नई दिल्ली: मेरठ में सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा,'' हर वर्ग के लोग भाजपा के लिए दरवाजे बंद कर रहे हैं। मुझे खुशी है कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसानों ने BJP के लिए दरवाजे बंद कर दिए। इनके नेताओं को गांवों में दौड़ाया और पीटा जा रहा है। इनके पूर्व मुख्यमंत्री को जनता के बीच में अपमानित होना पड़ रहा है| जयंत चौधरी ने भाजपा के लिए पश्चिमी उत्तर प्रदेश में दरवाजे बंद कर दिए हैं|
दिल्ली में हेलीकॉप्टर रोके जाने पर अखिलेश यादव ने कहा,''''मैं हेलीकॉप्टर में बैठा था तो मुझे कैसे पता होगा कि क्या कारण था, मुझे 2-2:30 घंटे रोका गया। BJP चुनाव से पहले हर तरह के हथकंडे अपनाएगी। मुझे ये बताया गया कि आपके पहले BJP ने उड़ान भरी है तो उनके लिए एयर ट्रैफिक नहीं है लेकिन सपा के लिए एयर ट्रैफिक रहता है|
इससे पहले अखिलेश यादव मुजफ्फरनगर में आज चुनाव की पहली प्रेस कान्फ्रेंस में जयंत चौधरी के साथ शामिल हुए और खुलकर भाजपा पर चौतरफा हमला बोला| साथ ही उन्होंने सत्तारूढ़ पार्टी पर उनके हेलिकॉप्टर को रोककर दिल्ली से उनके आगमन में देरी करने का भी आरोप लगाया| वहीं भाजपा और राष्ट्रीय लोक दल के जयंत चौधरी के बीच चुनाव के बाद गठबंधन के बारे में चर्चा का खंडन करते हुए अखिलेश ने कहा, "उनका न्योता मान कौन रहा है? सोचिए कैसे हलत हैं उनके कि न्योता देना पड़ रहा है|
मुजफ्फरनगर में समाजवादी पार्टी एवं राष्ट्रीय लोक दल की संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव एवं राष्ट्रीय लोक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष जयंत चौधरी ने प्रत्याशियों को जिताने की अपील की।
वही समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव राजेन्द्र चौधरी ने कहा है कि भाजपा सरकार और उसके इशारे पर कुछ प्रशासनिक अधिकारी विपक्ष की आवाज को दबाने की साजिशों में हद से बाहर जा रहे है। निर्वाचन आयोग को इस बात का संज्ञान लेकर कड़ी कार्रवाही करनी चाहिए कि समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के हेलीकाप्टर को दिल्ली से मुजफ्फरनगर के कार्यक्रम में जाने के लिए घंटो क्यों रोका गया? लोकतंत्र के साथ ऐसा खिलवाड़ हुआ तो स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव की बात बेमानी हो जाएगी।
अखिलेश यादव के हेलीकाप्टर को बिना किसी कारण बताए दिल्ली में घंटो रोककर रखा गया और मुजफ्फरनगर जाने में अवरोध किया गया जबकि भाजपा के एक शीर्ष नेता को वहां से उड़ने दिया गया। यह जताता है कि हारती हुई भाजपा की ये हताशा भरी साजिश है। अखिलेश यादव पूर्व मुख्यमंत्री है ऐसी स्थिति उत्पन्न होने से उनकी सुरक्षा को गम्भीर खतरा भी है।
राजेन्द्र चौधरी ने कहा है कि,''इस घटना से यह सच सामने आ गया है कि भाजपा सरकार की मंशा विपक्ष को चुनाव प्रचार से हर तरह से रोकने की है। वह तानाशाही तरीके से विपक्ष खासकर समाजवादी पार्टी के कार्यक्रमों में अवरोध पैदा करने की साजिशें रचने में आगे हैं। वैसे भी भाजपा नेतृत्व समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जी के खिलाफ आए दिन अमर्यादित और अभद्र टिप्पणियां करने से बाज नहीं आ रहा।
चौधरी ने कहा है कि भाजपा के कारण लोकतंत्र और संविधान दोनों को गम्भीर खतरा है। विपक्ष के अधिकारों पर कुठाराघात किया जा रहा है। देश से अघोषित आपातकाल जैसी स्थिति बन रही है। भाजपा लोकतंत्र में चुनावों की निष्पक्षता पर भी अपने कारनामों से प्रश्नचिह्न लगा रही है। भाजपा के सघन जनसम्पर्क, सभाओं, बैठकों पर कहीं रोक नहीं है जबकि सपा को कोविड नियमों का पालन करते हुए चुनाव प्रचार से रोका जा रहा है। समाजवादी पार्टी की मांग है कि निर्वाचन आयोग भाजपा सरकार के लोकतंत्र विरोधी आचरण का तुरन्त संज्ञान लेकर उसकी मनमानी रोके। यह संविधान और संवैधानिक दायित्वों के निर्वहन का गम्भीर प्रश्न है।