गोंडा: 14 साल से फरार चल रहे 50 हजार के इनामी बदमाश फहीमद्दीन उर्फ फहीम उर्फ काले को गिरफ्तार कर लिया गया है| फहीमुद्दीन थाना लगभग 14 वर्षो से फरार चल रहा था। जिसकी गिरफ्तारी हेतु पुलिस उपमहानिरीक्षक देवीपाटन परिक्षेत्र द्वारा 50,000 रू0 का पुरस्कार घोषित किया गया था। पुलिस अधीक्षक गोण्डा संतोष कुमार मिश्रा ने अभियुक्त की गिरफ्तारी हेतु जनपद के समस्त थानों व जनपदीय एस0ओ0जी0 को निर्देशित किया था साथ ही एस0टी0एफ0 मुख्यालय लखनऊ व एस0टी0एफ0 की प्रदेश के सभी युनिटों को भी पुरस्कार घोषित अभियुक्त की गिरफ्तारी हेतु पत्राचार किया गया था तथा इसकी मॉनिटरिंग पुलिस अधीक्षक गोण्डा द्वारा स्वयं की जा रही थी तथा लगातार प्रगति के सम्बन्ध में भी सम्बन्धित से जानकारी ली जा रही थी। जिसमें एस0टी0एफ कानपुर युनिट द्वारा अभियुक्त फहीमुद्दीन को गिरफ्तार कर लिया गया है।
अभियुक्त फहीमुद्दीन ने जालसाजी कर जनपद गोण्डा से 2008 में कानपुर जाने के लिए वादी मुकदमा के वाहन को बुक कराकर ले जाया गया था तथा चालक का अपहरण कर वाहन गबन कर लिया गया था। अभियुक्त के विरूद्ध थाना को0 नगर मे विधिक कार्यवाही की गयी।
इस संदर्भ में क्षेत्राधिकारी सदर लक्ष्मीकांत गौतम ने बताया कि कानपुर जनपद के बाबू पुरवा थाना क्षेत्र के अजीतगंज कॉलोनी निवासी फहीमद्दीन उर्फ काले के विरुद्ध नगर कोतवाली में अपहरण धोखाधड़ी सहित विभिन्न मामलों में प्राथमिकी दर्ज थी। उक्त शातिर अभियुक्त 14 वर्षों से फरार चल रहा था। जिसे कानपुर एसटीएफ की यूनिट द्वारा गिरफ्तार किया गया है। इस पर 50 हजार रुपए का इनाम भी घोषित किया गया था।
गोंडा से 2008 में वाहन बुक कराकर कानपुर ले जाकर चालक का अपहण कर वाहन को गबन करने वाले कानपुर के थाना बाबू पुरवा अंतर्गत अजीतगंज कॉलोनी निवासी फहीमद्दीन उर्फ फहीम उर्फ काले के खिलाफ मामला दर्ज कराया गया था। काफी प्रयास के बाद जब पुलिस के हाथ इस जालसाज तक नहीं पहुंचे, तब देवीपाटन मंडल के डीआईजी ने गिरफ्तार करने वाली टीम व फहीमद्दीन उर्फ फहीम उर्फ काले की सूचना देने वाले को 50 हजार रुपए पुरस्कार देने की घोषणा की गई। इसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस अधीक्षक ने जनपद के सभी थानों को निर्देशित करने के साथ-साथ एसओजी सहित कई टीमें लगाई गई थी।