नई दिल्ली: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण लोक सभा में आम बजट 2021-22 पेश कर रही हैं। लोकसभा में आज आम बजट 2021 पेश करते हुए वित्तमंत्री ने कहा कि,''2021-22 का बजट 6 स्तंभों पर टिका है। पहला स्तंभ है स्वास्थ्य और कल्याण, दूसरा-भौतिक और वित्तीय पूंजी और अवसंरचना,तीसरा-अकांक्षी भारत के लिए समावेशी विकास, मानव पूंजी में नवजीवन का संचार करना,पांचवा-नवाचार और अनुसंधान और विकास, छठा स्तंभ-न्यूनतम सरकार और अधिकतम शासन|
आम करदाता को नहीं मिली कोई राहत: टैक्स पेयर पर बोझ डालने का वक्त नहीं। टैक्स सिस्टम पारदर्शी रखने का वक्त है। आम करदाता को टैक्स में कोई नई छूट नहीं। जीएसटी अब चार साल पुरानी हो गई है। जीएसटीएन सिस्टम की क्षमता भी बढ़ाई गई है। फेक बिलर्स की पहचान हो रही है। पिछले कुछ महीनों में रेकॉर्ड जीएसटी कलेक्शन हुआ है। टैक्स ऑडिट की लिमिट 5 करोड़ से बढ़ाकर 10 करोड़ करने का प्रस्ताव। इस तरह सरकार ने टैक्सेशन सिस्टम की जटिलता को खत्म करने का प्रयास किया।
सीतारमण ने कहा कि,''जल जीवन मिशन(शहरी) लॉन्च किया जाएगा, इसका उद्देश्य 4,378 शहरी स्थानीय निकायों में 2.86 करोड़ घरेलू नल कनेक्शनों को सर्वसुलभ जल आपूर्ति व्यवस्था करना है|
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि,''भारत में बनी न्यूमोकोकल वैक्सीन अभी सिर्फ 5 राज्यों तक सीमित है, इसे पूरे देश में लागू किया जाएगा। इससे वर्ष में 50,000 से ज़्यादा बच्चों की मौत को रोका जा सकेगा: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण
शहरी स्वच्छ भारत मिशन 2.0 की शुरुआत होगी। शहरी स्वच्छ भारत मिशन 2.0 को 2021-2026 से 5 वर्ष की अवधि में 1,41,678 करोड़ रूपए के कुल वित्तीय आवंटन से कार्यान्वित किया जाएगा: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण
कोविड-19 वैक्सीन के लिए 35000 करोड़ रुपये का प्रावधान: वित्त मंत्री
मैंने वर्ष 2021-22 में कोरोना वैक्सीन के लिए 35,000 करोड़ रुपये मुहैया कराए हैं। अगर आगे भी जरूरत पड़ती है तो मैं फंड मुहैया कराने के लिए प्रतिबद्ध हूं|
स्वास्थ्य और कल्याण के बजट में 137 प्रतिशत की बढ़ोतरी। मिशन पोषण 2.0 की होगी शुरुआत| वर्ष 2021-22 में स्वास्थ्य और परिवार कल्याण पर 2,23,846 करोड़ खर्च होंगे|: व??त्त मंत्री
मेगा निवेश टेक्सटाइल पार्क ( मित्रा) योजना शुरू की जाएगी: वित्त मंत्री
20 हजार करोड़ की धनराशि के साथ नए डीएफआई की होगी स्थापना: वित्त मंत्री
सार्वजनिक बस परिवहन सेवाओं की वृद्धि के समर्थन हेतु 18000 रुपये की लागत से एक नई योजना शुरू की जाएगी: वित्त मंत्री
रेलवे के लिए राष्ट्रीय योजना 2030 तैयार की जाएगी। रेलवे के लिए 1,10,055 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड राशि का प्रावधान: वित्त मंत्री
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बताया कि राष्ट्रीय रेल योजना 2030 तैयार की जाएगी। मेट्रो रेल का 702 किमी पहले से ही परिचालन। 1,016 किमी में पर काम चल रहा है। यात्रियो की सुविधा के लिए विस्टाडोम कोच की शुरूआत। कुल 1.10 लाख करोड़ रुपये का बजट रेलवे को। भारतीय रेलवे के अलावा मेट्रो, सिटी बस बस सेवा को बढ़ाने पर फोकस करेग। 18 हजार करोड़ रुपये की लागत लगाई जाएगी। कोच्चि, बंगलूरू, चेन्नई, नागपुर, नासिक में मेट्रो प्रोजेक्ट को बढ़ावा।
2021-22 में एक हाइड्रोजन एनर्जी मिशन शुरू करने का प्रस्ताव किया गया है। जिसके तहत ग्रीन पावर स्रोतों से हाइड्रोजन का उत्पादन होगा: वित्त मंत्री
उज्जवला स्कीम का विस्तार किया जाएगा ताकि इसमें 1 करोड़ और लाभार्थी शामिल किए जा सकें: वित्त मंत्री
जम्मू-कश्मीर में भी गैस पाइपलाइन योजना की शुरुआत होगी। उज्ज्वला योजना के तहत एक करोड़ और लाभार्थियों को जोड़ा जाएगा। अभी तक 8 करोड़ लोगों को ये मदद दी गई। 100 नए शहर सिटी गैस वितरण में जोड़े जाएंगे।
एक स्वतंत्र गैस ट्रांसपोर्ट सिस्टम ऑपरेटर का गठन किया जाएगा: वित्त मंत्री
एक युक्तिसंगत एकल सिक्योरिटीज मार्केट कोड तैयार करने का प्रस्ताव। निवेशकों को संरक्षण देने हेतु एक इन्वेस्टर चार्टर होगा लागू। सेकेंड्री मार्केट लिक्विडिटी बढ़ाने हेतु फ्रेमवर्क तैयार करने का प्रावधान: वित्त मंत्री
पश्चिम बंगाल में कोलकाता-सिलीगुड़ी के लिए नेशनल हाइवे प्रोजेक्ट और असम में अगले तीन साल में हाइवे और इकॉनोमिक कॉरिडोर का निर्माण होगा : वित्त मंत्री
तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल, असम और केरल में मेगा-राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं की घोषणा की गई। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि तमिलनाडु में नेशनल हाइवे प्रोजेक्ट 1.03 लाख करोड़ का होगा। इसी में इकॉनोमिक कॉरिडोर बनाए जाएंगे। मुंबई- कन्याकुमारी इकॉनोमिक कॉरोडिर का एलान। केरल में भी 65 हजार करोड़ रुपये के नेशनल हाइवे बनाए जाएंगे। पश्चिम बंगाल में भी कोलकाता-सिलीगुड़ी के लिए भी नेशनल हाइवे प्रोजेक्ट का एलान। वित्त मंत्री ने असम में अगले तीन साल में हाइवे और इकॉनोमिक कॉरिडोर का एलान किया। अगले साल तैयार होंगे 8,500 किलोमीटर के रोड प्रोजेक्ट।
पीएसबी की वित्तीय क्षमता को अधिक समेकित करने के लिए वर्ष 2021-22 में 20,000 करोड़ रुपये का और पुन: पूंजीकरण किया जाएगा: वित्त मंत्री
2021-22 में एलआईसी का आईपीओ लाया जाएगा और इसके लिए इस सत्र में अपेक्षित संशोधन लाया जाएगा: वित्त मंत्री
3.3 लाख करोड़ रुपये की लागत से 13,000 किलोमीटर से अधिक की सड़क पहले ही 5.35 लाख करोड़ रुपये की भारतमाला परियोजना के तहत दी जा चुकी है, जिसमें 3,800 किलोमीटर का निर्माण किया गया है। मार्च 2022 तक 8,500 किलोमीटर और नेशनल हाईवे कॉरिडोर का अतिरिक्त 11,000 किलोमीटर को पूरा करेंगे: FM
विनिवेश से 2021-22 में 1, 75,000 करोड़ रुपये की प्राप्तियों का अनुमान। IDBI के अलावा दो सरकारी बैंकों और एक सामान्य बीमा कंपनी को होगा निजीकरण: वित्त मंत्री
सहकारी समितियों के लिए ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए एक अलग प्रशासनिक संरचना स्थापित करने का प्रस्ताव: वित्त मंत्री
इंश्योरेंस क्षेत्र में अब 74 फीसदी तक FDI हो सकेगी जहां पहले यहां पर सिर्फ 49 फीसदी तक की ही इजाजत दी गई थी: वित्त मंत्री
अब इंश्योरेंस क्षेत्र में 74 फीसदी तक एफडीआई। पहले यहां पर सिर्फ 49 फीसदी तक की ही इजाजत थी। इसके अलावा निवेशकों के लिए चार्टर बनाने का एलान।
ग्रामीण अवसंरचना विकास कोष में किए जा रहे आबंटन को 30,000 करोड़ रुपये बढ़ा कर 40,000 करोड़ किया जा रहा है: वित्त मंत्री
MSP बढ़ाकर उत्पादन लागत का 1.5 गुना किया गया है। सरकार किसानों की भलाई के लिए प्रतिबद्ध है: वित्त मंत्री
गेहूं के लिए किसानों को 75,060 और दालों के लिए 10,503 करोड़ का भुगतान। धान की भुगतान राशि 1,72,752 करोड़ होने का अनुमान। कृषि उत्पादों के निर्यात में 22 और उत्पादों को शामिल किया जाएगा
देश में गेहूं उगाने वाले किसानों की संख्या दोगुनी हुई है। किसानों के लिए बजट में बड़ा एलान। लागत से डेढ़ गुना ज्यादा देने का प्रयास। किसानों को 75 हजार करोड़ से ज्यादा दिए। किसानों की आया दोगुना करने का लक्ष्य। यूपीए सरकार से करीब तीन गुना राशि मोदी सरकार ने किसानों के खातों में पहुंचाई। मोदी सरकार की ओर से हर सेक्टर में किसानों को मदद। दाल, गेंहू, धान समेत अन्य फसलों की एमएसपी बढ़ाई।
किसानों के कल्याण के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। e-NAM के तहत 1000 और मंडियों को लाया जाएगा। माइक्रो इरिगेशन फंड में 5000 करोड़ रुपये का अतिरिक्त आवंटन: वित्त मंत्री
वन नेशन, वन राशन कार्ड योजना बचे हुए 4 राज्यों में जल्द लागू होगी: वित्त मंत्री
एमएसएमई क्षेत्र के लिए 15, 700 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई: वित्त मंत्री
गैर सरकारी संगठनों/निजी स्कूलों/ राज्यों के साथ भागीदारी में 100 नए सैनिक स्कूल स्थापित किए जाएगें: वित्त मंत्री
नेशनल एजुकेशन पॉलिसी को तहे दिल से स्वीकार किया गया है। 100 नए सैनिक स्कूल बनेंगे। इसके लिए प्राइवेट सेक्टर की मदद ली जाएगी। हायर एजुकेशन कमीशन बनेगा। इसके लिए कानून में संशोधन किया जाएगा। अनुसूचित जाति के 4 करोड़ विद्यार्थियों के लिए 35 हजार करोड़ रुपये का एलान। संयुक्त अरब अमीरात के साथ मिलकर स्किल ट्रेनिंग पर काम। भारत और जापान मिलकर भी एक प्रोजेक्ट को चला रहे। लेह में केंद्रीय यूनिवर्सिटी बनाए जाने का एलान। आदिवासी स्कूलों में एकलव्य स्कूल खोले जाएंगे।
अनुसूचित जाति के 4 करोड़ विद्यार्थियों के लिए 2025-26 तक 35, 219 करोड़ रुपये का आबंटन: वित्त मंत्री
15,000 से अधिक विद्यालयों में गुणवत्ता की दृष्टि से सुधार किया जाएगा: वित्त मंत्री
5 फिशिंग हार्बर को आर्थिक गतिविधि के हब के रूप में तैयार किया जायेगा और तमिलनाडु में फिश लैंडिंग सेंटर का भी विकास किया जाएगा: वित्त मंत्री
राष्ट्रीय भाषा अनुवाद मिशन (एनटीएलएम) शुरू किए जाने की योजना का प्रस्ताव: वित्त मंत्री
डिजिटल लेन-देन को बढ़ावा देने के लिए 1500 करोड़ रुपये की नई योजना शुरू की जाएगी: वित्त मंत्री
देश में डिजिटल पेमेंट को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने 1,500 करोड़ रुपये का आवंटन किया। यह रकम डिजिटल पेमेंट के इंसेंटिव के तौर पर खर्च होगी। गोवा डायमंड जुबली सेलिब्रेशन मना रहा है। हम 300 करोड़ रुपए इसके लिए देंगे। 1000 करोड़ रुपए असम और पश्चिम बंगाल में टी वर्कर के लिए दिए जाएंगे।
चाय श्रमिकों , विशेषकर असम, पश्चिम बंगाल में महिलाओं और उनके बच्चों के कल्याण के लिए 1000 करोड़ रुपये का प्रस्ताव: वित्त मंत्री
विवाद से विश्वास स्कीम के तहत 1.10 लाख करदाताओं के विवादों का निपटान: वित्त मंत्री
एफसीआई को मिलने वाले NSSF ऋण को बंद करने का प्रस्ताव: वित्त मंत्री
ईज़ ऑफ डूइंग बिजनेस के अंतर्गत एक टर्बियूनल बनाया जाएगा, जो कंपनियों के विवादों का जल्द निपटारा कर सकेगा: वित्त मंत्री
आगामी जनगणना देश की पहली डिजिटल जनगणना होगी: वित्त मंत्री
न्यू स्पेस इंडिया लिमिटेड इस बार PSLV-CS51 को लॉन्च करेगा। गगनयान मिशन का पहला मानव रहित लॉन्च इस वर्ष दिसंबर में किया जाएगा: वित्त मंत्री
राजकोषीय घाटा कम करके 2025-26 तक इसे जीडीपी के 4.5 प्रतिशत पर लाने का लक्ष्य। राज्यों से अपेक्षा है कि 2023-24 तक राजकोषीय घाटा जीएसडीपी के 3% तक ले आएं: वित्त मंत्री
वित्तीय घाटा 6.8 प्रतिशत रहने का अनुमान है। इसके लिए सरकार को 80 हजार करोड़ की जरूरत होगी, जो अगले दो महीनों में बाजार से लिया जाएगा। इमरजेंसी फंड 30,000 करोड़ रुपये। वित्तीय वर्ष में खर्च का लक्ष्य 34.5 लाख करोड़ रखा गया है।
2020-21 के लिए 34.5 लाख करोड़ रुपये का संशोधित व्यय का अनुमान आकलन। 2020-21 में राजकोषीय घाटा जीडीपी के 9.5% पर निर्धारित किया गया है: वित्त मंत्री
गहरे सागर मिशन के लिए अगले 5 साल में 4000 करोड़ रुपये का प्रावधान: वित्त मंत्री
REIT/INVIT के लाभांश के भुगतान को टीडीएस से छूट: वित्त मंत्री
सभी के लिए आवास और किफायती आवास सरकार की प्राथमिकता। किफायती आवास परियोजना के लिए 31 मार्च 2022 तक कर से छूट। अवसंरचना क्षेत्र में जूरो कूपन बांड को जरिए निवेश: वित्त मंत्री
कर निर्धारण की प्रक्रिया को पिर से खोलने की समय सीमा घट कर 3 साल हुई। प्रत्यक्ष कर के लिए फेसलेस एसेसमेंट और फेसलेस अपील की शुरुआत: वित्त मंत्री
भारत की आकस्मिकता निधि 500 करोड़ रुपये से बढ़ा कर 30,000 करोड़ रुपये की गई: वित्त मंत्री
ऑटो पार्टस पर अब 15 प्रतिशत का सीमा शुल्क। स्टील स्क्रैप पर मीमा शुल्क में 31 मार्च 22 तक छूट: वित्त मंत्री
अगले पांच वर्षों के लिए कुल 1,41,678 करोड़ रुपये के आवंटन के साथ शहरी Swachha Bhara tMission 2.0 लागू किया जाएगा:: वित्त मंत्री
एक से अधिक बिजली वितरण कंपनी के बीच, उपभोक्ताओं को चुनने के लिए विकल्प प्रदान करने के लिए फ्रेमवर्क बनाया जाएगा: वित्त मंत्री
75 साल से ज्यादा वरिष्ठ नागरिकों को आईटीआर भरने की आवश्यकता नहीं
विवादों को खत्म करने के लिए समिति का गठन होगा फेसलेस समिति बनाई जाएगी। 75 साल से ज्यादा वरिष्ठ नागरिकों को आईटीआर भरने की आवश्यकता नहीं होगी। 75 साल के ऊपर के पेंशनधारियों को टैक्स में छूट। एनआरआई को छूट। विदेशी रिटायरमेंट अकाउंट के सरलीकरण के लिए नियम बनाए जाएंगे। एक करोड़ से ज्यादा ऑडिट से छूट मिलेगी। जिन एनआरआई लोगों को टैक्स भरने में काफी मुश्किलें होती थीं उन्हें इस बार डबल टैक्स सिस्टम से छूट दी जा रही है।
आम करदाता को नहीं मिली कोई राहत
टैक्स पेयर पर बोझ डालने का वक्त नहीं। टैक्स सिस्टम पारदर्शी रखने का वक्त है। आम करदाता को टैक्स में कोई नई छूट नहीं। जीएसटी अब चार साल पुरानी हो गई है। जीएसटीएन सिस्टम की क्षमता भी बढ़ाई गई है। फेक बिलर्स की पहचान हो रही है। पिछले कुछ महीनों में रेकॉर्ड जीएसटी कलेक्शन हुआ है। टैक्स ऑडिट की लिमिट 5 करोड़ से बढ़ाकर 10 करोड़ करने का प्रस्ताव। इस तरह सरकार ने टैक्सेशन सिस्टम की जटिलता को खत्म करने का प्रयास किया।
अफोर्डेबल हाउसिंग और रेंटल हाउसिंग
एक साल तक के लिए बढ़ी डेढ़ लाख रुपये तक की छूट। जिसकी घोषणा साल 2019 में की गई थी। अफोर्डेबल हाउसिंग उपलब्ध करवाने वालों को भी यह सुविधा दी जाएगी। मैं वर्तमान 6 वर्षों से आकलन (कर निर्धारण) को 3 साल के लिए फिर से खोलने की समय सीमा को कम करने का प्रस्ताव करती हूं।
अगले साल कई पीएसयू का विनिवेश होगा। विनिवेश के लिए कानून में संशोधन होगा। विनिवेश की प्रक्रिया में तेजी आएगी। कुछ सरकारी कंपनियों को बंद करने के लिए सरकार नीति बनाने जा रही है ताकि इन्हें समय रहते बंद किया जा सके। वित्त मंत्री ने नए फाइनेंशियल ईयर में एलआईसी का आईपीओ लाने का एलान किया।
इलेक्ट्रॉनिक सामान मंहगा होगा
इनकम टैक्स के सेक्शन 80EA के तहत अब छूट को 31 मार्च, 2022 तक लिए गए लोन पर लागू किया जाएगा। इलेक्ट्रॉनिक सामान महंगा होगा, मोबाइल और उसके चार्जर महंगे होंगे। स्टील और लोहे उत्पाद सस्ते होंगे। मोबाइल उपकरण पर कस्टम ड्यूटी का 2.5 प्रतिशत लगेगा।
कॉपर और स्टील में घटाई गई ड्यूटी
कॉपर और स्टील में ड्यूटी को घटाया गया है। सोने-चांदी की कस्टम ड्यूटी को घटाया गया। विदेश से कपड़ों का इंपोर्ट महंगा होंगे। कॉटन पर 10 प्रतिशत ड्यूटी बढ़ी। कुछ लेदर उत्पाद कस्टम ड्यूटी से बाहर।
पेट्रोल-डीजल पर लगाया गया कृषि सेस
केंद्र सरकार द्वारा पेट्रोल और डीजल पर कृषि सेस लगाया गया है। डीजल पर चार और पेट्रोल पर ढाई रुपये का सेस लगाया गया है। हालांकि, कहा जा रहा है कि ये सेस कंपनियों को देना होगा और आम लोगों पर इसका कोई असर नहीं पड़ेगा।