नई दिल्ली: डॉलर के मुकाबले रुपया लगातार कमजोर होता जा रहा है| 14 जुलाई, 2022 को डॉलर के मुकाबले रुपया गिरकर 80.08 के नए ऐतिहासिक निचले स्तर पर आ गया था| डॉलर के मुकाबले रुपये की कीमत 80 तक पहुंच जाने के बाद कांग्रेस ने आज यानी शुक्रवार को मोदी सरकार पर करारा हमला हमला बोला है| सरकार पर निशाना साधते हुए कांग्रेस ने कहा कि, “'PM मोदी रुपए के लिए हानिकारक हैं।
कांग्रेस ने कहा,' 2014 में रुपया की क़ीमत 1 डॉलर के मुक़ाबले मात्र 58 थी और आज 80 के पार है | 8 साल में 1 डॉलर के मुक़ाबले 22 रुपए की गिरावट आई है| कांग्रेस ने कहा कि,''प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी अपनी उजड़ती आबरू और गिरती हुई साख की थोड़ी तो चिंता कीजिए | उल्लेखनीय है कि बृहस्पतिवार को अमेरिकी मुद्रा के मुकाबले रुपया 80 प्रति डॉलर के ऐतिहासिक निचले स्तर के पास पहुंच गया।
डॉलर के मुकाबले रुपये के कमजोर होने के मुद्दे पर प्रेस वार्ता के दौरान कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने प्रधानमंत्री मोदी और भाजपा के कुछ अन्य नेताओं के अतीत में दिए गए बयानों से जुड़ा वीडियो भी जारी किया|
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पुराने बयानों से जुड़ा वीडियो जारी करते हुए सुप्रिया श्रीनेत ने कहा,”लोगों को याद रहना चाहिए कि 2014 के पहले क्या कहा गया. कहा गया था कि भाइयों और बहनों, रुपया उसी देश का गिरता है, जहां की सरकार भ्रष्ट और गिरी हुई हो| यह भी कहा गया था कि कभी-कभी तो लगता है दिल्ली (केंद्र) सरकार और रुपये के बीच में कॉम्पटिशन चल रहा है - किसकी आबरू तेज़ी से गिरती चली जा रही है - कौन और आगे जाएगा?'
सुप्रिया श्रीनेत ने कहा,'जो इतिहास में पहले कभी नहीं हुआ, मोदी जी की कृपा से उनके स्वघोषित अमृतकाल में वो दिन भी देश ने देख ही लिया। भारत का रुपया अमरीकी डॉलर के मुक़ाबले 80 पार कर गया | यह वही रुपया है जिससे प्रधानमंत्री की आबरू और प्रतिष्ठा जुड़े होने का दावा खुद मोदी जी करते थे |
कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा,”आज जिस तेज़ी से रुपया गिर रहा है - कहीं मोदी जी की यह मंशा तो नहीं है कि पेट्रोल की तरह इसको भी शतक लगवा दिया जाए? |
2014 के पहले रुपए की मज़बूती के लिए मोदी ज़रूरी है, का दावा करने वाले प्रधानमंत्री तो हमारे रुपए के लिए बड़े हानिकारक साबित हुए। इन तथाकथित मज़बूत PM ने इतिहास में रुपए को सबसे कमजोर बना दिया | पिछले 6 महीने में रुपया 7% से ज़्यादा गिरा है। कभी कोरोना, कभी यूक्रेन-रुस की जंग के पीछे कब तक छिपते रहेंगे प्रधानमंत्री जी?
सुप्रिया श्रीनेत ने कहा,”यह वही रुपया है जिसकी क़ीमत 2014 में 1 डॉलर के मुक़ाबले मात्र 58 थी और आज 80 के पार है - 8 साल में 1 डॉलर के मुक़ाबले 22 रुपए की गिरावट! प्रधानमंत्री जी अपनी उजड़ती आबरू और गिरती हुई साख की थोड़ी तो चिंता कीजिए |
इस निरंतर गिरते हुए रुपए का जनता पर क्या फ़र्क़ पड़ रहा है? यह कमरतोड़ महंगाई को और बढ़ाएगा, ज़रूरी चीज़ों के दाम बढ़ेंगे, जैसे- पेट्रोल, डीज़ल और रसोई गैस | एक कमज़ोर रूपए का असर टीवी, फ़्रिज, मोबाइल फोन और बाक़ी तमाम इलेक्ट्रॉनिक आइटम पर होगा, जिनके पुर्जे हम विदेशों से आयात करते हैं |
उन्होंने कहा,''जनवरी से लेकर अभी तक RBI ने क़रीब $40 बिलियन खर्च करके रुपए को मज़बूत करने की कोशिश की है -तो आख़िर क्यों नहीं कर पा रहे हैं? क्योंकि निवेशकों को सरकार की नीतियों में रत्ती भर भी विश्वास नहीं है|
सुप्रिया श्रीनेत ने कहा,एक बात साफ़ है, रुपए पर बड़ी बड़ी बातें करने वाले साहेब और उनकी चाटुकारों की फ़ौज अब जब रुपया 80 पार कर गया है - तो बिलकुल चुप हैं। पर इस सुई पटक सन्नाटे से तो काम नहीं बनेगा |
उन्होंने दावा किया, ‘‘यह स्वीकारना पड़ेगा कि कमजोर रुपए का सबसे बड़ा कारण एक ध्वस्त अर्थव्यवस्था-बेलगाम महंगाई है। सरकार हर बार की तरह दिशाहीन ही नज़र आती है। डर तो यह लगता है, कहीं 80, 90 पूरे सौ करने की मंशा तो नहीं है साहेब की?
कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा,”रुपए के लिए मोदी जी आप हानिकारक हैं। जिस रूपए को संभालना था उस रूपए को पहले आपने रिटायर किया 60 पार कराकर, फिर 75 पार कराकर मार्गदर्शक मंडल में डाला और अब 80 पार कराकर लगता है आप रूपए को शतक की तरफ बढ़ने को मजबूर कर रहे हैं