नई दिल्ली : यूक्रेन और रूस के बीच जारी संघर्ष (Russia-Ukraine Crisis) और वहां फंसे भारतीयों को वापस लाने की कवायद के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूक्रेन संकट पर उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। सरकारी सूत्रों ने बताया,'' केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी, ज्योतिरादित्य सिंधिया, किरेन रिजिजू और जनरल (सेवानिवृत्त) वीके सिंह निकासी मिशन के समन्वय और छात्रों की मदद करने के लिए यूक्रेन के पड़ोसी देशों की यात्रा करेंगे|
मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया रोमानिया और मोल्दोवा जाएंगे, किरेन रिजिजू स्लोवाकिया जाएंगे, हरदीप सिंह पुरी हंगरी जाएंगे और जनरल (सेवानिवृत्त) वीके सिंह पोलैंड में यूक्रेन में फंसे भारतीयों को निकालने का प्रबंधन करेंगे।
PM के निर्देश पर कैबिनेट सचिव ने राज्यों के मुख्य सचिवों से बात की और उन्हें यूक्रेन से छात्रों को वापस लाने के भारत सरकार के प्रयासों के बारे में जानकारी दी। जिला कलेक्टरों से अनुरोध किया कि छात्रों के परिवार के सदस्यों से संपर्क करें औरउन्हें की जा रही व्यवस्थाओं से अवगत कराएं।
पीएम मोदी ने रविवार को भी एक हाई लेवल मीटिंग की थी। इस बैठक में प्रधानमंत्री मोदी के अलावा विदेश मंत्री एस. जयशंकर, विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और केंद्र सरकार के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। सूत्रों ने बताया कि यूक्रेन-रूस संघर्ष पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उच्च स्तरीय बैठक 2 घंटे से अधिक चली। प्रधानमंत्री ने भारतीय छात्रों की सुरक्षा और निकासी को प्राथमिकता दी। निकासी में तेजी लाने के लिए यूक्रेन के पड़ोसी देशों के साथ और ज़्यादा सहयोग बढ़ाया जाएगा|