नई दिल्ली: अरुणाचल प्रदेश के अपहरण युवक को चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ने भारतीय सेना को सौंप दिया है। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने ट्वीट करके जानकारी दी| किरेन रिजिजू ने बताया,''चीनी पीएलए ने अरुणाचल प्रदेश के युवक मिराम तारोन को भारतीय सेना को सौंप दिया है। मेडिकल जांच सहित उचित प्रक्रियाओं का पालन किया जा रहा है| इस रिहाई से पहले रिजिजू ने ट्वीट करते हुए कहा था कि, पीएलए जल्द ही युवक की रिहाई की तारीख और समय के बारे में बता सकता है, देरी के लिए उनकी ओर से खराब मौसम की स्थिति को जिम्मेदार ठहराया गया है|
रिजिजू ने को कहा था कि भारत ने अरुणाचल प्रदेश के एक लापता किशोर का विवरण चीनी पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) के साथ साझा किया है ताकि उनकी हिरासत में रखे गए युवक की पहचान की पुष्टि की जा सके| बयान के अनुसार 19 वर्षीय मिराम तारोन अरुणाचल प्रदेश के सियांग जिले से 18 जनवरी को लापता हो गया था| बयान के अनुसार कुछ लोगों ने बताया कि चीनी पीएलए ने उसे अपनी हिरासत में ले लिया था|
18 जनवरी को चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) ने अरुणाचल प्रदेश के ऊपरी सियांग जिले में भारतीय क्षेत्र के भीतर से 17 वर्षीय एक किशोर का अपहरण कर लिया था। चीनी सैनिकों ने मंगलवार को सियुंगला क्षेत्र के लुंगटा जोर इलाके से युवक मिराम तारोन के साथ एक अन्य युवक अगवा किया था| इस वारदात के समय भागने में सफल रहे मिराम तारोन के दोस्त जानी यायिंग ने इस बारे में अधिकारियों को सूचित किया था। ये दोनों किशोर स्थानीय शिकारी हैं और जिदो गांव के रहने वाले हैं|
यह मामला तब सामने आया था जब अरुणाचल प्रदेश के BJP सांसद ने बुधवार को दावा किया कि एक 17 वर्षीय युवक का "भारतीय क्षेत्र के अंदर से" अपहरण कर लिया गया है| अरुणाचल प्रदेश के BJP सांसद तापिर गाव (Arunachal MP Tapir Gao) ने कहा है कि चीनी सेना की कैद से किसी तरह बचकर आए एक अन्य लड़के ने इस अपहरण की जानकारी अधिकारियों को दी।
बीजेपी सांसद तपीर गाओ ने कहा था कि अपहरण सियांग जिले के लुंगटा जोर इलाके से हुआ है जहां चीन ने 2018 में भारत के अंदर 3-4 किलोमीटर सड़क बनाई है| उनका कहना था कि चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ने बिशिंग गांव से 17 वर्षीय मीराम तारन को अगवा कर लिया| बीजेपी सांसद तपीर गाओ के साथ ही कांग्रेस विधायक निनॉन्ग इरिंग ने भी भारत सरकार से जल्द कार्रवाई की मांग की थी|