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25 अगस्त 2026

Epstein फाइल्स: नई Email से सनसनीखेज खुलासा ,जेफरी एपस्टीन "Zombie Drug" के पौधे उगा रहा था

वायरल दावे में कहा जा रहा है कि Epstein के ईमेल में “ट्रम्पेट प्लांट” का ज़िक्र है; इसी को “Devil’s Breath/ज़ॉम्बी ड्रग” कथा से जोड़ा जा रहा है।“एंजेल्स ट्रम्पेट” (Brugmansia) और कुछ “धतूरा” प्रजातिय…

Epstein फाइल्स: नई Email से सनसनीखेज खुलासा ,जेफरी एपस्टीन "Zombie Drug" के पौधे उगा रहा था
Epstein फाइल्स: नई Email से सनसनीखेज खुलासा ,जेफरी एपस्टीन "Zombie Drug" के पौधे उगा रहा था | फ़ोटो: TVL News


  • वायरल दावे में कहा जा रहा है कि Epstein के ईमेल में “ट्रम्पेट प्लांट” का ज़िक्र है; इसी को “Devil’s Breath/ज़ॉम्बी ड्रग” कथा से जोड़ा जा रहा है।

  • “एंजेल्स ट्रम्पेट” (Brugmansia) और कुछ “धतूरा” प्रजातियों में scopolamine जैसे ट्रोपेन एल्कलॉइड होते हैं—जो विषाक्तता, भ्रम/डिलीरियम और याददाश्त पर असर डाल सकते हैं।

  • लेकिन उपलब्ध जानकारी से यह साबित नहीं होता कि किसी अपराध में पौधे/ड्रग का उपयोग हुआ—यहां तक कि “ट्रम्पेट प्लांट” शब्द किन पौधों के लिए इस्तेमाल हुआ, यह भी संदर्भ पर निर्भर है।


Epstein फाइल्स में “Trumpet Plants” और “Zombie Drug” दावा: क्या सच, क्या अनुमान?

सोशल मीडिया पर एक दावा तेज़ी से फैल रहा है कि जेफरी एपस्टीन से जुड़े हालिया दस्तावेज़ों/ईमेल रिलीज़ में वह अपने “ट्रम्पेट प्लांट्स” (Trumpet Plants) के बारे में पूछताछ कर रहा था। इसी दावे को कुछ यूज़र्स “Devil’s Breath” या “ज़ॉम्बी ड्रग” कहे जाने वाले स्कोपोलामाइन (Scopolamine) से जोड़कर यह संकेत दे रहे हैं कि यह उसकी कथित आपराधिक गतिविधियों का हिस्सा हो सकता है।

हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टिंग और मेडिकल साहित्य के आधार पर इस दावे में तथ्य, संदर्भ और अटकल—तीनों का मिश्रण दिखता है। नीचे “क्या पता है” और “क्या नहीं” को अलग-अलग समझना जरूरी है।

मुख्य बातें (AI Overview/Featured Snippet-Ready)

  • क्या नया दावा है? कथित सरकारी ईमेल/दस्तावेज़ में “ट्रम्पेट प्लांट” का ज़िक्र वायरल।

  • “ट्रम्पेट प्लांट” क्या है? यह शब्द कई पौधों के लिए बोला जाता है; अक्सर Angel’s Trumpet (Brugmansia) या कुछ Datura/धतूरा प्रजातियां।

  • Scopolamine क्या करता है? यह एक एंटी-मस्कैरिनिक दवा है; चिकित्सकीय उपयोग (मोशन सिकनेस/मतली) भी है, लेकिन उच्च/गलत डोज़ पर भ्रम, डिलीरियम, याददाश्त में गड़बड़ी जैसे प्रभाव हो सकते हैं।

  • क्या इससे अपराध साबित होता है? नहीं—ईमेल/पौधे का ज़िक्र अपने आप में किसी ड्रगिंग/अपराध का प्रमाण नहीं। “ज़ॉम्बी बना देता है/फ्री-विल खत्म” जैसी बातें अक्सर अतिरंजित दावों में आती हैं।


वायरल दावा किस पर आधारित है?

वायरल पोस्टों में एक ईमेल/स्क्रीनशॉट का हवाला दिया जा रहा है, जिसमें एपस्टीन “ट्रम्पेट प्लांट्स” के बारे में किसी से पूछता दिखता है। कई रिपोर्टों ने भी इसी स्क्रीनशॉट/ईमेल संदर्भ का उल्लेख किया है और बताया है कि इस शब्द को Angel’s Trumpet जैसे पौधों से जोड़कर scopolamine पर चर्चा शुरू हुई।

यहां ध्यान देने वाली बात: रिपोर्टों में “ट्रम्पेट प्लांट” का उल्लेख एक तथ्य की तरह पेश है, लेकिन इससे आगे—कि पौधे का उद्देश्य क्या था, कहां उगाया गया, या किसी अपराध में इस्तेमाल हुआ—इन बातों पर प्रत्यक्ष सबूत का दावा रिपोर्टें नहीं करतीं।


“Trumpet Plants” असल में कौन-सा पौधा?

“ट्रम्पेट प्लांट/ट्रम्पेट फ्लावर” एक कॉमन/लोकप्रिय शब्द है, जो अलग-अलग क्षेत्रों में अलग पौधों के लिए इस्तेमाल हो सकता है। मेडिकल-टॉक्सिकोलॉजी संदर्भ में चर्चा आमतौर पर Brugmansia (Angel’s Trumpet) और Datura जैसी नाइटशेड फैमिली की कुछ प्रजातियों पर जाती है—क्योंकि इनमें ट्रोपेन एल्कलॉइड (जैसे scopolamine, atropine, hyoscyamine) पाए जाते हैं।

इन पौधों की विषाक्तता पर प्रकाशित रिपोर्टें बताती हैं कि इनके सेवन/गलत एक्सपोज़र से एंटीकोलिनर्जिक टॉक्सिड्रोम हो सकता है—जिसमें भ्रम, तेज़ धड़कन, सूखा मुंह, डिलीरियम/हैलुसिनेशन जैसी स्थितियां देखी जा सकती हैं।


Scopolamine: “ज़ॉम्बी ड्रग” या मेडिकल दवा?

Scopolamine (जिसे hyoscine भी कहा जाता है) का वैध चिकित्सकीय उपयोग है—जैसे मोशन सिकनेस या सर्जरी के बाद मतली/उल्टी की रोकथाम। इसे पैच/अन्य रूपों में डॉक्टर की सलाह से इस्तेमाल किया जाता है।

लेकिन उच्च मात्रा/गलत उपयोग पर इसके केंद्रीय तंत्रिका तंत्र पर प्रभाव बढ़ सकते हैं—याददाश्त, ध्यान और चेतना में गड़बड़ी, भ्रम/डिलीरियम जैसे लक्षण। वैज्ञानिक साहित्य में scopolamine को कई बार “मेमोरी-इम्पेयरमेंट मॉडल” के तौर पर भी अध्ययन किया गया है।

“फ्री-विल खत्म” वाले दावों पर क्या कहा जाता है?

लोककथाओं/वायरल कहानियों में scopolamine को “Devil’s Breath” कहकर ऐसी दवा बताया जाता है जो इंसान को “आज्ञाकारी” बना देती है। कुछ मेडिकल रिपोर्ट/केस डिस्कशन में यह भी दर्ज है कि दक्षिण अमेरिका में “burundanga” नाम से scopolamine का आपराधिक उपयोग रिपोर्ट होता रहा है।

फिर भी, विशेषज्ञ चर्चाओं में यह भी चेतावनी मिलती है कि “ज़ॉम्बी बना देता है” जैसी कई बातें अर्बन मिथ और वास्तविक केस—दोनों के मिश्रण से पैदा होती हैं; हर वायरल दावा सीधे-सीधे वैज्ञानिक निष्कर्ष नहीं होता।


क्या Epstein के मामले में scopolamine का उपयोग साबित होता है?

नहीं। अभी सामने आई रिपोर्टिंग का केंद्र “ट्रम्पेट प्लांट” का कथित ईमेल-ज़िक्र है। इससे यह अधिकतम संकेत मिलता है कि किसी संदर्भ में ऐसे पौधे का उल्लेख/दिलचस्पी थी—लेकिन यह प्रमाण नहीं कि:

  1. वही पौधा Brugmansia/Datura ही था,

  2. उससे scopolamine निकाला गया,

  3. या किसी पीड़ित पर उसका इस्तेमाल हुआ।

इसीलिए, “ईमेल में पौधे का ज़िक्र” और “सेक्स-ट्रैफिकिंग में ड्रगिंग का इस्तेमाल” के बीच जो कड़ी सोशल मीडिया जोड़ रहा है, वह फिलहाल अनुमान के स्तर पर दिखाई देती है—जब तक कि जांच एजेंसियां/कोर्ट रिकॉर्ड में कोई ठोस, सत्यापित साक्ष्य सार्वजनिक न हों।


पौधों/ड्रग्स पर वायरल “हाउ-टू” नैरेटिव से बचें

टॉक्सिकोलॉजी साहित्य यह स्पष्ट करता है कि Angel’s Trumpet/धतूरा जैसे पौधों से जुड़ी विषाक्तता वास्तविक जोखिम है—लेकिन किसी वायरल थ्रेड के “ड्रग कैसे बनती है” जैसे दावे अक्सर गलत/खतरनाक हो सकते हैं। सार्वजनिक स्वास्थ्य के नजरिये से विशेषज्ञ सलाह यही रहती है कि ऐसे पौधों को “रोमांचक ड्रग-कथा” की तरह नहीं, बल्कि ज़हरीले पौधे की तरह देखा जाए।



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TVL News (TheViralLines) के संवाददाता। यह रिपोर्ट स्थानीय स्रोतों और उपलब्ध आधिकारिक जानकारी की पुष्टि के बाद प्रकाशित की गई है। किसी तथ्य में सुधार के लिए संपर्क करें या +91 99996 56869 पर WhatsApp करें।

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यह रिपोर्ट 17 फ़रवरी 2026 को TVL News पर प्रकाशित हुई और 17 फ़रवरी 2026 को अपडेट की गई। नई जानकारी मिलने पर खबर को अपडेट किया जाता है।

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