मैनपुरी: भाजपा ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए सोमवार को तीन और प्रत्याशियों की 8वीं लिस्ट जारी की है। लिस्ट में सबसे महत्वपूर्ण सीट करहल का भी नाम है। यहां मोदी सरकार में मंत्री और आगरा के सांसद डॉक्टर एसपी सिंह बघेल को टिकट मिला है। टिकट की घोषणा से पहले बघेल ने सोमवार को नामांकन दाखिल कर दिया है। वहीं, जसवंतनगर से विवेक शाक्य और हमीरपुर से मनोज प्रजापति को उतारा गया है।
सोमवार को एसपी बघेल अचानक मैनपुरी पहुंचे और करहल विधानसभा सीट से पर्चा दाखिल कर हर किसी को चौंका दिया। इससे पहले करहल सीट से सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने पर्चा दाखिल किया था।
एसपी सिंह बघेल का मुलायम परिवार से करीबी नाता रहा है। मुलायम के मुख्यमंत्री के कार्यकाल के दौरान वे उनकी सुरक्षा में तैनात थे। सब इंस्पेक्टर से एसपी सिंह बघेल ने राजनीति में काफी बड़ा स्थान बनाया है।
यूपी पुलिस में सब इंस्पेक्टर के पद पर तैनात प्रो. एसपी सिंह बघेल से मुलायम सिंह यादव इतने प्रभावित हुए कि उन्हें चुनावी मैदान में उतारने का फैसला किया। मुलायम ने उन्हें वर्ष 1989 में पहली बार लोकसभा का चुनाव लड़वाया। बघेल जलेसर लोकसभा सीट से उम्मीदवार बने थे। हालांकि, वे पहला चुनाव हार गए थे। मुलायम सिंह यादव ने उनको जलेसर सीट से समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार के तौर पर 1998 में उतारा और वह जीते| जलेसर सीट से वे दो बार के सांसद रहे हैं।
इसके बाद 2009 में वह बसपा में शामिल हो गए| 2010 में बसपा ने उन्हें राज्यसभा में भेजा| साथ ही राष्ट्रीय महासचिव की जिम्मेदारी भी दी| 2014 में फिरोजाबाद लोकसभा से सपा के राष्ट्रीय महासचिव प्रो. रामगोपाल यादव के पुत्र अक्षय यादव के सामने चुनाव लड़े| हालांकि वह यह चुनाव हार गए| इसके बाद उन्होंने राज्यसभा से इस्तीफा देकर भाजपा की सदस्यता ली| भाजपा में शामिल होने के बाद भाजपा पिछड़ा मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बना गए|
विधानसभा चुनाव 2017 में टूंडला सुरक्षित सीट से भाजपा विधायक बने| इसके बाद उन्हें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की टीम में शामिल किया गया| इसके बाद एक बार फिर आगरा से उन्हें भाजपा ने मौका दिया, तो यहां से भी प्रो. एसपी सिंह बघेल ने बड़ी जीत दर्ज की|