बलरामपुर: महामारी से करीब 2 वर्षो से बंद निजी स्कूलों का बुरा हाल कर दिया है समस्याओं को लेकर उत्तर प्रदेश स्ववित्तपोषित विद्यालय प्रबंधक प्रधानाचार्य वेलफेयर एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री संबोधित 16 सूत्री मांग पत्र अपर जिलाअधिकारी एवं डीआईओएस को सौंपा है| मांग पत्र में मुख्य रूप से पीईटी परीक्षा आयोजन मैं पारिश्रमिक बढ़ाया जय स्कूलों को आरटीआई से मुक्त रखा जाए, स्कूल हर हाल में खोले जाएं आदि समस्या में शामिल है|
एसोसिएशन प्रतिनिधिमंडल मैं शामिल अध्यक्ष डॉक्टर एमपी तिवारी संरक्षक डॉ नितिन शर्मा संयोजक अविनाश पांडे उपाध्यक्ष असलम शेर खान आदि ने अपर जिलाधिकारी कार्यालय में मुख्यमंत्री संबोधित छह सूत्री मांग पत्र सौंपा है |एडीएम प्रतिनिधि सुरेश उपाध्याय एवं जिला विद्यालय निरीक्षक गोविंद राम को दिए गए मांग पत्र में मुख्य रूप से स्कूलों को पूर्ण कोविड-19 के तहत खोला जाए ,आरटीआई के दायरे से निजी स्कूलों को दूर रखा जाए|
पीईटी परीक्षा में दिए जाने वाले ₹25 प्रति छात्र का पारिश्रमिक बढ़ाकर ₹50 किया जाए सरकारी शिक्षकों के तरह निजी स्कूलों के मृत शिक्षकों के परिवारों को कोविड-19 के तहत 5000000 का आर्थिक मुआवजा दिया जाए ,ईपीएफ इंश्योरेंस ईएमआई स्कूल बंद रहने पर माफ किया जाए आदि मांग शामिल है|
एसोसिएशन प्रतिनिधिमंडल ने डीआईओएस एवं एडीएम प्रतिनिधि पोस्ट दिए गए मांग पत्र में अपील किया है कि यदि 9 अगस्त 2021 तक स्कूलों को नहीं खोला गया और उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो 9 अगस्त के बाद स्कूलों के प्रबंधक प्रिंसिपल शिक्षक कर्मचारियों के साथ क्रमिक अनशन करेंगे जिसकी कारी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी| डीआईओएस ने कहा कि उनकी समस्याओं को शासन से अवगत करा दिया जाएगा विभाग का पूरा प्रयास है कि कोविड-19 इनके अनुसार जल्द से जल्द विद्यालय खोला जाए