सीधी: मध्य प्रदेश के सीधी में भाजपा विधायक के खिलाफ खबरें लिखने पर पत्रकार को थाने में बंद करने और कपड़े उतरवाने का मामला सामने आया है। इसको लेकर सीधी पुलिस सवालों के घेरे में है। पुलिसकर्मियों ने अर्धनग्न कर फोटो खीचें और उन्हें वायरल कर दिया। फोटो में पत्रकार कनिष्क तिवारी सहित नौ युवक अंडरवियर में नजर आ रहे हैं।
आरोप है कि सामाजिक मुद्दों को लेकर कई बार खबरों के माध्यम से उन्होंने विधायक को घेरा था। इसलिए पुलिस उन्हें पकड़कर थाने ले गई। वहां लेकर पुलिसकर्मियों ने मेरे और प्रदर्शन करने वाले आठ लोगों के कपड़े उतरवाकर फोटो खींचे और उन्हें वायरल कर दिया।
पत्रकार कनिष्क तिवारी ने आरोप लगाया कि कोतवाली में थाना प्रभारी मनोज सोनी ने कहा कि तू और खबर चलाएगा विधायक की, अगर फिर दोबारा तूने ऐसा किया तो तेरे साथ ऐसा ही सलूक किया जाएगा। फोटो में दिख रहे एक युवक का आरोप है कि अमिलिया के थाना प्रभारी ने अपने मोबाइल से फोटो खींचे थे। पुलिस ने इन सभी के खिलाफ केस दर्ज किया है।
मध्य प्रदेश के सीधी में थाने में पत्रकार को आधा नंग्न रखने के मुद्दे पर SHO मनोज सोनी ने कहा,'''पकड़े हुए लोग पूरे नग्न नहीं थे। हम सुरक्षा की दृष्टी से उनको हवालात में अंडरवियर में रखते हैं जिससे कोई व्यक्ति अपने कपड़ों से खुद को फांसी न लगा ले। सुरक्षा की वजह से हम उनको ऐसे रखते हैं|
SHO मनोज सोनी ने कहा,''''कुछ दिन पहले थाने में एक आदमी के खिलाफ FIR दर्ज़ हुई थी। यह आदमी फर्जी ID बनाकर प्रतिष्ठित लोगों को अपशब्द बोलता था। आरोपी की तरफ से 25-30 लोगों ने थाने के सामने प्रदर्शन किया। इन लोगों को हवालात में डाल दिया। इनमें से एक ही पत्रकार है जो यूट्यूब पर काम करता है|
बताया जा रहा है, मामला 2 अप्रैल का है जब सीधी थाना पुलिस ने कुछ लोगों को पकड़ा जिन पर अवैध वसूली और स??थानीय भाजपा विधायक के खिलाफ एक खबर चलाने का आरोप लगाया गया। पकड़े गए सभी लोग यू-ट्यूब पर चैनल चलाने वाले बताए गए जिनमें से एक कनिष्क तिवारी भी हैं। बताया गया है कि कनिष्क तिवारी की टीम ने भाजपा विधायक केदारनाथ शुक्ला व पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर खबरें चलाई थीं। इससे नाराज़ होकर विधायक केदारनाथ शुक्ला ने कनिष्क और उनके साथियों के खिलाफ एफआईआर की थी। जिसके बाद पुलिस ने इन सभी को पकड़ा था और फिर इनके साथ जो व्यवहार हुआ वो सोशल मीडिया पर बहस का मुद्दा बन गया है।
शिकायत के बाद पुलिस ने की गिरफ्तारी
सीधी पुलिस के मुताबिक एक फेक आईडी से फेसबुक पर अभद्र टिप्पणियां की गई थी। पुलिस ने इस मामले में नीरज कुंदेर को गिरफ्तार किया था। इस पर कनिष्क समेत रंगमंच और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने कोतवाली थाने में विरोध दर्ज कराया। पुलिस ने सबको गिरफ्तार कर लिया। कनिष्क तिवारी यूट्यूबर है और उसके खिलाफ पहले भी कुछ शिकायतें दर्ज थी। कोतवाली थाने में आरोपियों की बिना कपड़ों की तस्वीरें खींचकर किसी ने सोशल मीडिया पर वायरल कर दी। कोतवाली थाने में अपराध क्रमांक 262/22 धारा 419, 420, और आईटी एक्ट के 66सी, 66डी के तहत प्रकरण कायम कर जांच की जा रही हैई है।
थाना प्रभारी कोतवाली व एक उप निरीक्षक को तत्काल हटा कर पुलिस लाइन संबद्ध किया गया: IG रीवा
IG रीवा ने कहा,'''सीधी ज़िले से संबंधित एक फोटो सोशल मीडिया पर प्रसारित हुआ है। इसको गंभीरता से लेते हुए थाना प्रभारी कोतवाली सीधी एवं एक उप निरीक्षक को तत्काल हटा कर पुलिस लाइन संबद्ध किया गया है एवं प्रकरण की जांच अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक से कराने के निर्देश जारी किए गए हैं|
शिवराज जी, ये जंगलराज नहीं तो क्या है?: मध्य प्रदेश कांग्रेस
सीधी थाने में आधा नंग्न रखने के मुद्दे पर मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने ट्वीट कर कहा,''शवराज सरकार की शर्मनाक करतूत, ―सीधी जिले में भाजपा नेताओं के खिलाफ लिखने वाले पत्रकारों को नंगा कर थाने में मुकदमे दर्ज किए गए। शिवराज जी, ये जंगलराज नहीं तो क्या है..? "शर्म करो शवराज"
सपा ने बताया 'बेहद शर्मनाक'
समाजवादी पार्टी ने थाने में पत्रकारों को अर्धनग्न करने की घटना को ''बेहद शर्मनाक'' बताया है| साथ ही CM शिवराज सिंह चौहान से दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है| समाजवादी पार्टी ने ट्वीट कर कहा,'' लोकतंत्र और लोकतंत्र के चौथे स्तंभ को खत्म कर देना चाहती है भाजपा। मध्यप्रदेश में भाजपा विधायक के खिलाफ खबर चलाने पर पुलिस द्वारा थाने में पत्रकारों को अर्धनग्न करने की घटना बेहद शर्मनाक है। दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ तत्काल सख्त कार्रवाई करें मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान|
कांग्रेस ने पुलिस की कार्रवाई पर उठाए सवाल
कांग्रेस के तमाम नेताओं ने इस मसले पर सोशल मीडिया पर सरकार को घेरा है। पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह ने फोटो ट्वीट करते हुए कहा कि यह मप्र के सीधी जिले के पुलिस थाने की तस्वीर है। यह अर्धनग्न युवा कोई चोर उचक्के नहीं है, ये लोकतंत्र के चौथा स्तंभ कहे जाने वाले मीडिया के साथी है। इन्हें अर्धनग्न कर जेल में इसलिए डाला गया क्योंकि इन्होंने भाजपा विधायक के खिलाफ खबर चलाई थी।
वहीं, पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने कहा कि प्रदेश की निकम्मी और उनके बड़बोले मुखिया से सवाल करना सीधी बघेली न्यूज चैनल के वरिष्ठ पत्रकार कनिष्क तिवारी और उनके साथियों को भारी पड़ा। नग्न कर उन्हें थाने में खड़ा किया गया है। यह घोर निंदनीय कृत्य है... शिवराज सिंह सरकार अब अंग्रेजों की भांति दमनकारी रवैया अपना रही है।
इनके फोटो हुए वायरल
कनिष्क तिवारी (न्यूज नेशन, यूट्यूब चैनल एमपी संदेश बघेली) शिवा कुंदेर, रोशनी प्रसाद मिश्रा, रजनीश जायसवाल, सुनील चौधरी, नरेन्द्र सिंह उज्जवल कुंदेर, बेमिसाल खान, आदित्य भदौरिया