मुख्य सामग्री पर जाएँ
25 अगस्त 2026

महाराष्ट्र विधानसभा में स्पीकर के खिलाफ अभद्र भाषा का प्रयोग और हंगामा करने के आरोप में बीजेपी के 12 MLA एक साल के लिए निलंबित

मुंबई: महाराष्ट्र विधानसभा में हंगामा करने के आरोप में 12 BJP विधायक एक वर्ष के लिए निलंबित कर दिया गया है| ये विधायक ओबीसी आरक्षण के समर्थन में हंगामा कर रहे थे| इस पूरे मामले पर पूर्व सीएम देवेंद्र…

महाराष्ट्र विधानसभा में स्पीकर के खिलाफ अभद्र भाषा का प्रयोग और हंगामा करने के आरोप में बीजेपी के 12 MLA एक साल के लिए निलंबित
महाराष्ट्र विधानसभा में स्पीकर के खिलाफ अभद्र भाषा का प्रयोग और हंगामा करने के आरोप में बीजेपी के 12 MLA एक साल के लिए निलंबित | फ़ोटो: TVL News

मुंबई: महाराष्ट्र विधानसभा में हंगामा करने के आरोप में 12 BJP विधायक एक वर्ष के लिए निलंबित कर दिया गया है| ये विधायक ओबीसी आरक्षण के समर्थन में हंगामा कर रहे थे| इस पूरे मामले पर पूर्व सीएम देवेंद्र फडणवीस ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि ये झूठे आरोप लगाए गए हैं| हम ओबीसी रिजर्वेशन के लिए अपने 12 विधायक कुर्बान करने को तैयार है| कहानियां बनाई जा रही हैं| बीजेपी से किसी ने गाली नहीं दी|



निलंबन पर महाराष्ट्र बीजेपी विधायक आशीष शेलार ने कहा कि ठाकरे सरकार 'तालिबान' की तरह काम कर रही है| मैं इस कार्रवाई की निंदा करता हूं| न तो मैंने और न ही किसी अन्य विधायक ने भास्कर जाधव को गाली दी| बीजेपी के किसी भी सदस्य ने केबिन में गाली-गलौज नहीं की| मैंने उनसे माफी भी मांगी, इसके बावजूद उन्होंने हमें सस्पेंड कर दिया|



इन 12 विधायकों में संजय कुटे, आशीष शेलार, योगेश सागर, गिरीज महाजन, हरीश पिंपले, अतुल भातरखलकर, अभिमन्यु पवार, बंटी बांगडीया और नारायण कुचे का नाम शामिल है|



महाराष्ट्र के मंत्री छगन भुजबल ने कहा कि,''विधानसभा अध्यक्ष के खिलाफ अभद्र भाषा के प्रयोग के बाद हंगामे के बाद विधानसभा सत्र स्थगित कर दिया गया। घटना सीसीटीवी में कैद हो गई है| भुजबल ने कहा कि,''भाजपा राज्य में ओबीसी आरक्षण को 3 महीने के भीतर लागू करने की शक्ति मांग रही है। 5 साल सत्ता में रहते हुए उन्होंने इसे लागू क्यों नहीं किया?



इससे पहले OBC आरक्षण पर महाराष्ट्र के मंत्री नितिन राउत ने कहा था,'' केंद्र सरकार के ग्राम विकास मंत्रालय ने इसके बारे में पिछली बार कुछ इंपेरियल डाटा इकट्ठा किया था। वो डाटा उन्होंने किसी प्रदेश सरकार को दिया नहीं है। OBC आरक्षण के लिए इंपेरियल डाटा एक महत्वपूर्ण विषय है|वो डाटा इकट्ठा करके जब तक हम सुप्रीम कोर्ट में नहीं देते तब तक OBC आरक्षण हमें नहीं मिलता है। केंद्र सरकार को वो डाटा हमें उपलब्ध कराना चाहिए। हम ऐसा प्रस्ताव विधानसभा में लाने जा रहे हैं| 



देवेंद्र फडणवीस ने कहा था,''ओबीसी आरक्षण के संबंध में इम्पीरिकल डाटा केंद्र सरकार को देना चाहिए, इस प्रकार का जो ठहराव सरकार ने मंजूर किया है ये पूरी तरह टाइमपास करने का काम है। सुप्रीम कोर्ट ने पिछड़ा वर्ग आयोग द्वारा इम्पीरिकल जांच करने की बात कही है|











tvlnews

TVL News (TheViralLines) के संवाददाता। यह रिपोर्ट स्थानीय स्रोतों और उपलब्ध आधिकारिक जानकारी की पुष्टि के बाद प्रकाशित की गई है। किसी तथ्य में सुधार के लिए संपर्क करें या +91 99996 56869 पर WhatsApp करें।

मुफ़्त अलर्ट

ऐसी हर खबर सबसे पहले पाएँ

बस्ती, गोंडा, अयोध्या, गोरखपुर और लखनऊ के अपडेट सीधे आपके WhatsApp पर।

इन्हें भी पढ़ें

टॉप न्यूज़ की सभी खबरें

इस खबर से जुड़े सवाल

यह खबर कब प्रकाशित हुई और आखिरी बार कब अपडेट की गई?

यह रिपोर्ट 5 जुलाई 2021 को TVL News पर प्रकाशित हुई और 9 मई 2025 को अपडेट की गई। नई जानकारी मिलने पर खबर को अपडेट किया जाता है।

इस क्षेत्र की और खबरें कहाँ पढ़ें?

इस क्षेत्र की ताज़ा खबरें TVL News के ज़िला सेक्शन में पढ़ी जा सकती हैं। thevirallines.net पर बस्ती, गोंडा, अयोध्या, गोरखपुर और लखनऊ के अलग-अलग पेज हर दिन अपडेट होते हैं।

इस खबर में कोई तथ्य ग़लत लगे तो क्या करें?

TVL News हर सुधार को गंभीरता से लेता है। +91 99996 56869 पर WhatsApp करें या thevirallines@gmail.com पर लिखें — पुष्टि के बाद खबर तुरंत सुधारी जाती है।