नई दिल्ली: दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा,''उत्तर प्रदेश के सरकारी स्कूल बनाम दिल्ली के सरकारी स्कूल' पर खुली बहस की चुनौती कल उत्तर प्रदेश के BJP के मंत्रियों ने दी थी| हमें यह चुनौती स्वीकार है... मै 22 दिसम्बर को खुली बहस के लिए लखनऊ आ रहा हूँ. बता दीजिए कहाँ, कितने बजे आना है...? आप बता दीजिए कब और कहाँ डिबेट करनी है।
उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा,','कल जैसे ही मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ऐलान किया कि AAP उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव लड़ेगी, तो 70 सालों में पहली बार यूपी के नेताओं ने स्कूल और अस्पताल की बात करना शुरू की। उनके मुंह से स्कूल और अस्पताल की बात निकलना शुरू हुई|
मनीष सिसोदिया ने कहा,''उत्तर प्रदेश के कई मंत्रियों ने कहा कि वो दिल्ली स्कूल मॉडल बनाम यूपी स्कूल मॉडल पर बहस करना चाहते हैं। उन्होंने आकर यूपी के स्कूल देखने की चुनौती भी दी है। मुझे दोनों चुनौतियां स्वीकार हैं| सिसोदिया ने कहा,UP के मंत्री बस 10 सरकारी स्कूल दिखा दे जो उन्होंने पिछले 4 साल में अच्छे किए हो। मैं उन स्कूलों को देखना चाहूँगा।-
उपमुख्यमंत्री सिसोदिया ने कहा,'मैं यूपी के शिक्षा मंत्री को बता दूं कि मैं बहस करने के लिए 22 दिसंबर को लखनऊ आ रहा हूं। आप बता देना की योगी जी से बहस करनी है या उपमुख्यमंत्री या शिक्षा मंत्री से। मुझे समय और जगह भी बता दीजिए। हम खुली चर्चा करेंगे यूपी और दिल्ली के सरकारी स्कूलों पर|
दिल्ली में सत्तासीन आम आदमी पार्टी वर्ष 2022 में होने वाले उत्त??? प्रदेश विधानसभा चुनाव में अपनी किस्मत आजमाएगी|मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को घोषणा की है कि उनकी आम आदमी पार्टी 2022 में उत्तर प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनावों में मैदान में उतरेगी|
AAP प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने कहा कि,''आम आदमी पार्टी 2022 में होने वाले उत्तर प्रदेश का विधानसभा चुनाव लड़ेगी।उत्तर प्रदेश को गंदी राजनीति और भ्रष्ठ नेताओं ने विकास से दूर रखा। इसलिए दिल्ली में जो सुविधाएं लोगों को मिल रही है, वो UP में अभी तक नही मिली।केजरीवाल ने कहा कि ,''उत्तर प्रदेश में हर पार्टी की सरकार आई लेकिन अपने घर भरने के सिवा किसी ने यूपी के लिए कुछ नहीं किया। आज छोटी-छोटी सुविधाओं के लिए यूपी के लोगों को दिल्ली क्यों आना पड़ता है..? आज उत्तर प्रदेश को प्रगति की राह पर चलने से गंदी राजनीति और भ्रष्ट नेता रोक रहे हैं। आज यूपी की राजनीति में सही और साफ नीयत की कमी है और वो केवल आम आदमी पार्टी के पास है|