जौनपुर: उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में थाना मड़ियाहूं पुलिस ने गोली मारने की झूठी सूचना देने वाले आरोपी युवक को गिरफ्तार किया| थाना मड़ियाहूं पुलिस द्वारा गोली मारने की झूठी सूचना देने वाले अभियुक्त सुशील सरोज पुत्र रामचन्दर सरोज निवासी रामनगर द्वितीय थाना मडियाहूँ, जौनपुर को गिरफ्तार किया गया।
घटनाक्रम के मुताबिक,''1 सितंबर की शाम करीब 04 बजे सूचना सुशील सरोज व आशीष सरोज निवासीगण रामनगर द्वितीय ने आकर थाना पर सूचना दिया कि वह दोनो मोटर साईकिल से बेलवा बाजार से आगे बडेरी सुशील की नानी के घर जा रहे थे कि रास्ते में बेलवा बाजार से आगे पेट्रोल पम्प के थोड़ी दूर पहले समय करीब 03.00 बजे दो मोटर साईकिल से चार व्यक्ति इनकी मोटर साईकिल को ओवरटेक करके रोके तथा इनकी मोटर साईकिल चला रहे आशीष को उन मोटर साईकिलो पर सवार व्यक्तियो मे से पीछे बैठे एक व्यक्ति ने गोला मार दी और मछलीशहर की तरफ भाग गये।
आशीष सरोज को सुशील सरोज द्वारा मोटर साईकिल पर बैठा कर इलाज हेतु ले जाया गया | इसके बाद थाना पर आकर तहरीरी सूचना दी गयी जिसके आधार पर मु.अ.सं. 301/2022 धारा 307 भा.द.वि. बनाम 04 व्यक्ति नाम पता अज्ञात के अभियोग पंजीकृत किया गया।
विवेचना के क्रम में प्रभारी निरीक्षक मडियाहूँ द्वारा अपनी टीम के साथ आज, 2 सितंबर को मुकदमा का बयान लिया गया तथा घटनास्थल निरीक्षण हेतु पहुँचे, जहाँ बताये जा रहे कथित घटनास्थल का निरीक्षण किया जा रहा था आस-पास के लोगो से पूछ ताछ व कथित घटनास्थल से 20 कदम की दूरी पर स्थित पेट्रोल पम्प के सी.सी.टी.वी. फुटेज का अवलोकन किया गया।
पुलिस ने बताया कि ,''आस-पास के लोगो द्वारा दिनांक 01.09.2022 को समय 03 बजे के आस पास गोली चलने की कोई आवाज नहीं सुनी गयी तथा सी.सी.टी.वी. फुटजे से घटना के समय के आस पास के समय संदिग्ध दशा में मुँह बांधे हुए दो मोटर साईकिल सवार नहीं दिखे, जिस पर वादी सुशील से पुनः पूछ ताछ की जाने लगी तो वह भागने लगा कि जिस पर प्रभारी निरीक्षक द्वारा संदिग्ध अवस्था देख कर तत्काल हमराही कर्मचारीगण की सहायता से सुशील सरोज को पकड़ लिया गया|
सुशील से भागने का कारण पूछा गया तो उसके द्वारा सच्चाई बताने के अलावा अन्य कोई चारा नहीं दिखा तथा सुशील सरोज द्वारा सच्चाई बतायी गयी कि वह किसी बात को लेकर आशीष सरोज से रंजिश रखता था | अपने एक अन्य मित्र से योजना बना कर असलहा मंगाया जिसे आशीष सरोज को दिखा रहा था, आशीष सरोज के पास भी एक असलहा था | जिससे आशीष सरोज ने सुशील सरोज पर फायर किया किन्तु सुशील सरोज बच गया|
सुशील ने आशीष से असलहा छीन लिया और अपने पास लिये हुए असलहे से आशीष सरोज को जान से मार देने की नियत से फायर कर दिया गया| गोली आशीष सरोज के सीने मे बीच मे लगी, किसी वाइटल पार्ट पर गोली न लगने के कारण आशीष सरोज होश में रहा।
चूकिं आशीष सरोज रिश्ते मे सुशील सरोज का चचेरा भाई है इसलिए भाई होने व फंसने से बचने के नाते वह उसे मोटर साईकिल से लेकर आरोग्यम हास्पिटल गया | रास्ते मे सुशील सरोज का मित्र मिला, जिसे सुशील ने घटना में प्रयुक्त असलहा दे दिया, हास्पिटल तीनो लोग पहुँचे जहां चिकित्सक को बताया कि मोटर साईकिल चलाते समय कोई चीज सामने से टकराई है जिस पर चिकित्सक ने एक्स-रे कराने हेतु कहा.... ये लोग आशीष सरोज का एक्सरे परीक्षण कराये तो उसमे मेटल पार्ट दिखाई देने पर चिकित्सक ने थाना पर सूचना देने व सरकारी अस्पताल मे इलाज हेतु निर्देशित किया गया। जिसके उपरान्त तीनो लोगो ने मनगढ़न्त कहानी रची |
इसके बाद सुशील सरोज का मित्र घटना मे प्रयुक्त असलहा लेकर भाग गया तथा सुशील सरोज व आशीष सरोज द्वारा थाना पर आकर अज्ञात व्यक्तियो द्वारा गोली मारने की सूचना दी गयी। घटना के सम्बन्ध में समुचित धाराओ की बढोत्तरी करते हुए सुशील सरोज को गिरफ्तार कर लिया गया है जिसके निशान्देही पर घटना के समय रखे गये दूसरे असलहे को बरामद कर लिया गया है। अभियोग पंजीकृत कर अभियुक्त को जेल भेजा जा रहा है।