नई दिल्ली: एबीजी शिपयार्ड और AMTEK के बाद देश में एक और बड़ा बैंक घोटाला उजागर हुआ हैं| यह घोटाला 34 हजार करोड़ से ज्यादा का है। इसी साल फरवरी, 2022 में एबीजी शिपयार्ड द्वारा 23 हजार करोड़ रुपये और मार्च 2022 में AMTEK द्वारा 25 हजार करोड़ रुपये का घोटाले का मामला सामने आया था| अब एक बार फिर देश में 34 हजार करोड़ से ज्यादा का घोटाला उजागर हुआ हैं| 34 हजार करोड़ के घोटाले पर कांग्रेस (Congress) ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार (Narendra Modi govt) पर हमला बोला हैं| आरोप हैं कि केंद्र की सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी बैंक फ्रॉड को अंजाम देने वाली इस कंपनी से लगातार डोनेशन ले रही थी|
कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा,''भारत का आज तक का सबसे बड़ा बैंक धोखाधड़ी का मामला, DHFL नाम की एक कंपनी ने भारत के 17 बैंकों से ₹34,000 करोड़ लूटे। इस बैंक घोटाले के तार, इसका संबंध सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी से है| यूनियन बैंक ऑफ इंडिया का कहना है कि DHFL ने करीब ₹42,000 करोड़ का ऋण लिया था, जिसे वे वापस नहीं कर पा रहे थे। 2015 से 2019 के बीच का एक स्पेशल ऑडिट किया गया और उस ऑडिट में पाया गया कि DHFL द्वारा बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी की गई थी|
कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा,'सीबीआई ने प्रधानमंत्री आवास योजना (पीएमएवाई) में भी DHFL और उनके प्रमोटर्स को आरोपी करार देते हुए केस दर्ज किया था | सिर्फ कागजों पर 'बांद्रा ब्रांच' के नाम से एक बैंक खोला गया, जिसमें करीब 2.60 लाख ऋण के खाते खोले गए। इस प्रकार इस कंपनी ने यहां से भी पैसा कमाया। लेकिन बड़ी खबर यह है कि ऐसा कोई घोटाला प्रधानमंत्री आवास योजना के ऑडिट में सामने नहीं आया|
सुप्रिया श्रीनेत ने कहा,इस पूरे मामले में सबसे सनसनीखेज खबर यह है कि सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी, भारत के सबसे बड़े बैंक फ्रॉड को अंजाम देने वाली इस कंपनी से लगातार डोनेशन ले रही है |
भाजपा ने DHFL, उसके प्रमोटर्स व उसकी संबंधित कंपनियों से करीब ₹28 करोड़ का डोनेशन लिया है।
- RKW डेवलपर्स लिमिटेड से ₹10 करोड़
-वधावन ग्लोबल कैपिटल लिमिटेड से ₹10 करोड़
-वधावन परिवार के नियंत्रण वाले दर्शन डेवलपर्स से ₹7.5 करोड़
श्रीनेत ने कहा,;;अब सवाल उठता है कि क्या यह जानबूझकर किया गया है? आपने उन्हें लाइसेंस दिया कि आप धोखाधड़ी करते जाइए और हमें पैसा देते जाइए। यह सोचने वाली बात है कि एक कंपनी जिसने इतना बड़ा बैंक फ्रॉड किया है, वह भाजपा की डोनर कंपनी है|
इस मामले से जुड़े हमारे कुछ ज्वलंत प्रश्न हैं
- भाजपा इन बैंक धोखेबाजों से लगातार ₹28 करोड़ जैसी मोटी राशि डोनेशन के रूप में क्यों लेती रही?
दूसरा प्रश्न: क्या भाजपा द्वारा ली जा रही यह राशि एक रिश्वत थी, उन्हें खुले तौर पर धोखाधड़ी करने की छूट देने के लिए?
कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा,यह स्पष्ट है कि प्रधानमंत्री आवास योजना में मात्र एक कंपनी ने ₹14000 करोड़ का चूना लगाया, ₹1800 करोड़ की इंट्रेस्ट सब्सिडी ली, 2.60 लाख फर्जी होम लोन अकाउंट बना दिए|
अगर प्रधानमंत्री आवास योजना में एक कंपनी अकेले ऐसी धोखाधड़ी कर रही है, तो क्या प्रधानमंत्री आवास योजना का ऑडिट हुआ कि इस तरह की कोई और कंपनी ऐसी जालसाजी न कर रही हो | इस पूरे मामले से जुड़ा हुआ एक बहुत बड़ा प्रश्न यह है कि DHFL का प्रधानमंत्री आवास योजना से जुड़ा यह स्कैम, यस बैंक के फॉरेंसिक ऑडिट के दौरान सामने आया, लेकिन प्रधानमंत्री आवास योजना के ऑडिट के दौरान यह सामने नहीं आया|
CBI द्वारा रजिस्टर्ड FIR में यह साफ तौर पर कहा गया है कि DHFL ने मात्र 'बांद्रा ब्रांच' के नाम से शाखा खोली। अब सवाल यह उठता है कि बैंकिग रेगुलेटर RBI, मार्केट रेगुलेटर SEBI, हाउसिंग रेगुलेटर NHB, ये सारी एजेंसियां क्या कर रही थी |
बैंक धोखाधड़ी को नियंत्रित करने के लिए सरकार क्या कर रही है? यह सच है कि NPA के खिलाफ एक बड़ी मुहिम UPA सरकार ने चलाई थी, तत्कालीन RBI गवर्नर रघुराम राजन जी ने चलाई थी। लेकिन आज सरकार बैंक ऋण को नियंत्रित करने के लिए क्या मुहिम चला रही है?|
आपकी नाक के नीचे देश के सबसे बड़े बैंक फ्रॉड हो रहे हैं- चाहे वो ABG शिपयार्ड हो, DHFL हो, नीरव मोदी हो या मेहुल चोकसी हो। यह वे लोग हैं जो देश को चूना लगाकर, आपकी नाक के नीचे से देश छोड़कर चले गए|
सुप्रिया श्रीनेत ने कहा,''SBI ने तत्कालीन रिलायंस कम्युनिकेशंस (अनिल अंबानी) के खिलाफ धोखाधड़ी की शिकायत की है, लेकिन आज तक CBI ने इसके खिलाफ FIR दर्ज कर केस को संज्ञान में नहीं लिया। क्योंकि यह एक दूसरा फ्रॉड बन रहा है|
भाजपा की मूल विचारधारा है भ्रष्टाचार
कांग्रेस नेता रोहन गुप्ता ने कहा,''27 करोड़ चंदे के चक्कर में देश की जनता के 34,615 करोड़ डूबो दिए । मैं देश नहीं बिकने दूंगा से लेकर मैं देश नहीं बचने दूंगा.. यही साहब के आठ सालों के कार्यकाल का निचोड़ है।
रोहन गुप्ता ने कहा,''भ्रष्टाचार भाजपा की मूल विचारधारा है। डीएचएफएल पर 34,615 करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार के आरोप हैं, जिसमें से उन्होंने “कानूनी रूप से” 27 करोड़ भाजपा को दान कर दिए और बाकी अब इतिहास बन गया है।
इतिहास का सबसे बड़ा घोटाला
बता दें,''घोटाला उजागर होने के बाद सीबीआई ने शुक्रवार -24 जून 2022 को घोटाले की कंपनी दीवान हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड (DHFL) और उसके सहयोगियों के खिलाफ विभिन्न आपराधिक धाराओं में मामला दर्ज कर देश भर में एक दर्जन से अधिक स्थानों पर छापेमारी की। छापेमारी के दौरान कई आपत्तिजनक और महत्वपूर्ण दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए हैं।
42 हजार करोड़ से ज्यादा का कर्ज
सीबीआई को दी गई शिकायत में कहा गया था कि डीएचएफएल कंपनी लंबे समय से बैंकों से कर्ज की सुविधा ले रही है| यह कंपनी कई सेक्टर में काम करती है। इस कंपनी ने बैंक ऑफ बड़ौदा, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ महाराष्ट्र, आईडीबीआई, यूको बैंक, इंडियन ओवरसीज बैंक, पंजाब एंड सिंध बैंक, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया सहित 17 बैंकों से 42 हजार करोड़ से अधिक का कर्ज लिया, लेकिन 34,615 हजार करोड़ का कर्ज नहीं लौटाया, साथ ही उनका एक खाता 31 जुलाई 2020 को एनपीए हो गया था|