच विधायकों सुरक्षित जगह पर भेजा जा रहा है|
झारखंड कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष बंधु तिर्की ने बताया,''झारखंड प्रदेश की राजनीति अन्य प्रदेशों से बिल्कुल अलग है। BJP यहां की राजनीति को दूषित करने की कोशिश कर रही है। चुनाव आयोग का जो रिपोर्ट बंद लिफाफे में आता है जो कि खुला भी नहीं है लेकिन उससे पहले ही सब लीक हो जा रहा है|
बंधु तिर्की ने कहा,''गठबंधन सरकार के हालिया फैसलों से आदिवासी क्षेत्रों में इनकी (BJP) जमीन उखड़ जाएगी इसलिए इनमें छटपटाहट है। ये जब से गठबंधन की सरकार बनी है तब से इस सरकार को अस्थिर करने की कोशिश कर रहें। जब कभी यहां का CM आदिवासी से बना है तो उसका कार्यकाल पूरा होने नहीं दिया गया है|
वही, झार???ंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा "यह आदिवासी का बेटा है। इनकी चाल से हमारा न कभी रास्ता रुका है, न हम लोग कभी इन लोगों से डरे हैं। हमारे पूर्वजों ने बहुत पहले ही हमारे मन से डर-भय को निकाल दिया है। हम आदिवासियों के डीएनए में डर और भय के लिए कोई जगह ही नहीं है।"
झारखंड के मंत्री और कांग्रेस नेता बन्ना गुप्ता ने कहा "सरकार बहुमत की है। अगर मुख्यमंत्री समय-समय पर बुलाकर दिशा निर्देश देते हैं तो अच्छी बात है। सब ठीक है और जो लोग मुंगेरी लाल के हसीन सपने देख रहे हैं उनके सपने चकनाचूर होंगे। हम अपनी नेता सोनिया गांधी के हर दिशा-निर्देश का पालन करेंगे|
झारखंड सरकार में मंत्री अलमगीर आलम ने कहा हमें अपने विधायकों और मंत्रियों पर पूरा भरोसा है इसलिए वह रांची में ही रहेंगे। हमारे सारे विधायक यहां पर हैं और तीन कोलकाता में हैं। अगर वक्त पड़ा तो उनको भी यहां ले आएंगे। हमारा कोई दूसरा प्लान नहीं है|