जोधपुर: राजस्थान के जोधपुर के गोल्फ कोर्स इलाके में एक हैंडीक्राफ्ट व्यवसायी के घर में काम करने वाले 4 नौकरों ने लूटपाट की घटना को अंजाम दी। बताया जा रहा है,नौकर नकदी और जेवर समते करीब 10 करोड़ की चोरी करके फरार हो गए। वारदात की सूचना मिलने के बाद पुलिस कमिश्नर रविदत्त गौड़, जोधपुर DCP और अन्य अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर घटनाक्रम का जायजा लिया। घटना की गंभीरता देखते हुए पुलिस कमिश्नर ने नाकाबंदी करने के आदेश दिए|
यह घटना जोधपुर शहर में एयरपोर्ट थाना क्षेत्र के गोल्फ कोर्स इलाके की है| यहाँ रहने वाले हैंडीक्राफ्ट बिजनेसमैन अशोक चोपड़ा के घर में काम करने वाले 4 नौकरों ने चोरी की वारदात को अंजाम दिया| मिली जानकारी के मुताबिक, शनिवार की रात को नौकरों ने खाने में नींद की गोलियां मिलाकर व्यवसायी और उसकी बेटी के साथ ही दो ड्राइवरों को बेहोश कर दिया और इसके बाद घर में रखे सोने-चांदी के आभूषण और नकदी लेकर फरार हो गए|
नौकरों ने पहले बिजनेसमैन अशोक चोपड़ा और उनकी बेटी को फ्राइड राइस में नौकरों ने नींद की गोली मिलाकर दी| इसके बाद 2 ड्राइवरों को खाने में नींद की गोलियां मिलाकर दे दी। जिसको खाने के बाद वह बेहोश हो गए| वहीं, चोपड़ा की मां और सात साल के दोहिते को बदमाशों ने बेहोश नहीं किया। बेहोशी के बाद नौकरों ने 10 करोड़ कीमत के नकदी और आभूषण साफ कर दिए| नौकर व्यवसायी के हाथ से करीब एक करोड़ की अंगूठी और अशोक चोपड़ा की कार भी अपने साथ ले गए।
अशोक चोपड़ा और उनकी बेटी को रविवार सुबह 11 बजे के बाद होश आया| इसके बाद आकाश चोपड़ा ने पुलिस को वारदात की जानकारी दी जिसके बाद पुलिस ने दोनों बाप-बेटी के साथ ही दो ड्राइवरों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती करवाया गया| दोनों ड्राइवर अभी भी बेहोशी की हालत में अस्पताल भर्ती हैं। वहीं चोरी के दौरान आरोपियों ने घर में लगे सारे सीसीटीवी भी तोड़ दिए|
पुलिस के मुताबिक परिवार के चार लोगों को बेहोश करने के बाद नौकर घर में रखी ज्वेलरी और कैश लेकर फरार हो गए। चारों नौकर नेपाली हैं। इनमें एक महिला नौकर लक्ष्मी भी है जो यहां 4 साल से काम कर रही थी। लक्ष्मी को अशोक चोपड़ा ने अपनी मां की देखभाल के लिए रखा था। बाकी नौकरों को 2 महीने पहले ही काम पर रखा था।
DCP अमृता दुहान ने बताया, "हमें सुबह सूचना मिली थी जिसके बाद हम यहां पहुंचे। हमें पूछताछ में पता चला कि घर के मालिक ने दिल्ली की एक एजेंसी के माध्यम से 2-3 महिने पहले नौकर रखे थे।"
DCP अमृता ने कहा, "इन नौकरों ने घर के लोगों को खाने में नशीली चीज़ मिलाकर खिलाई और घर के लोगों के बेहोश होने के बाद घर में रखे ज़ेवरात और पैसा लेकर फरार हो गए। इन सब लोगों के पास नेपाल का आधार कार्ड है। हमारी लोगों से अपील है कि घर में बाहर से काम करने आने वालों का पुलिस वेरिफिकेशन कराएं|