नई दिल्ली : केन्द्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज संसद में केन्द्रीय बजट 2022-23 पेश किया| वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपना चौथा बजट पेश कर दिया है। निर्मला सीतारमण ने कहा कि आत्मनिर्भर भारत योजना के तहत अगले तीन साल में 400 नई जेनरेशन की वंदे भारत ट्रेनों को विकसित किया जाएगा। यह ट्रेनें बेहतर ऊर्जा दक्षता (एनर्जी एफिशियंट) वाली होंगी। इनमें यात्रियों के सफर का अनुभव भी बेहतर बनाया जाएगा वित्त मंत्री ने रेलवे से जुड़े अपने एक और एलान में कहा, "रेलवे आने वाले समय में छोटे किसानों और छोटे उद्यमों के नए उत्पादों को तैयार करने और बेहतर लॉजिस्टिक मुहैया कराने का काम करेगा। अगले तीन वर्षों में 100 पीएम गति शक्ति कार्गो टर्मिनल विकसित किए जाएंगे, ताकि लॉजिस्टिक की व्यवस्था को बेहतर किया जा सके।"
केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज संसद में केन्द्रीय बजट 2022-23 पेश करते हुए कहा कि पीएम गतिशक्ति आर्थिक वृद्धि और सतत विकास की दिशा में एक परिवर्तनकारी पद्धति है। इस पद्धति का संचालन सात इंजनों- सड़क, रेलवे, एयरपोर्ट, बंदरगाह, सार्वजनिक परिवहन, जलमार्ग और लॉजिस्टिक अवसंरचना से होता है। केन्द्रीय वित्त मंत्री ने कहा कि ये सातों इंजन एक साथ मिलकर अर्थव्यवस्था को आगे ले जाएंगे। इन इंजनों की सहायता करने में ऊर्जा पारेषण, आईटी संचार, भारी मात्रा में जल एवं जल निकास तथा सामाजिक अवसंरचनाएं अपनी पूरक भूमिका अदा करती हैं। उन्होंने कहा कि इस उत्पादन को स्वच्छ ऊर्जा और सबका प्रयास, जिसमें केन्द्र सरकार, राज्य सरकार और निजी क्षेत्रों का संयुक्त प्रयास शामिल है, से शक्ति मिलती है और इसके परिणाम स्वरूप व्यापक स्तर पर रोजगार सृजन हो सकता है तथा विशेष तौर पर युवाओं के लिए उद्यम के अवसरों का भी सृजन हो सकता है।
पीएम गतिशक्ति राष्ट्रीय मास्टर योजना:
वित्त मंत्री ने कहा कि पीएम गतिशक्ति राष्ट्रीय मास्टर योजना में आर्थिक परिवर्तन के सात इंजन, निर्बाध, बहुविध कनेक्टिविटी और लॉजिस्टिक दक्षता शक्ति है। इसमें मतिशक्ति मास्टर प्लान के अनुसार राज्य सरकारों द्वारा तैयार इन्फ्रास्ट्रक्चर भी शामिल होंगे। इसका ध्यान प्लानिंग नवोन्मेषी तरीकों से वित्तपोषण, प्रौद्योगिकी के उपयोग और अधिक तेजी से क्रियान्वयन पर केन्द्रित होगा।
सीतारमण ने कहा कि राष्ट्रीय इन्फ्रास्ट्रक्चर पाइन लाइन में इन 7 इंजनों से संबंधित परियोजनाएं पीएम गतिशक्ति फ्रेमवक्र के साथ जोड़ी जाएंगी। मास्टर प्लान की विशेषता विश्वस्तरीय आधुनिक इन्फ्रास्ट्रक्चर और लोगों और वस्तुओं दोनों के आवागमन के विभिन्न माध्यमों और परियोजनाओं के लोकेशन के बीच लॉजिस्टिक समन्वय करना होगा। उन्होंने कहा कि इस उत्पादकता को बढ़ाने, आर्थिक वृद्धि एवं विकास में तेजी लाने में मदद मिलेगी।
सड़क परिवहन:
वित्त मंत्री ने कहा कि वर्ष 2022-23 में एक्सप्रेस मार्ग के लिए पीएम गतिशक्ति मास्टर प्लान का प्रतिपादन किया जाएगा ताकि लोगों और वस्तुओं का अधिक तेजी से आवागमन हो सके। वर्ष 2022-23 में राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क में 25,000 किलोमीटर का विस्तार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि वित्तपोषण के नवोन्मेषी तरीकों से 20,000 करोड़ रुपए जुटाए जाएंगे ताकि सार्वजनिक संसाधनों को पूरा किया जा सके।
वस्तु और लोगों का निर्बाध बहु-आयामी आवागमन:
सीतारमण ने कहा कि सभी माध्यमों के ऑपरेटरों को डाटा एक्सचेंज, एप्लीकेशन प्रोग्रामिंग इंटरफेस (एपीआई) के लिए अभिकल्पित, एकीकृत लॉजिस्टिक इंटरफेस प्लेटफार्म (यूएलआईपी) पर लाया जाएगा। इससे विभिन्न माध्यमों के जरिए वस्तुओं के कुशल आवागमन, लॉजिस्टिक लागत और समय कम करने, यथा समय इन्वेंट्री मैनेजमेंट में सहायता करने और अप्रसांगिक दस्तावेजीकरण को दूर करने में मदद मिलेगी। सबसे महत्वपूर्ण, इससे सभी हितधारकों को रीयल टाइम सूचना उपलबध होगी और अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा में सुधार होगा। उन्होंने कहा कि यात्रियों की निर्बाध यात्रा के लिए समान को लाने ले जाने के लिए खुले स्रोत की सुविधा भी दी जाएगी।
मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क:
सीतारमण ने कहा कि वर्ष 20023-23 में पीपीपी पद्धति में चार स्थानों पर मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क को आरंभ करने के लिए संविदाएं की जाएंगी।
रेलवे:
सीतारमण ने कहा कि रेलवे पार्सलों के निर्बाध आवाजाही की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए डाक और रेलवे को जोड़ने में अग्रमी भूमिका निभाने के साथ-साथ रेलवे छोटे किसानों तथा लघु एवं मध्यम उद्यमोंके लिए नए उत्पाद और कार्यकुशल लॉजिस्टिक सेवाएं विकसित करेगा।
उन्होंने कहा कि स्थानीय कारोबार तथा आपूर्ति श्रृंखला की सहायता करने के लिए एक स्थान एक उत्पाद की अवधारणा को लोकप्रिय बनाया जाएगा।
आत्मनिर्भर भारत के अंतर्गत वर्ष 2022-23 में 2,000 किलोमीटर के नेटवर्क को कवच के अंतर्गत लाया जाएगा जोकि सुरक्षा और क्षमता सवंर्धन के लिए विश्व स्तर की स्वदेशी प्रौद्योगिकी है। अगले तीन वर्षों के दौरान 400 नई पीढ़ी की वंदे भारत रेलगाड़ियों का विकास और विनिर्माण किया जाएगा जोकि ऊर्जा क्षमता और यात्रियों के सुखद अनुभव की दृष्टि से बेहतर होंगी।
रेलवे से संपर्क सहित सार्वजनिक शहरी परिवहन:
सीतारमण ने कहा कि बड़े पैमाने पर यथोचित प्रकार के मेट्रो सिस्टम के निर्माण के लिए वित्त-पोषण और इनके तीव्र कियान्वयन के नए तरीकों को प्रोत्साहित किया जाएगा। सार्वजनिक शहरी परिवहन और रेलवे स्टेशनों के बीच मल्टीमॉडल संपर्क के लिए प्राथमिकता के आधार पर सुविधा प्रदान की जाएगी। उन्होंने कहा कि मेट्रो सिस्टम की डिजाइन, जिसमें नागरिक बुनियादी ढांचे भी आते हैं, में पुन: सुधार किया जाएगा और उनको भारतीय परिस्थितियों और आवश्यकताओं के अनुसार मानक स्तर का बनाया जाएगा।
पर्वतमाला: राष्ट्रीय रोपवे विकास कार्यक्रम:
सीतारमण ने कहा कि दुर्गम पहाड़ी क्षेत्रों में परंपरागत सड़कों के विकल्प जो पर्यावरण की दृष्टि से टिकाऊ हों, को वरीयता दी जा रही है, पीपीपी मोड के अंतर्गत एक राष्ट्रीय रोपवे विकास कार्यक्रम चलाया जाएगा। इसका उद्देश्य संपर्क में सुधार लाना है और आने-जाने वाले लोगों के लिए सुविधा प्रदान करना है जोकि पर्यावरण को बढ़ावा देने के अलावा है। इसमें सघन आबादी वाले ऐसे शहरी क्षेत्रों को भी शामिल किया जाएगा जहां कि परंपरागत सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि वर्ष 20222-23 में 8 रोपवे परियोजनाओं, जिनकी कुल लंबाई 60 किलोमीटर होगी, के लिए अनुबंध दिए जाएंगे।
अवसंरचना परियोजना के लिए क्षमता निर्माण:
सीतारमण ने कहा कि क्षमता निर्माण आयोग की तकनीकी सहायता से केन्द्रीय मंत्रालयों, राज्य सरकारों और उनकी इन्फ्रा एजेंसियों की कार्य क्षमता में सुधार आएगा। उन्होंनें कहा कि इससे पीएम गतिशक्ति अवसंरचना परियोजनाओं के नियोजन, डिजाइन, फाइनेंसिंग (जिसमें नवीन तरीके भी शामिल हैं) और क्रियान्वयन प्रबंधन की क्षमता में वृद्धि हो सकेगी।
वर्ष 2022-23 के लिए वित्त मंत्री ने अर्थव्यवस्था में समग्र निवेशों को मदद देने के लिए राज्यों की सहायता के लिए 1 लाख करोड़ रुपये के आवंटन का प्रस्ताव दिया। यह 50 वर्ष के ब्या??? मुक्त ऋण राज्यों के लिए सामान्य उधारी की स्वीकृति से अधिक हैं।
इस आवंटन का उपयोग पीएम गतिशक्ति से संबंधित और राज्यों को अन्य उत्पादक पूंजी निवेश के लिए किया जाएगा। इसमें निम्नलिखित घटक भी शामिल होंगे।
-राज्यों की अंशभागिता की सहायता सहित पीएम ग्राम सड़क योजना के प्राथमिक कारकों के लिए वित्त पोषण पूरक।
-ओएफसी नेटवर्क की पूर्णता और डिजिटल भुगतानों सहित अर्थव्यवस्था का डिजिटाइजेशन और
-भवन उप-कानून, शहर प्लानिंग योजना, ट्रांजिट-उन्मुख विकास और हस्तांतरणीय विकास अधिकार।
Highlights of Union Budget 2022-23:
सीतारमण ने कहा कि,'' मौजूदा वर्ष में भारत की विकास दर 9.27 फीसदी रहने का अनुमान है, यह विकास दर बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में सबसे ज्यादा है| चालू वर्ष में भारत की आर्थिक विकास दर 9.2% रहने का अनुमान है, जो सभी बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में सबसे अधिक है| केंद्रीय बजट अमृत काल के अगले 25 वर्षों का ब्लू प्रिंट है|
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि,''अगले 3 वर्षों के दौरान बेहतर दक्षता वाली 400 नई जेनरेशन की वंदे भारत ट्रेनें लाई जाएंगी। अगले 3 वर्षों में 100 PM गति शक्ति कार्गो टर्मिनल विकसित किए जाएंगे| रेलवे छोटे किसानों और छोटे व मध्यम उद्यमों के लिए नए प्रोडक्ट और कुशल लॉजिस्टिक सर्विस तैयार करेगा|
गंगा नदी के किनारे 5 किमी चौड़े गलियारों में किसानों की जमीन पर फोकस के साथ पूरे देश में रासायनिक मुक्त प्राकृतिक खेती को बढ़ावा दिया जाएगा|
पीएम ई विद्या के 'वन क्लास, वन टीवी चैनल' कार्यक्रम को 12 से 200 टीवी चैनलों तक बढ़ाया जाएगा। यह सभी राज्यों को कक्षा 1 से 12 तक क्षेत्रीय भाषाओं में सप्लीमेंट्री शिक्षा प्रदान करने में सक्षम बनाएगा|
हमारी सरकार ने लाभ प्रदान करने के लिए महिला और बाल विकास मंत्रालय की मिशन शक्ति, मिशन वात्सल्य, सक्षम आंगनवाड़ी और पोषण 2.0 जैसी योजनाओं को व्यापक रूप से नया रूप दिया है|
नागरिकों की सुविधा बढ़ाने के लिए 2022-23 में ई-पासपोर्ट जारी किया जाएगा| आपातकालीन क्रेडिट लाइन गारंटी योजना (ईसीएलजीएस) को मार्च 2023 तक बढ़ाया जाएगा, गारंटी कवर को 50,000 करोड़ रुपये से बढ़ाकर कुल 5 लाख करोड़ रुपये किया जाएगा|
2022-23 में 60 किलोमीटर लंबे 8 रोपवे प्रोजेक्ट के लिए कांट्रैक्ट दिए जाएंगे| फसल का मूल्यांकन करने, भूमि अभिलेखों के डिजिटलीकरण, कीटनाशकों और पोषक तत्वों के छिड़काव के लिए किसान ड्रोन के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा|
भुगतान में देरी को कम करने के लिए एक ऑनलाइन बिल प्रणाली शुरू की जाएगी और इसका उपयोग सभी केंद्रीय मंत्रालय करेंगे| एनिमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स (एवीजीसी) सेक्टर में युवाओं को रोजगार देने की अपार संभावनाएं हैं। सभी हितधारकों के साथ एक एवीजीसी प्रमोशन टास्क फोर्स का गठन किया जाएगा, ये हमारे बाजार और वैश्विक मांग के लिए घरेलू क्षमता का निर्माण करेगी|
ब्लॉकचेन और अन्य तकनीकों का इस्तेमाल करके डिजिटल करेंसी शुरू की जाएगी, आरबीआई 2022-23 से इसे जारी करेगा| 2030 तक सौर क्षमता के 280 गीगावाट के लक्ष्य के लिए 19,500 करोड़ रुपए का अतिरिक्त आवंटन किया जाएगा|
राज्य सरकार के कर्मचारियों के सामाजिक सुरक्षा लाभों में मदद करने और उन्हें केंद्र सरकार के कर्मचारियों के बराबर लाने के लिए केंद्र और राज्य सरकार के कर्मचारियों की कर कटौती की सीमा 10% से बढ़ाकर 14% की जाएगी| वर्ष 2022-23 में ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में पीएम आवास योजना के तहत 80 लाख घरों के निर्माण को पूरा करने के लिए 48,000 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं|
केंद्रीय बजट में 2022-23 के लिए 7.5 लाख करोड़ रुपए के पूंजीगत व्यय का प्रावधान किया गया है। 2022-23 मे यह व्यय जीडीपी का 2.9 प्रतिशत होगा| कॉपोरेटिव सरचार्ज 12% से घटाकर 7% किया जाएगा|
कटे और पॉलिश हीरे व रत्नों पर कस्टम ड्यूटी को घटाकर 5% किया जाएगा| वर्चुअल डिजिटल एसेट के ट्रांसफर से होने वाली किसी भी आय पर 30% की दर से टैक्स लगाया जाएगा|