मुख्य सामग्री पर जाएँ
23 अगस्त 2026

क्या हेमंत सोरेन CM बने रहेंगे?: राज्यपाल से मिला यूपीए डेलिगेशन

रांची: संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (UPA) के एक प्रतिनिधिमंडल ने रांची के राजभवन में झारखंड के राज्यपाल रमेश बैस से मु???ाकात की। झारखंड के यूपीए विधायकों ने राज्यपाल को पत्र लिखकर उनसे पूछा कि क्या हेमं…

क्या हेमंत सोरेन CM बने रहेंगे?: राज्यपाल से मिला यूपीए डेलिगेशन
क्या हेमंत सोरेन CM बने रहेंगे?: राज्यपाल से मिला यूपीए डेलिगेशन | फ़ोटो: TVL News

रांची: संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (UPA) के एक प्रतिनिधिमंडल ने रांची के राजभवन में झारखंड के राज्यपाल रमेश बैस से मु???ाकात की। झारखंड के यूपीए विधायकों ने राज्यपाल को पत्र लिखकर उनसे पूछा कि क्या हेमंत सोरेन राज्य के मुख्यमंत्री के पद पर बने रहेंगे।



राज्यपाल से मुलाकात के बाद जेएमएम के महासचिव ने कहा कि एक से दो दिन में राज्यपाल स्थिति को साफ करेंगे| उन्होंने कहा कि राज्यपाल महोदय ने साफ किया है कि हमे चुनाव आयोग से एक पत्र मिला है| जिसपर कानूनी राय लेने के बाद स्थिति को साफ कर दिया जाएगा|



जेएमएम के महासचिव  सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा,''हमने उनसे कहा कि राज्य में राजनीतिक अस्थिरता है, जिस तरह से साशन-प्रशासन यहां पर काम कर रहा है उससे ये तो साफ है कि राज्य में हॉर्श ट्रेडिंग का माहौल बनाया जा रहा है| ऐसे में राज्यपाल को चाहिए कि वो जल्द से जल्द स्थिति को साफ करें|



झारखंड की सियासी हलचल पर झारखंड सरकार में मंत्री अलमगीर आलम ने बुधवार रात को कहा था,'' मीडिया ने 25 तारीख को ही दिखा दिया कि मुख्यमंत्री जी की सदस्यता चली गई है लेकिन आज 31 तारीख हो गई और अभी तक हमारे पास चुनाव आयोग और गवर्नर हाउस  से कोई नहीं आया|



झारखंड में हलचल भाजपा के कुछ नेताओं के ट्वीट और मीडिया की खबरों के द्वारा हुआ है...हमारी सरकार काम कर रही है और करती रहेगी। अफवाह जो भी रहे, हम अपने लक्ष्यों से पीछे नहीं हटने वाले हैं|


झारखंड में 'ऑपरेशन लोटस' का खौफ: 'हॉर्स ट्रेडिंग' की आशंका के बीच यूपीए विधायक रायपुर रिसॉर्ट शिफ्ट 



बता दें कि हेमंत सोरेन के खिलाफ लाभ के पद मामले में हाल ही में चुनाव आयोग ने  25 अगस्त को अपनी सिफारिश राज्यपाल को भेजी थी| इसमें सोरेन की विधानसभा सदस्यता रद्द करने की सलाह दी गई थी, लेकिन राज्यपाल ने अभी तक इस मामले में कोई फैसला नहीं लिया है|



सीएम हेमंत सोरेन के एक विधायक के रूप में भविष्य को लेकर बनी अनिश्चितता के चलते झारखंड में राजनीतिक संकट गहराया हुआ है| सत्तारूढ़ गठबंधन के विधायकों को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के ‘खरीद फरोख्त' के प्रयासों से बचाने के लिए जरूरत पड़ने पर पश्चिम बंगाल या छत्तीसगढ़ जैसे 'मित्र राज्यों' में भेजने की तैयारी की जा रही है|



tvlnews

TVL News (TheViralLines) के संवाददाता। यह रिपोर्ट स्थानीय स्रोतों और उपलब्ध आधिकारिक जानकारी की पुष्टि के बाद प्रकाशित की गई है। किसी तथ्य में सुधार के लिए संपर्क करें या +91 99996 56869 पर WhatsApp करें।

मुफ़्त अलर्ट

ऐसी हर खबर सबसे पहले पाएँ

बस्ती, गोंडा, अयोध्या, गोरखपुर और लखनऊ के अपडेट सीधे आपके WhatsApp पर।

इन्हें भी पढ़ें

टॉप न्यूज़ की सभी खबरें

इस खबर से जुड़े सवाल

यह खबर कब प्रकाशित हुई और आखिरी बार कब अपडेट की गई?

यह रिपोर्ट 1 सितंबर 2022 को TVL News पर प्रकाशित हुई और 9 मई 2025 को अपडेट की गई। नई जानकारी मिलने पर खबर को अपडेट किया जाता है।

इस क्षेत्र की और खबरें कहाँ पढ़ें?

इस क्षेत्र की ताज़ा खबरें TVL News के ज़िला सेक्शन में पढ़ी जा सकती हैं। thevirallines.net पर बस्ती, गोंडा, अयोध्या, गोरखपुर और लखनऊ के अलग-अलग पेज हर दिन अपडेट होते हैं।

इस खबर में कोई तथ्य ग़लत लगे तो क्या करें?

TVL News हर सुधार को गंभीरता से लेता है। +91 99996 56869 पर WhatsApp करें या thevirallines@gmail.com पर लिखें — पुष्टि के बाद खबर तुरंत सुधारी जाती है।