नई दिल्ली: Activist Nikita Jacob's transit bail plea: टूलकिट मामले में दिल्ली पुलिस द्वारा जारी गैर-जमानती वारंट के खिलाफ एक्टिविस्ट्स निकिता जैकब की ट्रांजिट अंतरिम जमानत पर बॉम्बे हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा है| फैसला आने तक दिल्ली पुलिस निकिता के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर करेगी।
टूलकिट मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट की औरंगाबाद पीठ ने एक्टीविस्ट शांतनु मुलुक को 10 दिन की अंतरिम जमानत दे दी है। एक्टीविस्ट निकिता जैकब की ट्रांजिट अंतरिम जमानत पर बॉम्बे हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा है। निकिता जैकब ने भी टूलकिट को एडिट किया था। निकिता की अर्जी पर हाईकोर्ट बुधवार को फैसला सुनाएगी। हाईकोर्ट में दिल्ली पुलिस ने कहा फैसला आने तक निकिता के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होगी|
उधर दिल्ली की एक अदालत ने जलवायु कार्यकर्ता दिश रवि को गर्म कपड़े, मास्क, किताबें आदि प्राप्त करने की अनुमति दी। अदालत ने उसे उसकी माँ और परिवार के अन्य सदस्यों से बात करने की भी अनुमति दी। कोर्ट उसे टूलकिट मामले में एफआईआर की कॉपी और उसकी गिरफ्तारी से जुड़े अन्य दस्तावेजों तक पहुंचने की अनुमति दी है|
टूलकिट केस ( Toolkit conspiracy) में 21 वर्षीय क्लाइमेट एक्टिविस्ट दिशा रवि को किसानों के विरोध प्रदर्शन से संबंधित 'टूलकिट' फैलाने में उसकी कथित भूमिका के लिए बेंगलुरु से गिरफ़्तार किया गया था| दिल्ली पुलिस साइबर सेल ने टूलकिट मामले में शनिवार को यह पहली गिरफ्तारी की थी| दिशा की गिरफ्तारी के बाद अब सोमवार को दिल्ली पुलिस ने एक्टिविस्ट्स निकिता जैकब और शांतनु के खिलाफ पुलिस ने अरेस्ट वारंट जारी किया था| शनिवार को 21 साल की क्लाइमेट एक्टिविस्ट दिशा रवि को बेंगलुरु से गिरफ्तार किया गया था और रविवार को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया था, जहां कोर्ट ने उन्हें पांच दिनों की पुलिस हिरासत में भेज दिया था|